अब सरकार सीटी स्कैन रिपोर्ट पर रखेगी नजर

अब सरकार सीटी स्कैन रिपोर्ट पर रखेगी नजर
- प्रत्येक जिले में स्वास्थ्य विभाग को एचआर सीटी जांच का रखना होगा डाटा
- तेजी से फैल रहे वायरस को लेकर जारी किए दिशा निर्देश

By: adrish khan

Published: 21 Nov 2020, 09:35 PM IST

अब सरकार सीटी स्कैन रिपोर्ट पर रखेगी नजर
- प्रत्येक जिले में स्वास्थ्य विभाग को एचआर सीटी जांच का रखना होगा डाटा
- तेजी से फैल रहे वायरस को लेकर जारी किए दिशा निर्देश
हनुमानगढ़. प्रदेश में कोरोना वायरस तेजी से फैली रहा है। यही हाल हमारे जिले का है। आए दिन कोरोना वायरस के 50 पॉजिटिव रोगी सामने आ रहे हैं। इनमें से अधिकांश वे रोगी हैं जिन्हें सांस की तकलीफ है या फिर खांसी व बुखार है। लेकिन कई रोगी ऐसे भी जिनमें कोई गंभीर लक्षण नहीं होने के कारण गले में खराश व सामान्य बुखार होने पर जांच नहीं करवा रहे। ऐसे में इन लोगों के जरिए कोरोना वायरस तेजी से फैल रहा है। इसके अलावा कई रोगी निजी चिकित्सक की सलाह पर सीटी स्कैन जांच तो करवा रहे हैं। लेकिन जांच में संक्रमण होने के बावजूद इसे गंभीरता से नहीं ले रहे। ऐसे में अब स्वास्थ्य विभाग के शासन सचिव सिद्धार्थ महाजन ने एक आदेश जारी कर जिले के सीएमएचओ को सीटी स्कैन रिपोर्ट का डाटा बैस तैयार करने के निर्देश दिए हैं। स्वास्थ्य विभाग के अनुसार कोरोना वायरस की रिपोर्ट नेगेटिव आने पर व सीटी स्कैन जांच में संक्रमण की पुष्टि होने पर कोरोना वायरस का पॉजिटिव रोगी ही माना जाएगा। दरअसल प्रदेश में गत समय से अधिकांश मामले ऐसे सामने आए हैं। जिनकी कोविड रिपोर्ट नेगेटिव आई है। किन्तु एचआर सीटी जांच में उनके फेफड़ों में संक्रमण पाया गया है। ऐसी स्थिति में सभी राजकीय व निजी चिकित्सालय और जांच प्रयोगशालाओं का एचआर सीटी जांच का डाटा संग्रहण करने के निर्देश दिए हैं। इस कार्य के लिए प्रत्येक जिले में एक नोडल अधिकारी को भी नियुक्त किया जाएगा। नोडल अधिकारी को सीटी स्कैन की सूचना मिलने पर वह रोगी को दवा या फिर जरूरत पढऩे पर इलाज के लिए जिला अस्पताल में भर्ती करवाएगें।

कोविड जांच से नहीं घबराएं
मामूली तौर पर आशंका होने पर कोविड की जांच करवाएं और चिकित्सक के अनुसार समय पर दवा लें और परिवार के सदस्यों से दूर रहें। वहीं घर में एक पॉजिटिव रोगी आने पर एहतियात के तौर पर कुछ दिन के लिए होम क्वारंटीन हो जाएं। हालांकि अब कोविड जांच की तुलना में एचआर सीटी स्कैन जांच को ज्यादा कारगर माना जा रहा है। इस जांच के अनुसार अधिकतम सिटी स्कोर 25 तक होता है। ऐसे में जांच में 12 से 13 सिटी स्कौर आने पर घर पर ही ट्रीटमेंट किया जा सकता है। इससे अधिक आने पर अस्पताल में भर्ती रहकर इलाज लिया जाए तो रोगी जल्दी रिकवर कर लेता है। इसके अलावा सीटी स्कैन जांच के माध्यम से कोरेड़ स्कोर भी देखा जाता है। यह एक से छह तक होता है। रिपोर्ट में जितना ज्यादा आएगा, कोविड होने की संभावना उतनी अधिक होती है।

ये बोले एक्सपर्ट
कोरेड स्कोर एक से दो होने पर नोन कोविड रोगी होता है। कोरेड स्कोर तीन होने पर साफ नहीं होता कोरोना है या नहीं। कोरेड स्कोर-4 होने पर 70 प्रतिशत कोरोना होने की आशंका होती है। इसके अलावा स्कोर 1 से 8 होने पर माइल्ड स्थिति होती है। 9 से 15 होने पर मोडरेट, 16 से ऊपर होने पर रोगी की स्थिति गंभीर मानी जाती है।
नरेश सकलेचा, सचिव, जिला सोनोग्राफी एसोसिएशन

*****

adrish khan Reporting
और पढ़े

राजस्थान पत्रिका लाइव टीवी

हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned