उदगम रेजीडेंसी में अल सुबह डकैती, दो लाख नकद समेत सोने-चांंदी के जेवरात ले गए

व्यवसायी नीरज के बोल : मैंने तो कह दिया था गोली मत मार, सब ले जा, बेटा को भी बांधा था
-सोलह बदमाश सीसीटीवी कैमरे में कैद, मोबाइल भी तोड़ गए, पत्नी के भी उतरवाए जेवर

By: praveen mishra

Published: 23 Jul 2021, 12:57 AM IST

गुना। शहर के उद्गम रेंजीडेंसी में रहने वाले हार्डवेयर कम्प्यूटर के संचालक नीरज अग्रवाल के घर में अल सुबह बदमाशों की गैंग खिड़की के सरिये काटकर घुसी और नीरज और उनके बेटे निश्चय अग्रवाल के हाथ-पैर बांधे और दो लाख रुपए नगदी व सोने-चांदी के जेवर समेत ले गए। बदमाशों ने इस दौरान उनकी पत्नी के गले से सोने की चेन और पायजेबी आदि भी उतरवाए। यह बदमाश भागते हुए वहां लगे एक सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गए हैं, जिनकी संख्या लगभग सोलह बताई गई है। शहर के बीचों-बीच पड़ी इस डकैती के बाद कैंट थाने की पुलिस सक्रिय हुई और कैमरे में हुए कैद के आधार पर बदमाशों की पुलिस ने तलाश शुरू कर दी है, लेकिन अभी तक कोई सुराग नहीं लगा है।
मैंने तो कह दिया कि भैया गोली मत मार सब ले जा
रात में हम लोग खाना खाकर एक कमरे में सोने चले गए थे। एक मकान हमारे पीछे है, जो खाली था,उसके सहारे बदमाश सुबह चार बजे करीब मेरे पूजा वाले कमरे की खिड़की की जाली के सरिये को तोड़ा, उस कमरे का दरवाजा खुला था, उस कमरे के जरिए ये बदमाश मेरे कमरे में आ गए, जिसमें लाइट नहीं जल रही थी, उन्होंने मोबाइल की रोशनी में एक कपड़े से मेरे हाथ-पैर बांध दिए, मेरी गर्दन पर कुछ पैनी सी चीज थी, वह रख दी थी। यह देखते ही मैं घबड़ा गया।उन्होंने मेरे दोनों मोबाइल अपने कब्जे में लिए। इसी बीच पत्नी और बच्चे भी उठ गए। यह बदमाश आठ-दस की संख्या में थे। उन्होंने मेरे हाथ से दो अंगूठी उतरवाई, तीसरी भी उतरवाने लगे तो मैंने कहा भैया यह पीतल की है, इसको मत उतरवाओ,एक ने कहा गोली मार दो, मैंने कहा भैया गोली मत मार, जो ले जाना है, वो ले जा। इसके बाद उन्होंने मेरे बेटे निश्चय के भी हाथ-पैर बांध दिए। पत्नी ममता जो गले में सोने की चेन पहने थी, वह तोडऩे का प्रयास किया, तब वह टूटी नहीं तो उन्होंने उसे उतरवाई, पैर में पहने पायजेबी भी उतरवा ली।इसके बाद उन बदमाशों ने इसी कमरे में जो अलमारी रखी थी उसमेें से नगदी निकाली, सोने-चांदी के जो जेवर रखे थे, उनको समेटे। सुबह चार से सवा चार बजे तक वे बदमाश मेरे इस कमरे में रहे, इसके बाद वे मेरे ही मुख्य द्वार से निकलते हुए चले गए। इसके बाद मेरी पत्नी ने पड़ौस में रहने वालों को फोन लगाया, वे लोग आए, इससे पहले मेरे और बेटे के हाथ-पैर जो बंधे थे, वह पत्नी ने खोले।

नीरज अग्रवाल ने जैसा कि पत्रिका को बताया
अंकल मैं तो डर गया था
क्राइस्ट स्कूल में कक्षा नौ में पढऩे वाले निश्चय ने बताया कि बदमाशों ने जब मेरे हाथ-पैर बांधे, मैंने देखा कि पापा को भी उन लोगों ने बांध रखा था, मम्मी भी डर के मारे एक कोने में खड़ी थी, बहन भी डरी हुई थी। उन बदमाशों ने अलमारी में रखा पूरा सामान कमरे में फेंका, वे लोग अपना चेहरा ढंके हुए थे। कमरे में आठ-दस बदमाश थे जो तलाशी आदि कर रहे थे। अंकल मैं तो काफी डर गया था। घर से खाने-पीने का सामान और जिस कमरे की खिड़की से आए थे, उसमें भी रखी अलमारी से टूटी हुई ज्वेलरी समेत अन्य सामान भी ले गए है।
टूटी हुई हालत में मिले मोबाइल
नीरज अग्रवाल ने बताया कि मेरे दोनों मोबाइल बदमाश ले गए थे, जिनको तोडऩे के बाद पास में ही फेंक गए थे, जिनकी तलाश की तो मोबाइल तो कुछ दूरी पर एकांत में टूटी हुई हालत में मिले। इसके अलावा वहां कोई सामान नहीं मिला।
पांच बजे आए चौकीदार
विकास नगर के पास बनी इस उद्गम रेजीडेंसी में रात के समय कोई चौकीदार नहीं था। यहां पदस्थ चौकीदार सुबह पांच बजे करीब आया। यहां बने कुछ मकान खाली है, जिनके जरिए चोर दूसरे मकानों में चोरी करने घुसते हैं। यहां बने मकानों की छत एक-दूसरे से सटी हुई है। छत पर जाने वाले दरवाजे भी काफी कमजोर हैं। लेकिन नीरज के यहां चोर छत की जगह पीछे बने मकान की दीवार पर चढ़कर खिड़की जाली काटकर अंदर घुसे थे।
सीसीटीवी कैमरे में बदमाश कैद
इस घटना को अंजाम देने वाले बदमाश वहां लगे सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गए हैं। इस कैमरे में बदमाश नीरज अग्रवाल के मुख्य द्वार से बदमाश निकलते हुए दिखाई दे रहे हैं। कैमरे में डकैती डालने आए बदमाशों की संख्या 16 है।सीसीटीवी कैमरे के फुटेज के अनुसार कैंट पुलिस थाना प्रभारी अवनीत शर्मा मय पुलिस के वहां पहुंचे, उन्होंने घटना के बारे में बारीकी से जांच की। इसके बाद एफएसएल अधिकारी डा. आरसी अहिरवार के नेतृत्व में एक पुलिस टीम पहुंची, जिसने पड़ताल की। कैंट थाना पुलिस ने इस घटना का मामला दर्ज कर लिया है।
पुलिस पहुंची,तफ्तीश में जुटी
नीरज अग्रवाल के यहां पड़ी डकैती के बाद कैंट पुलिस थाना प्रभारी अवनीत शर्मा ने उन बदमाशों की तलाश में अलग-अलग क्षेत्र में पुलिस टीम
भेजी, लेकिन अभी तक बदमाशों का कोई सुराग नहीं मिला है।

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