देश की रक्षा के लिए कई पीढिय़ां कर देंगे कुर्बान

शहर की संस्थाओं ने किया शहीदों के परिजनों का सम्मान

ग्वालियर.

शादी के कुछ समय बाद ही हमारे घर सूचना आई कि आपके पति नहीं रहे। कुछ समय के लिए तो लगा जैसे सब कुछ छिन गया हो, लेकिन अगले ही पल हमें सबसे अधिक गर्व हुआ। क्योंकि वह मरे नहीं थे, अपने वतन के लिए शहीद हुए थे। देश के लिए हमारी कई पीढिय़ां जान न्यौछावर करने को तैयार हैं। यह कहना था उन मातृ शक्ति का, जिनके पति ने सरहद की रक्षा करते हुए अपनी जान पर खेल गए। शहर की कई संस्थाओं ने 14 फरवरी को शहादत दिवस के रूप में मनाया। जगह-जगह कार्यक्रम आयोजित किए गए, जिसके अंतर्गत शहीद हो चुके वीर जवानों के परिजनों को शॉल, श्रीफल भेंटकर सम्मानित किया गया।

बेटा भी करता मिला आर्मी की तैयारी
लायंस क्लब ग्वालियर आस्था की टीम शुक्रवार को 9 शहीदों के परिवारों से मिली। उन्होंने परिवार से बात कर जाना कि उन्हें अपने बेटे या पति के जाने का दुख नहीं था, बल्कि गर्व था। कई ऐसे भी परिवार मिले, जिनके पिता शहीद हुए और बेटा खुद आर्मी की ही तैयारी कर रहा था, जिससे वे भी शरहद पर पहुंचकर अपने पिता की तरह दुश्मनों के दांत खट्टे कर सके। टीम ने भरत सिंह तोमर, नरेंद्र सिंह राणा, योगेंद्र सिंह गुर्जर, अशोक चक्र से सम्मनित सरमन सिंह, उपमन्यु सिंह, जगन्नाथ सिंह के परिजनों को सम्मानित किया गया। इस अवसर पर संस्था की अध्यक्ष ज्योति अग्रवाल, सचिव रश्मि अग्रवाल, संस्थापक अध्यक्ष मीनाक्षी गोयल, संगीता अग्रवाल, ऊषा खत्री आदि मेंबर्स उपस्थित रहे।

शहीदों के 25 पजिजनों का किया सम्मान
लायंस क्लब ग्वालियर शाइन की ओर से सैनिक कार्यालय में 25 सैनिक परिवारों की महिलाओं को सम्मानित किया गया। इनमें जगन्नाथ सिंह, बाबू सिंह, वीपी सिंह, सुखु, जय सिंह, बाईराम गुरुंग, एमपी शर्मा, एसएस शर्मा,
पुलेन्द्र सिंह, हसन खान, बीपीएस चौहान, एनएस राणा, कालिया सिंह तोमर आदि के परिजन शामिल थे। इस अवसर पर मुख्य अतिथि के रूप में वीडीजी-2 सुनील गोयल एवं विशिष्ट अतिथि जगदीश अग्रवाल उपस्थित रहे। अध्यक्षता संस्था की अध्यक्ष संगीत सिंह जादौन ने की। कार्यक्रम के एसके गुप्ता, राका पाठक, सतविंदर, नलिनी सारस्वत, प्रीती पाल उपस्थित रहे।

Mahesh Gupta
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