जुलाई के पहले हफ्ते से बिना FASTag वाले भरेंगे दोगुना टैक्स तो बगैर High Security Number Plate वालों की बढ़ेगी मुसीबत

Delhi-Meerut Expressway पर जुलाई के पहले हफ्ते से होगी टोल टैक्स की शुरुआत, बगैर FASTag और बिना High Security Number Plate वाले वाहन चालकों की बढ़ेगी परेशानी।

By: lokesh verma

Published: 29 Jun 2021, 04:55 PM IST

पत्रिका न्यूज नेटवर्क
गाजियाबाद. Delhi-Meerut Expressway लोगों को आने-जाने के लिए खाेल दिया गया है। इस रूट पर वाहन लगातार फर्राटे भर रहे हैं, लेकिन अब इस रूट पर जाने वाले लोगों को टोल टैक्स भी भरना होगा। दिल्ली मेरठ एक्सप्रेस वे पर जुलाई के पहले हफ्ते से टोल टैक्स लगना शुरू हो जाएगा। क्योंकि अभी तक इस रूट पर टोल नहीं लग रहा था। बड़ी बात यह है कि बिना FASTag वाले वाहनों को दोगुने टैक्स का भुगतान करना होगा। वहीं, बगैर High Security Number Plate वाले वाहनों को टोल बैरियर पर इंतजार में परेशान होना पड़ेगा।

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आपको बताते चलें कि पिछले काफी समय से बन रहा दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेस वे पूरी तरह बनकर तैयार हो चुका है। वहीं, कुछ शेष कार्य को भी जल्द पूरा किया जाएगा। इस रूट पर चलने के लिए पहले ही लोगों को अनुमति दे दी गई है। यानी लगातार एक्सप्रेस वे ट्रायल चल रहा है और वाहन फर्राटा भर रहे हैं। फिलहाल अभी तक इस रूट पर कोई टोल टैक्स नहीं लग रहा था। अब नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया ने जुलाई के पहले हफ्ते से इस रूट पर टोल टैक्स लिए जाने का निर्णय लिया है। इस रूट पर फास्टैग लगे वाहन ही फर्राटा भरेंगे। यदि किसी वाहन पर फास्टट्रैक नहीं लगा है तो ऐसे वाहन चालकों को से दोगुना टैक्स भरना होगा। नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया के अधिकारियों ने बताया कि दिल्ली मेरठ एक्सप्रेसवे पर ऑटोमेटिक नंबर प्लेट रीडर के माध्यम से टोल की वसूली होगी और यह सिस्टम पहली बार इसी हाईवे पर शुरू किया जा रहा है। अभी लगातार इसका ट्रायल भी किया जा रहा है।

हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट और फास्टैग अनिवार्य

उन्होंने बताया कि बड़ी बात यह है कि एक्सप्रेस वे पर हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट वाले वाहनों को कोई परेशानी नहीं होगी। इसके अलावा जिन वाहनों पर हाई सिक्योरिटी प्लेट नहीं लगी है। उन्हें बैरियर पार करने में कुछ समय लग सकता है। यानी ऐसे वाहनों को वहां से निकलने में कुछ परेशानी का सामना करना पड़ सकता है। इसलिए इस रूट पर चलने वाले वाहन पर फास्टैग लगा होना अनिवार्य है और बैरियर पर समय ना लगे उसके लिए हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट का होना भी बेहद जरूरी है।

दूरी के हिसाब से लगेगा टोल टैक्स

प्रोजेक्ट डायरेक्टर मुदित गर्ग का कहना है कि दिल्ली सराय काले खान से मेरठ तक की इस हाईवे की लंबाई कुल 60 किलोमीटर की है। इसके लिए विभाग ने इस रूट पर 2 रुपये 16 पैसे प्रति किलोमीटर के हिसाब से टोल वसूली किए जाने का निर्णय लिया है। बताया जा रहा है कि वाहन चालक एक्सप्रेसवे पर जितनी भी दूरी तय करेगा उसी हिसाब से टोल टैक्स वसूला जाएगा।

अभी टोल नहीं लगाने की मांग

वहीं, स्थानीय लोगों का कहना है कि दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेस वे पूरी तरह से नहीं बना है। चिपियाना बुजुर्ग के पास पुल निर्माण के कारण घंटों लाइन लगती है। इसके चलते वाहन चालकों को रोजाना जाम का झाम झेलना पड़ता है। इसलिए जब तक एक्सप्रेसवे पूरी तरह से तैयार नहीं होता टोल नहीं लगाना चाहिए। बता दें कि चिपियाना बुजुर्ग के पास फिलहाल आरओबी निर्माण का कार्य चल रहा है। इसलिए वाहन पुरान पुल से होकर गुजर रहे हैं।

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