41 प्रतिशत लोग बोले- हमें अपनों से मिलने की दो मंजूरी...

जिले में 21 हजार 570 में से 7 हजार 135 आवेदनों पर ही जारी किए गए पास

इटारसी. लॉकडाउन में इ-पास ने अपनों से दूरी बढ़ा दी है। जिले भर से अब तक 21 हजार 570 आवेदन मिले। जबकि इजाजत सिर्फ 36 प्रतिशत आवेदनों पर ही मिली। इनमें भी खास बात यह है कि सबसे ज्यादा 15 हजार 999 आवेदन पर्सनल एमरजेंसी और अन्य शहरों व राज्यों में फंसे लोगों को लाने के आए हैं। जिनमें से 41 प्रतिशत आवेदनों को ही मंजूरी दी गई। ऐसे में लॉकडाउन में लोग अन्य शहरों में फंसे हुए हैं और अपनों से मिलने की ख्वाहिश अधूरी रह गई है।
ज्यादातर आवेदन इस वजह से खारिज-
जिले भर से इ-पास के लिए आ रहे ज्यादातर आवेदन इस वजह से रिजेक्ट हो रहे हैं क्योंकि आवेदकों द्वारा जरूरी दस्तावेज ही नहीं दिए जा रहे हैं। इ-गर्वनेंस अधिकारी संदीप चौरसिया ने बताया कि आवेदकों को पहचान पत्र, जिस वाहन से जा रहे हैं उसका नंबर इत्यादि आवेदन के साथ दर्ज करना चाहिए।

पीजी काउंसलिंग वालों को दे रहे पास-

इ-पास की कैटेगरी में नई कैटेगरी जोड़ी गई है। अब मेडिकल कैंडीडेट जो पीजी काउंसलिंग के लिए जा रहे हैं, उन्हें भी पास जारी किया जा रहा है। जिले में अभी इसके लिए एक आवेदन आया, जिसे इजाजत दी गई।

मामला 01 : इटारसी निवासी नीतेश कुमार की पत्नी भोपाल मायके गई थी। इसी दौरान लॉकडाउन हो गया। नीतेश ने इ-पास के लिए आवेदन किया। दस्तावेजों की कमी से इजाजत नहीं मिली।

मामला 02 : बंगाली कॉलोनी के रहने वाले एनके शाह की बेटी हैदराबाद में है। गोदभराई के कार्यक्रम में जाना था। इ-पास के लिए आवेदन किया। मंजूरी नहीं मिली।
फैक्ट फाइल-
कुल आवेदन : 21570

लंबित : 602
जारी हुए : 7135

रिजेक्ट : 13833
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पर्सनल एमरजेंसी -
कुल आवेदन : 10785, जारी पास : 4623

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होम डिलीवरी -

कुल आवेदन : 421, जारी पास : 132
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मेडिकल एमरजेंसी -
कुल आवेदन : 2145, जारी पास : 1423

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अत्यावश्यक सेवा -

कुल आवेदन : 2352, जारी : 587
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फंसे हुए लोगों के आवेदन -
कुल आवेदन : 5214, जारी पास : 2034

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डेथ केस :

कुल आवेदन : 653, जारी पास : 370
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Corona virus
बृजेश चौकसे
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