Raksha Bandhan 2019 : रक्षाबन्धन पर्व को लेकर बाजार हुए गुलजार, महिलाएं कर रही चाइनीज राखी का विरोध

Raksha Bandhan 2019 : रक्षाबन्धन पर्व को लेकर बाजार हुए गुलजार, महिलाएं कर रही चाइनीज राखी का विरोध

Neeraj Patel | Publish: Aug, 13 2019 01:33:22 PM (IST) | Updated: Aug, 13 2019 01:42:44 PM (IST) Lucknow, Lucknow, Uttar Pradesh, India

रक्षाबंधन का त्यौहार पूरे देश दुनिया में बड़े हर्षौल्लास के साथ मनाया जाता है लेकिन बुन्देलखण्ड में इस पर्व का एक अलग ही महत्व होता है।

हमीरपुर. रक्षाबंधन का त्यौहार पूरे देश दुनिया में बड़े हर्षोल्लास के साथ मनाया जाता है लेकिन बुन्देलखण्ड में इस पर्व का एक अलग ही महत्व होता है। राखी का त्यौहार भाई बहन के प्यार का पवित्र पर्व है। इस पर्व को सभी धर्म समुदाय के लोग बड़ी ही खुशी के साथ मनाते है और सभी भाई जीवन भर के लिए अपनी बहन की रक्षा करने का संकल्प लेते हैं।

सावन माह में राखी का पर्व आते ही बुंदेली आल्हा गायन के राग गांव-गांव सुनाई देने लगते हैं और बुन्देलखण्ड की धरती पर आल्हा-ऊदल के किस्से इसी सावन के महीने में सुनाई देते हैं। यहां रक्षाबंधन के पर्व के बाद कजली का विसर्जन किया जाता है। बुन्देलखण्ड में कजली का अलग ही महत्व है। जब पृथ्वीराज़ चौहान ने बुन्देलखण्ड के महोबा पर आक्रमण किया था और चन्द्रावल का डोला ले जाना चाहता था तो उस दौरान युद्ध छिड़ गया था और कजली विसर्जित नहीं हो सकी थी तभी से रक्षाबन्धन के एक दिन के बाद कजली का विसर्जन होता है।

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राखी का पर्व मनाने का अनोखा अंदाज

बुंदेलखण्ड के जनपद हमीरपुर में राखी का पर्व अनोखे अंदाज में मनाया जाता है यहां पुराने जमाने में अभ्रक से निर्मित राखी का प्रचलन आज भी बदस्तूर जारी है लोग बताते है कि ये राखी पूर्ण रुप से शुद्ध मानी जाती है इसे पाथ की राखी भी कहा जाता है। पर्व में भगवान को सबसे पहले ये ही राखी बांधी जाती है, इसके बाद बहनें अपने भाई की कलाई पर रक्षा सूत्र बांधती है लेकिन आज कल फैशन के दौर में अधिकतर लोग पाथ की राखी को भूल गए हैं। नवयुवा पीढ़ी इस राखी के विषय में जानकारी नहीं रखतीं। इन दिनों मार्केट में चाइनीज, अमेरिकन सहित कई तरह की लुभावनी राखियां धूम मचा रही हैं।

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दुकानदारी पड़ी कमजोर

राखी के इस पर्व पर दुकानदार बताते है कि इस मंहगाई के दौर में दुकानदारी बहुत ही कमज़ोर दिखाई दे रही है इसका असर दुकानदारी पर पड़ा है और बिक्री भी घटी है लेकिन हो सकता है की इस बार अच्छा मुनाफा न हो क्योंकि ये इलाका किसानी पर निर्भर है और कई वर्षों से किसान सूखे की मार झेल रहा है तो इधर मंहगाई की मार। नगर की महिलाएं बताती हैं कि पाथ की राखी का अलग ही महत्व है। यहां की महिलाएं चाइनीज राखी का विरोध भी कर रही है उनका कहना है कि भारतीय नारी होने के नाते सिर्फ़ भारतीय राखी ही अपने भाई की कलाई पर रक्षा सूत्र के रुप में बांधेंगी।

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