NSUI की पदयात्रा से सहमे JU के अधिकारी, महीनों से लटकीं मार्कशीट मिलेगी सिर्फ 7 दिन में

NSUI की पदयात्रा से सहमे JU के अधिकारी, महीनों से लटकीं मार्कशीट मिलेगी सिर्फ 7 दिन में

Gaurav Sen | Updated: 04 Jul 2019, 11:25:01 AM (IST) Gwalior, Gwalior, Madhya Pradesh, India

जेयू की किरकिरी के बाद कुलपति के आदेश पर अधिकारी लगे मशक्कत में

ग्वालियर. स्नातक स्तर की छठवे सेमेस्टर की परीक्षाओं के बाद अभी तक सिर्फ बीकॉम का ही परीक्षा परिणाम घोषित किया गया है। जबकि बहुत से पीजी के रिजल्ट भी अभी परिणाम बनाने वाली कंपनी के पास अटके हैं। इस मामले में लगातार हो रही किरकिरी के बाद विवि की कुलपति प्रो संगीता शुक्ला ने मंगलवार को बैठक लेकर अधिकारियों को 10 जुलाई तक सभी रिजल्ट घोषित कराने के निर्देश दिए थे। इसके बाद से ही परीक्षा नियंत्रक, उप कुलसचिव सहित अन्य अधिकारी लगातार परीक्षा भवन के चक्कर लगा रहे हैं ताकि बाकी का मूल्यांकन जल्द पूरा करवाकर परिणाम बनाने के लिए कंपनी को दिया जा सके।

दरअसल, बीते दो महीने में परीक्षा परिणाम तैयार कर रही नागपुर की माइक्रोप्रो कंपनी ने अभी तक जितने भी रिजल्ट जारी किए हैं, उन सभी में खामियां सामने आई हैं, जिसकी वजह से हजारों छात्र परेशान हो रहे हैं। छात्रों की यह परेशानी कई बार आक्रोश, धरना और प्रदर्शन के रूप में सामने आ चुकी है, इसके बाद भी जब जेयू के अधिकारी नहीं चेते तो एनएसयूआई ने भोपाल तक पदयात्रा के साथ विवि के गेट पर अनिश्चित कालीन धरना शुरू कर दिया है। छात्रों के बढ़ते आक्रोश के बाद अब प्रबंधन हर हालत में परिणाम जारी कराने में लगा है ताकि विरोध कम हो सके। जबकि हकीकत यह है कि बीएससी छठवे सेमेस्टर की परीक्षाएं खत्म होने के बाद अभी तक कॉपियों का मूल्यांकन भी नहीं हो सका है और मूल्यांकन का काम जल्द कराने के लिए शिक्षकों पर दबाव डाला जा रहा है।

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इसके बावजूद अगर दो या तीन दिन में मूल्यांकन पूरा हो भी गया तो 15 जुलाई से पहले परिणाम घोषित होना मुश्किल नजर आ रहा है। इसमें कंपनी की कार्यशैली रोड़ा बन जाएगी, क्योंकि बगैर संसाधन के काम कर रही नागपुर की कंपनी ने अभी तक एक भी परीक्षा परिणाम समय पर घोषित नहीं किया है। अगर जल्दबाजी में रिजल्ट घोषित कर भी दिया तो पूर्व के परीक्षा परिणामों की तरह इस बार भी छात्रों की विदहैल्ड, एटीकेटी और विषयों के नंबर न देने सहित पास छात्रों को फेल करने जैसी त्रुटियां सामने आ सकती हैं। अगर त्रुटियां रहीं तो स्नातक की परीक्षा देने वाले हजारों छात्रों को पीजी में प्रवेश लेने की समस्या खड़ी हो जाएगी।

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बीएड फोर्थ सेमेस्टर का परिणाम जारी
जेयू के परीक्षा विभाग ने बुधवार देर रात बीएड चतुर्थ सेमेस्टर का परीक्षा परिणाम जारी कर दिया। इस परीक्षा में शामिल हुए 5683 छात्रों में 3869 छात्र उत्तीर्ण हुए हैं। जबकि 34 फेल हो गए हैं और 122 की एटीकेटी आई है। इसके अलावा 1653 छात्रों को विदहैल्ड की श्रेणी में रखा गया है। जूये प्रबंधन का कहना है कि बीए छठवे सेमेस्टर का मूल्यांकन पूरा हो चुका है और गुरुवार या शुक्रवार को रिजल्ट जारी कर दिया जाएगा। जबकि बीएससी छठवे सेमेस्टर का परिणाम तीन से चार दिन मेंं घोषित कर दिया जाएगा।

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एक गेट पर कुलपति के समर्थन में और दूसरे गेट पर विरोध में प्रदर्शन

जीवाजी विश्वविद्यालय में धारा-52 लगाने को लेकर एक ओर जहां एनएसयूआई का धरना और पदयात्रा जारी है, वहीं दूसरी ओर बुधवार को जेयू के राजामाता चौक की ओर के गेट पर एबीवीपी के कुछ छात्र नेताओं ने आनन-फानन में प्रदेश के उच्च शिक्षा मंत्री के विरोध में नारे लगाते हुए प्रदर्शन किया। इसी समय कुलपति निवास की ओर के गेट पर कुछ अन्य छात्रों ने कुलपति के समर्थन में नारे लगाए। एबीवीपी के वरिष्ठ पदाधिकारियों को जब अचानक किए गए प्रदर्शन की जानकारी मिली तो इस पूरे मामले में दिनभर पर्दा डालने का प्रयास किया जाता रहा।सूत्र बताते हैं पुतला दहन के बाद एबीवीपी के वरिष्ठ पदाधिकारी सक्रिय हुए और पूरे मामले को दबाने में लगे रहे हैं।

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एनएसयूआई का धरना जारी
धारा-52 लगाने को लेकर जीवाजी विश्वविद्यालय के गेट पर जारी एनएसयूआई का धरना बुधवार को भी जारी रहा है। मंगलवार को जहां छात्रों को कीचड़ में बैठना पड़ा था, वहीं बुधवार को गेट के बायीं ओर लगे पंडाल को दायीं ओर लगा लिया है। इसके बाद छात्रों का अलग-अलग समूह बारी-बारी से धरने पर बैठे रहे। सूत्र बताते हैं कि जेयू प्रबंधन परीक्षा परिणाम घोषित करके छात्रों को राहत देने के मूड में हैं। इसके बाद मुख्य समस्याओं का निराकरण करने का आश्वासन देकर धारा-56 की मांग को वापस लेने की सहमति बनाने के लिए छात्रों से बात करने का प्रयास करे।

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