चौबीस घंटे में ढाई इंच से अधिक बारिश, सड़कें दलदल में बदली, ऐसे हुए हाल..

निसर्ग तूफान का असर, अगले दो दिन तक ऐसे ही रहेंगे हालात, 7 जून तक मौसम साफ होने का अनुमान

होशंगाबाद- कोरोना के कहर के बाद प्री-मानसून ने ही किसानों और शहरवासियों के सामने संकट खड़ा कर दिया। पिछले 24 घंटे में ढाई इंच से अधिक बारिश होने से शहर के कई इलाकों में खुदी पड़ी सड़कें दलदल में तब्दील हो गई। वहीं किसानों से खरीदा गया गेहूं और चना भीग गया। दिन भर प्रशासन इसके बचाव कार्य में लगा रहा। निसर्ग तूफान की वजह से समय से पहले मौसम में बदलाव हुआ और बारिश शुरू हो गई। मौसम विभाग की माने तो अगले दो-तीन दिन इसी तरह मौसम रहेगा। 7 जून के बाद मौसम साफ होने का अनुमान लगाया जा रहा है।

निसर्ग तूफान की वजह से हो रही बारिश
निसर्ग तूफान की वजह से जिलेभर में बारिश हो रही है। बुधवार शाम ५.३० बजे से बीते २४ घंटे में जिले ६५.८ मिमी बारिश दर्ज की गई। जबकि गुरुवार को सुबह से २२.८ मिमी बारिश हुई। लगातार हो रही बारिश से जिले में लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा। मौसम विभाग इस बारिश को प्री मानसून ही मान रहा है। हालांकि अधिकारी बता रहे हैं कि चक्रवात का असर खत्म होने के बाद असल प्री मानसून गतिविधियां जल्द ही शुरू होंगी।

8 डिग्री कम हुआ जिले में तापमान

लगातार हो रही बारिश से जिले के तापमान में 7.9 डिग्री की गिरावट हुई। जिससे दिन में भी हल्की ठंड महसूस हुई। वहीं जिले के न्यूनतम तापमान में भी 3.4 डिग्री की गिरवट होने से मौसम और ठंडा हो गया। जिले में अधिकतम तापमान 25 डिग्री व न्यूनतम तापमान 22.8 डिग्री दर्ज किया गया।
पचमढ़ी में भी हुई झमाझम बारिश

प्रदेश के हिल स्टेशन में भी बीती रात से झमाझम बारिश हुई। बुधवार शाम 5.30 बजे से गुरुवार सुबह 8.30 बजे तक 22 मिमी बारिश हुई। वहीं शाम 5.30 बजे तक 12 मिमी बारिश दर्ज की गई। बारिश के बाद भी पचमढ़ी के अधिकतम तापमान में गिरावट नहीं आई जबकि न्यूनतम तापमान में 0.6 डिग्री की गिरावट हुई। पचमढ़ी में अधिकतम तापमान 36 डिग्री व न्यूनतम तापमान 21 डिग्री दर्ज किया गया।
इनका कहना है

अभी एक-दो दिन मौसम एेसा ही बना रहेगा। ६ के बाद निसर्ग की जिले से निकासी के बाद ७ जून से मौसम साफ होना शुरू हो जाएगा।
डीएस गौर, मौसम वैज्ञानिक

पॉलीथिन से ढांककर की 1600 क्विंटल गेहूं की सुरक्षा

इटारसी। तरोंदा सोसायटी के भट्टी स्थित खरीदी केंद्र पर गुरुवार की बारिश खुले में पड़े हुए गेहूं के लिए खतरा बन गई। परिसर में खुले में पड़ा करीब 16०० क्विंटल गेहूं बारिश की चपेट में आ गया। सोसायटी प्रबंधन ने गेहूं की कट्टियों को पॉलीथिन से ढंकवाया और बाद में ट्रॉलियों से तरोंदा के वेअर हाउस में शिफ्ट कराया। क्योंकि तरोंदा से नयायार्ड जाने वाली सड़क का काम चलने से वहां से ट्र्रकों की आवाजाही नहीं हो पा रही है।

चौबीस घंटे में ढाई इंच से अधिक बारिश, सड़कें दलदल में बदली, ऐसे हुए हाल..

सड़क खोद दी नहीं डाली सीवेज लाइन, मच रहा कीचड़
होशंगाबाद. गुरुवार को हुई जरा सी बारिश ने सड़कों पर कीचड़-दलदल मचा दिया। इससे लोगों को आवागमन में बाधा पहुंच रही है। यह स्थिति हाउसिंग बोर्ड, ललवानी कॉलोनी, मालाखेड़ी, कालिका नगर और आयुश नगर सहित अन्य इलाकों में रही। दरअसल, नपा ने यहां छह माह पहले सड़कों के बीचोबीच सीवेज लाइन डालने के लिए जेसीबी से इसे खोद दिया था। बाद में बिना लाइन व चेंबर बनाए ही इसे पूर दिया। तब से सड़क की हालत खराब है। बारिश होने से यह सड़कें कीचड़ में तब्दील हो गई है।

mausam mausam news
Show More
बृजेश चौकसे
और पढ़े
हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned