मढ़ई में पक्षियों का सर्वे पूरा, 270 प्रजातियां मिलने की संभावना

छह राज्यों से आए 71 बर्ड लवर्स व सर्वेयर्स

By: sandeep nayak

Published: 05 Mar 2021, 09:43 AM IST

सोहागपुर/ सतपुड़ा टाइगर रिज़र्व में पक्षियों के सर्वे का गुरुवार को समापन हुआ। इस बार के सर्वे में स्पॉटेड क्रीपर, वारविंग फ्लाई कैचर, ब्राउन चिक फुलसेल्थ, ब्रॉक जेंटल बुलबुल व इंपीरियल पिजन एसटीआर में मुख्य रूप से देखने को मिले हैं। इनमें से इंपीरियल पिजन सबसे कम संख्या में वेस्टर्न घाट क्षेत्र में दिखाई देने वाला पक्षी है, जो कि एसटीआर में भी देखा जा रहा है। समापन पर एफडी एल कृष्णमूर्ति सहित असिस्टेंट डायरेक्टर संदेश माहेश्वरी व पक्षी प्रेमी उपस्थित थे। इस दौरान एनसीएफ व बर्ड काउंट इंडिया से डॉ. सुहैल कादर, नेशनल बोर्ड फॉर वाईल्ड लाइफ से पूर्व पदाधिकारी डॉ. मधुसूदन, डिप्टी रेंजर लाखनसिंह पटेल व प्यारेलाल रघुवंशी, कर्मचारी दीपक धनगर आदि शामिल हुए। वर्ष 2019 व 2020 में एसटीआर में 250 से अधिक प्रजातियों के पक्षी चयनित किए थे, इस बार यह संख्या 270 तक पहुंचने की संभावना है। मप्र टाइगर फाउंडेशन सोसायटी के सहयोग से आयोजित सर्वे में देश से 71 सर्वेकर्ताओं सहित एसटीआर के गाईड व कर्मचारी मिलाकर लगभग 130 सदस्यों के दल ने दो दिनों तक जंगल में सर्वे किया।

यहां किया सर्वे
इस वर्ष एसटीआर में मढ़ई, जहरघाट, पट्टन, लगदा, पनारा, सिंगपुर, सोनभद्रा, परसापानी, जमानीदेव, बिनैका, राइखेड़ा, धारगांव आंजनढाना, पर्रासपानी, बरगुंदी, गोमची, चूरना, पोढार, खामदा-मल्लूपुरा, तवा रेंज में कपिलधारा व रामपुर, देनवा रेंज में बरूठ व बोरी रेंज में बोरी तथा धांई, नीमघान, घोड़ानार, काजरी व रोरीघाट, कांजीघाट, महादेव तथा देहालिया में कैंप लगाए गए थे। इन सभी 30 कैंप्स में दो दिनों तक रहे तथा पक्षियों का सर्वे किया है। सर्वे में जम्मू-कश्मीर, गुजरात, कर्नाटक, मप्र, छग, महाराष्ट्र, तेलंगाना, तमिलनाडु व उप्र से पक्षी प्रेमी शामिल हुए।

sandeep nayak Desk/Reporting
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