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नहीं खरीदने के बहाने हजार, नियमों की पेचीदगी के चलते दूसरे दिन भी सरकारी खरीद का नहीं हुआ श्रीगणेश

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हनुमानगढ़. न्यूनतम समर्थन मूल्य पर मंूग खरीद करने में सरकारी तंत्र कई तरह की बहानेबाजी कर रहा है। इसके कारण टाउन व जंक्शन सहित अन्य मंडियों में मूंग की सरकारी खरीद शुरू नहीं हो पा रही है। किसान लगातार मंडियों में माल लाकर चक्कर काट रहे हैं।

 

हनुमानगढ़

Published: November 02, 2021 09:12:01 pm

नहीं खरीदने के बहाने हजार, नियमों की पेचीदगी के चलते दूसरे दिन भी सरकारी खरीद का नहीं हुआ श्रीगणेश
-जिले में समर्थन मूल्य पर मंूग खरीद नहीं होनेे से किसान हो रहे परेशान

हनुमानगढ़. न्यूनतम समर्थन मूल्य पर मंूग खरीद करने में सरकारी तंत्र कई तरह की बहानेबाजी कर रहा है। इसके कारण टाउन व जंक्शन सहित अन्य मंडियों में मूंग की सरकारी खरीद शुरू नहीं हो पा रही है। किसान लगातार मंडियों में माल लाकर चक्कर काट रहे हैं। लेकिन क्वालिटी का कारण बताकर क्रय-विक्रय सहकारी समिति का स्टॉफ मूंग खरीदने से इनकार कर रहा है। वहीं मूंग बेचने को लेकर रजिस्ट्रेशन करवाने वाले किसानों की संख्या लगातार बढ़ रही है।
कुछ किसान सेंपल लेकर भी आ रहे हैं। लेकिन समिति स्टॉफ चमक का कारण बताकर इसकी खरीद करने से इनकार कर रहा है। जल्द सरकारी खरीद शुरू नहीं होने पर अब किसान व्यापारियों को औने-पौने दाम पर मूंग बेचने को मजबूर हो रहे हैं। किसानों का कहना है कि पहले तो सरकार ने देरी से रजिस्ट्रेशन का कार्य शुरू किया। अब खरीद शुरू होने की उम्मीद जगी थी। लेकिन अब गुणवत्ता का कारण बताकर सरकार खरीद करने में ना-नुकर कर रही है। सहकारिता विभाग के उप रजिस्ट्रार अमीलाल सहारण ने बताया कि पहले दिन एक नवम्बर को जिले की किसी मंडी में मूंग की सरकारी खरीद शुरू नहीं हो पाई थी। दूसरे दिन भी कुछ मंडियों में गुणवत्ता के अनुसार माल नहीं आया तो गोलूवाला मंडी में मूंग की सरकारी खरीद के दौरान किसानों की ओर से पी-३५ गिरदावरी पटवारी से सत्यापित नहीं करवाने तथा ऑनलाइन रिकॉर्ड के आधार प्रस्तुत करने से खरीद प्रभावित हो रही है। किसानों का कहना है कि सरकार जब ऑनलाइन कार्य को बढ़ावा दे रही है फिर ऑफलाइन की अनिवार्यता उचित नहीं है। सरकार को तत्काल मूंग की सरकारी खरीद को लेकर नियमों में शिथिलता देने की जरूरत है। ऐसा नहीं करने पर किसानों को आर्थिक नुकसान हो रहा है।
नहीं खरीदने के बहाने हजार, नियमों की पेचीदगी के चलते दूसरे दिन भी सरकारी खरीद का नहीं हुआ श्रीगणेश
नहीं खरीदने के बहाने हजार, नियमों की पेचीदगी के चलते दूसरे दिन भी सरकारी खरीद का नहीं हुआ श्रीगणेश
इन जगहों पर केंद्र स्वीकृत
जिले में संगरिया, टिब्बी, टाउन, जंक्शन, गोलूवाला, पीलीबंगा, रावतसर, पल्लू, नोहर व भादरा आदि मंडियों में मूंग की सरकारी खरीद को लेकर ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन किए जा रहे हैं। सरकार स्तर पर प्रदेश में 3.61 लाख मीट्रिक टन मूंग खरीद करने की मंजूरी दी गई है। हनुमानगढ़ जिले में क्रय-विक्रय सहकारी समिति स्तर पर इसकी खरीद करने की व्यवस्था की गई है। परंतु टाउन व जंक्शन में कहीं भी अभी तक मूंग की सरकारी खरीद का श्रीगणेश नहीं हो सका है।
किसानों की कट रही जेब
इस बार मूंग का न्यूनतम समर्थन मूल्य 7275 रुपए प्रति क्विंटल निर्धारित किया गया है। परंतु जिले की मंडियों में इस समय निजी स्तर पर औसतन छह हजार रुपए प्रति क्विंटल के हिसाब से मूंग की खरीद की जा रही है। सरकारी खरीद नहीं होने से प्रति क्विंटल करीब एक हजार रुपए का सीधा नुकसान किसानों को हो रहा है।

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