scriptThe country has set a target of making the country carbon free in 2070 | देश ने 2070 में देश को कार्बन फ्री बनाने का लक्ष्य रखा, इसे कम समय में पूरा होना चाहिए | Patrika News

देश ने 2070 में देश को कार्बन फ्री बनाने का लक्ष्य रखा, इसे कम समय में पूरा होना चाहिए

आइटीएम यूनिवर्सिटी में इंटरनेशनल कॉन्फ्रेंस

ग्वालियर

Updated: March 27, 2022 12:10:40 pm

ग्वालियर

हम जो भी टेक्नोलॉजी या इनोवेशन का उपयोग कर रहे हैं, वो पूरी तरह से सस्टेनेबिलिटी पर बेस्ड होने चाहिए। कोशिश यही रहे कि इन सबके उपयोग से हम सस्टेनेबिलिटी के लिए काम करें। हमारी रिसर्च व प्रयोग मानव और प्रकृति प्रधान होने चाहिए। इंडिया ने 2070 में देश को कार्बन फ्री बनाने का लक्ष्य बनाया है, लेकिन उतना भी समय नहीं लगने देना चाहिए। इसके लिए हमें अपनी प्रोसेस तेज करने की जरूरत है। ध्यान रखें कि जितने भी डवलपमेंट हों वो सस्टेनेबल हों। आइटीएम यूनिवर्सिटी में दो दिवसीय इस इंटरनेशनल कॉन्फ्रें स में देश-विदेश के लगभग 300 प्रतिभागियों ने भाग लिया, जिसमें 18 ओरल प्रजेंटेशन व 150 पेपर प्रजेंटेशन हुई।
देश ने 2070 में देश को कार्बन फ्री बनाने का लक्ष्य रखा, इसे कम समय में पूरा होना चाहिए
देश ने 2070 में देश को कार्बन फ्री बनाने का लक्ष्य रखा, इसे कम समय में पूरा होना चाहिए
उम्मीद है भारत इकोनोमिक और सस्टेनेबल ग्रोथ में दुनिया का नेतृत्व करेगा: प्रो केरोलिन
यूएसए की लोवा स्टेट यूनिवर्सिटी आइएमएसई डिपार्टमेंट की प्रो केरोलिन हीजिंग ने कहा कि हमें उम्मीद है कि भारत इकोनॉमिक और सस्टेनेबल ग्रोथ में दुनिया का नेतृत्व कर सकेगा। मेरठ के जेवी कॉलेज के प्रो डॉ राम शर्मा ने पेंडेमिक दौर के कारण और आवश्यक संभव हो सकते वाली सावधानियों के बारे में बताया।
ब्रिन(नेशनल रिसर्च एंड इनोवेशन एजेंसी) की प्रिंसिपल एक्सपर्ट प्रो एनीया लिस्टिआनीडेवी ने कहा कि इंडोनेशिया ने जीरो एमीशन का टारगेट 2060 तक रखा है।
यूनिवर्सिटी ऑफ दिल्ली के इंस्टीट्यूट ऑफ इमीनेंस के दिल्ली स्कूल ऑफ क्लाइमेट चेंज एंड सस्टेनेबिलिटी के ओएसडी और डिपार्टमेंट ऑफ एन्वॉयर्नमेंट स्टडीज के प्रो राधेश्याम ने ‘इकोलॉजिकल एंटरप्रिन्योरशिप फॉर इनोवेशन एंड सस्टेनेबल डवलपमेंट’ पर बात की। उन्होंने कहा कि हमें उपज को बेहतर बनाने के लिए सॉइल टॉक्सीसिटी को जल्द से जल्द हटाने की जरूरत है।

अर्बन प्लानिंग में नेचर बेस्ट सॉल्यूशन अपनाएं: डॉ अनुपम के सिंह
अडानी इंस्टीट्यूट ऑफ इंफ्रास्ट्रक्चर इंजीनियरिंग, अहमदाबाद के प्रोफेसर, प्रिंसिपल व रिसर्चर डॉ अनुपम के सिंह ने ‘रीनेचुरालाइजेशन ऑफ अर्बन एरियाज’ पर बात की। उनके वक्तव्य में अर्बनाइेशन में शार्ट कमिंग को हाइलाइट किया। साथ ही अर्बन प्लानिंग में नेचर बेस्ट सॉल्यूशन को अपनाने की बात की। ऑरोविले डिजाइन कंसल्टेंट्स के आर्किटेक्ट सुहासिनी अययर ने ‘सस्टेनेबिलिटी डिजाइन’ पर चर्चा की।
ब्रिक स्कूल ऑफ आर्किटेक्चर पुणे की प्रिंसिपल व प्रो डॉ पूर्वा केसकर ने ‘एनर्जी एफीशियंट बिल्डिंग प्रैक्टिसेस एंड ग्रीन सर्टिफिकेशन सिस्टम’ पर चर्चा की। उन्होंने ‘एवीडेंस-बेस्ड डिजाइ फॉर क्लाइमेट रिसिलिएंट स्पेसेस’ को हाइलाइट किया। इसके बाद प्रतिभागियों ने कई टॉपिक्स लैसे वर्नाकुलर क्लस्टर हाउसिंग, ग्रीन वॉल्स, रिसिलिएंट फ्रेमवर्क, रिवरफ्रंट असेसमेंट, मेटावर्स, बायोमीमेटिक्स, रीजेनरेटिव आर्किटेक्चर पर पेपर प्रजेंट किए।

सबसे लोकप्रिय

शानदार खबरें

Newsletters

epatrikaGet the daily edition

Follow Us

epatrikaepatrikaepatrikaepatrikaepatrika

Download Partika Apps

epatrikaepatrika

बड़ी खबरें

Amravati Murder Case: उमेश कोल्हे की हत्या का मास्टरमाइंड नागपुर से गिरफ्तार, अब तक 7 आरोपी दबोचे गए, NIA ने भी दर्ज किया केसमोहम्‍मद जुबैर की जमानत याचिका हुई खारिज,दिल्ली की अदालत ने 14 दिनों की न्यायिक हिरासत में भेजाSharad Pawar Controversial Post: अभिनेत्री केतकी चितले ने लगाए गंभीर आरोप, कहा- हिरासत के दौरान मेरे सीने पर मारा गया, छेड़खानी की गईIndian of the World: देवेंद्र फडणवीस की पत्नी अमृता फडणवीस को यूके पार्लियामेंट में मिला यह पुरस्कार, पीएम मोदी को सराहाGujarat Covid: गुजरात में 24 घंटे में मिले कोरोना के 580 नए मरीजयूपी के स्कूलों में हर 3 महीने में होगी परीक्षा, देखे क्या है तैयारीराज्यसभा में 31 फीसदी सांसद दागी, 87 फीसदी करोड़पतिकांग्रेस पार्टी ने जेपी नड्डा को BJP नेता द्वारा राहुल गांधी से जुड़ी वीडियो शेयर करने पर लिखी चिट्ठी, कहा - 'मांगे माफी, वरना करेंगे कानूनी कार्रवाई'
Copyright © 2021 Patrika Group. All Rights Reserved.