Vivad Se Vishwas Scheme: टैक्सपेयर्स को सरकार ने दी बड़ी राहत, अब मार्च तक कर सकेंगे बकाया भुगतान

  • Vivad Se Vishwas Scheme : इस योजना के तहत मामलों के निपटान के इच्छुक करदाताओं को राहत दी जाती है
  • सरकार ने इससे पहले दो बार समय सीमा बढ़ाई थी। अभी तक आखिरी तारीख 31 दिसंबर, 2020 थी

By: Soma Roy

Published: 28 Oct 2020, 05:59 PM IST

नई दिल्ली। टैक्स से जुड़े पिछले भुगतान को क्लियर करने समेत अन्य मसलों के निपटान के लिए सरकार 'विवाद से विश्वास' (Vivad Se Vishwas) स्कीम चलाती है। इसके तहत टैक्सपेयर्स को एक तय समय सीमा तक बकाया भुगतान करने होते हैं। कोरोना संकट को देखते हुए सरकार ने करदाताओं को बड़ी राहत देते हुए इसकी समय सीमा 31 मार्च 2021 तक बढ़ा दी है। इससे टैक्सपेयर्स को पेमेंट के लिए कुछ और महीनों की मोहलत मिल जाएगी। इस बात की जानकारी केंद्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड (सीबीडीटी) की ओर अधिसूचना जारी करके दी गई।

इससे पहले भी सरकार ने दो बार तारीख बढ़ाई थी। जिसके तहत करदाताओं को टैक्स संबंधित विवाद सुलझाने के लिए 31 दिसंबर, 2020 तक की मोहलत दी गई थी। विश्वास योजना के तहत मामलों के निपटान के इच्छुक करदाताओं को आगे और राहत देने के मकसद से सरकार ने यह कदम उठाया है। इस स्कीम के तहत करदाताओं को केवल विवादित टैक्स राशि का भुगतान करना होगा। उन्‍हें ब्याज और जुर्माने पर पूरी छूट मिलेगी।

क्या है योजना
'विवाद से विश्वास' स्कीम करदाताओं के लाभ और उनकी सुविधा के लिए बनया गा है। इसके जरिये तुंरत टैक्स संबंधित विवादों का निपटारा हो सकेगा। साथ इससे मुकदमे की लागत भी बचेगी। इस योजना के तहत टैक्सपेयर्स को किसी तरह का अतिरिक्त जुर्माना, ब्याज चुकाने का झंझट नहीं रहेगा। उन्हें मौद्रिक लाभ मिलेगा। इस योजना को 17 मार्च, 2020 को लागू किया गया था।करदाताओं को राहत देने के लिए भुगतान की समयसीमा सबसे पहले 31 मार्च, 2020 से बढ़ाकर 30 जून, 2020 कर दी गयी थी। बाद में इसे बढ़ाकर 31 दिसंबर, 2020 कर दिया गया था।

कौन ले सकता है स्कीम का लाभ
जो मामले कमिश्‍नर (अपील), इनकम टैक्‍स अपीलीय ट्रिब्‍यूनल, हाईकोर्ट या सुप्रीम कोर्ट में लंबित थे, ऐसे टैक्‍स मामले का निपटारा इस स्कीम के तहत हो सकता है। हालांकि ये 31 जनवरी 2020 तक के मामलों पर लागू होंगे। लंबित अपील टैक्‍स विवाद, पेनाल्‍टी या ब्‍याज, एसेसमेंट या रीएसेसमेंट से जुड़े हो सकते हैं।

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