हॉट ऑन वेब

विश्व जनसंख्या दिवस: क्यों है भारत की बढ़ती आबादी देश के लिए समस्या, ये है वजह

हर साल 11 जुलाई को मनाया जाता है विश्व जनसंख्या दिवस
भारत में काफी तेजी से बढ़ रही है जनसंख्या

नई दिल्लीJul 10, 2019 / 05:22 pm

Prakash Chand Joshi

विश्व जनसंख्या दिवस: क्यों है भारत की बढ़ती आबादी देश के लिए समस्या, ये है वजह

नई दिल्ली: हर साल 11 जुलाई को पूरे विश्व में विश्व जनसंख्या दिवस ( World Population day ) मनाया जाता है। किसी भी देश की जनसंख्या को रेलवे स्टेशन , एयरपोर्ट, सड़क, बाजार, अस्पताल समेत अन्य जगह मौजूद भीड़ दर्शाती हैं। यहां पर लोगों की मौजूदगी बताती है कि देश की आबादी कितनी है। ऐसा ही हाल कुछ भारत का भी है और ये बढ़ती आबादी देश के लिए किसी समस्या से कम नहीं।

 

क्या कहती है जनगणना रिपोर्ट

आर्थिक जनगणना रिपोर्ट 2011 के अनुसार भारत की जनसंख्या 1,21,01,93,422 है। इसमें 62,37,00,000 पुरुष और 58,64,00,000 महिलाएं ( women ) हैं। दरअसल, दुनिया की 17 फीसदी से ज्यादा आबादी भारत में बसती है। संयुक्त राष्ट्र की एक रिपोर्ट की मानें तो 2025 तक भारत आबादी के मामले में चीन ( China ) को भी पीछे छोड़ देगा। इस तथ्य के बावजूद सरकार द्वारा किए गए जनसंख्या नीतियां, परिवार नियोजन और कल्याण कार्यक्रम के चलते देश में प्रजनन दर में निरंतर कमी आई है। लेकिन फिर भी जनसंख्या का वास्तविक स्थिरीकरण केवल 2050 तक हो सकता है।

World Population Day

क्या है प्रभाव

आबादी बढ़ने के कारणों के बारे में बात करें तो इनमें जल्दी शादी ( Marriage ) और शादी की अनिवार्यता, गरीबी और निरक्षरता, सालों पुराने सांस्कृतिक मानदंड, अवैध प्रवास जैसी कई चीजें शामिल हैं। ऐसे में इनका प्रभाव भी काफी पड़ता है। देश में आबादी बढ़ने से सबसे बड़ा प्रभाव बेरोजगारी का पड़ता है। साल 2020 तक बेरोजगारी एक बड़ी समस्या बन सकती है। वहीं संसाधन उपयोग पर भी इसका प्रभाव पड़ता है। भारत सरकार की तरफ से ‘हम दो हमारे दो’ के स्लोगन को बढ़ावा तो मिलता है। लेकिन कहीं न कहीं ये शहरों तक ही सीमति है। ऐसे में गांवों का क्या? यहां के लोग जनसंख्या नियंत्रण को लेकर पूरी तरह जागरूक नहीं हैं, जो कि चिंता का विषय है।

Home / Hot On Web / विश्व जनसंख्या दिवस: क्यों है भारत की बढ़ती आबादी देश के लिए समस्या, ये है वजह

Copyright © 2024 Patrika Group. All Rights Reserved.