NASA का दावा- ‘10 सालों में बहुत बहल गया है सूरज’, जानें क्या होगा पृथ्वी पर इसका असर?

NASA ने सूरज का एक वीडियो (Sun video) शेयर किया है। इस वीडियो का टाइटल A Decade of Sun। यानी इस वीडियो में पिछले 10 वर्षों में 2 जून 2010 से 1 जून 2020 तक सूरज में हुए बदलाव को दिखाया गया है।

 

By: Vivhav Shukla

Published: 26 Jun 2020, 06:11 PM IST

नई दिल्ली। अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी नासा (US Space Agency NASA) कई सालों से सूरज का अध्ययन कर रहा है। हाल ही में उन्होंने सूरज का एक वीडियो रिलीज किया है जिसमें सूरज (SUN) के बदलाव को दिखाया गया है। NASA ने एक इस खगोलीय घटना का वीडियो अपने ऑफिशियल यू-ट्यूब पर शेयर किया है।

इस वीडियो में सूर्य की गति और बदलाव (A Decade of Sun )को दिखाया गया है। इस वीडियो को कैप्चर करने के लिए वैज्ञानिकों ने विशेष उपकरणों का उपयोग किया हैं, जैसे कि सोलर डायनमिक्स ऑब्जर्वेटरी (Solar Dynamics Observatory) जो स्टार पर नज़र रखने के लिए डिज़ाइन किया गया है।

पहले वीडियो देख लें..

 

ये वीडियो सूरज की विशिष्ट पराबैंगनी तरंग दैर्ध्य को कैप्चर करके बनाई गई हैं, ताकि सूरज की बारीकियों को देखा जा सके। नासा का ये एक घंटे का यह वीडियो सूर्य की 425 मिलियन उच्च-रिज़ॉल्यूशन छवियों के साथ जुड़ता है, जिसका मूल्य 20 मिलियन गीगाबाइट डेटा है।

नासा ने इस वीडियो को A Decade of Sun टाइटल के साथ शेयर किया है। बता दें इस वीडियो को पिछले 10 वर्षों में 2 जून 2010 से 1 जून 2020 तक कैप्चर किया गया था।

सौरमंडल का मुखिया है सूरज

इस अनंत ब्रह्माण्ड में हमारा सौरमंडल (Solar System) सबसे अलग है। इसका आकार एक तश्तरी की तरह का है। माना जाता है कि सौर मंडल की उत्पत्ति 5 बिलियन साल पहले हुई थी। इस उत्पत्ति में एक तारा मिला था जिसे हम हम सूर्य के नाम से जानते हैं। सूर्य या किसी अन्य तारे के चारों ओर परिक्रमा करने वाले खगोल पिंडों को ग्रह कहते हैं। इन्हीं में से एक ग्रह पृथ्वी है जहां हम रहते हैं। और ये सूरज के चक्कर काटती है। पृथ्वी के अलावा भी सभी सूरज के चारो तरफ घूमते हैं।


सूरज पर नहीं जा सका कोई यान

कुछ ग्रहों के बारे में जानने के लिए कई मिशन भेजे गए हैं। जैसे मंगल की पढ़ाई करने के लिए मंगल मिशन भेजे गए हैं। मंगलयान में बैठकर लोग चांद पर गए थे। लेकिन सूरज के पर कोई यान नहीं भेजा जा सका है। वजह वहां का तापमान है। सूरज की सतह का तापमान लगभग 5600 डिग्री सेल्सियस है। और अंदर का तापमान तो करोड़ों डिग्री सेल्सियस में है। ऐसे में हमलोग दूर से ही सूरज का अध्यन करते हैं।

हालांकि साल 2018 में नासा का पार्कर सोलर प्रोब को सूरज के करीब भेजा था लेकिन अभी भी सूरज और उसके बीच 2.5 करोड़ किलोमीटर का फासला है। जानकारी के लिए बता दें पृथ्वी सूरज से करीब 15 करोड़ किलोमीटर दूर ऐसे में पार्कर सूरज के बहुत नजदिक है।

 
Vivhav Shukla
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