पहली बार शहर भ्रमण पर निकलीं कलेक्टर, देखे जलभराव व भारी कटाव के हालात

आवागमन में बाधक बनी आदमगढ़ रेलवे अंडर पुलिया को तुरंत सुधारने के दिए निर्देश

By: sandeep nayak

Published: 20 Jul 2018, 01:32 PM IST

होशंगाबाद. कलेक्टर प्रियंका दास ने एसपी अरविंद सक्सेना सहित अन्य विभागीय अधिकारियों के साथ पहली बार शहर के बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों का भ्रमण कर जलभराव व कटाव के हालात देखे। उन्होंने गंदे नाले के पानी से डूबी आदमगढ़ रेलवे अंडर ब्रिज पुलिया के सुधार के निर्देश दिए। इसके अलावा इंदिरा चौक, बालागंज, ग्वालटोली, संजय नगर, आदमगढ़ सहित ग्राम धानाबड़, बांद्राभान, रायपुर का जायजा लिया। यहां नर्मदा-तवा के तटों पर भारी कटाव पाया गया है। बताया गया कि तवा के बढ़ते कटाव के कारण 30 किमी तक के गांवों में हर साल बाढ़ का खतरा बना रहता है। रेत के अवैध व अंधाधुंध खनन से स्थिति बिगड़ रही है। कलेक्टर ने क्षेत्र में रेत खनन पर पाबंदी लगाने के निर्देश दिए। भ्रमण के दौरान अपर कलेक्टर केडी त्रिपाठी, एसडीएम वृंदावन सिंह तथा अन्य संबंधित अधिकारी शामिल रहे।


नपाध्यक्ष बोले, थर्ड लाइन के बाद बढ़ी है समस्या
आदमगढ़ रेलवे पुलिया में पानी की निकासी नहीं होने पर नपाध्यक्ष अखिलेश खंडेलवाल ने कहा कि रेलवे द्वारा थर्ड लाइन के निर्माण के बाद यह समस्या बढ़ गई है। भारी वर्षा होने पर पानी घरों में पहुंचता है। कलेक्टर ने पुलिया निर्माण में मानकों का पालन नहीं होने पर भी नाराजगी जताते हुए पीडब्ल्यूडी के ईई को पुलिया के नीचे जल निकासी का व्यवस्थित प्लान बनाने के निर्देश देते हुए नाली में जाली लगवाने की बात भी कही। इस प्लान को पत्र के साथ डीआरएम रेलवे को भेजा जाएगा। एसडीएम व सीएमओ को पुलिया के आसपास की झुग्गियों को हटाकर वैकल्पिक स्थान पर विस्थापित करने के निर्देश भी दिए।

टे्रंचिंग ग्राउंड से हटाएं झुग्गियां
कलेक्टर ने ईदगाह मोहल्ला के पास स्थित ट्रेंचिंग ग्राउण्ड का निरीक्षण किया। यहां नपा द्बारा शहरभर का कचरा डालने से झुग्गियों के लोग संक्रामक रोगों से ग्रसित हैं। कलेक्टर ने सीएमओ अमरसत्य गुप्ता को अफॉर्डेबल हाउसिंग प्लान के तहत झुग्गियों को पक्के आवासों में विस्थापित करने के निर्देश दिए।


भोपाल तिराहा का नाला लाता है बाढ़
कलेक्टर ने भोपाल तिराहे के पास स्थित नाले का निरीक्षण किया। नपाध्यक्ष ने बताया कि अधिक वर्षा की स्थिति में ऐसे ही नालों के माध्यम से नर्मदा का बैक वॉटर शहर में आने से बाढ़ आती है। जल संसाधन विभाग के ईई ने बताया कि तकनीकी खामियों के कारण यहां पक्की दीवार की योजना पूर्ण नहीं हो पाई है। कलेक्टर ने नये सिरे से प्रस्ताव तैयार करने के निर्देश दिए।

ग्रामीणों की आपत्ति से फोरलेन निर्माण बंद
कलेक्टर ने धानाबड़ के पास चल रहे फोरलेन कार्य का निरीक्षण किया। मौके पर उपस्थित एनएचएआई के अधिकारियों ने बताया कि पूर्व में बनाए प्लान के ग्रामीणों के विरोध के बाद से कार्य बंद है। नए सिरे से साइट का विश्लेषण कर प्लान बनाया जा रहा है।

sandeep nayak Desk/Reporting
और पढ़े
हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned