Donkey के दूध से बनता है दुनिया का सबसे महंगा Paneer पनीर, लाखों में है कीमत !

वैसे आमतौर पर गाय, भैंस और बकरी के दूध से पनीर बनाया जाता है। लेकिन यूरोप के सर्बिया देश ( country ) में पनीर ( CHEESE ) बनाने के लिए कि किसी गधी के दूध ( Donkey Milk ) का इस्तेमाल किया जाता है। खास बात यह है कि इससे बना पनी बाजार ( market ) में सबसे महंगा बिकता है।

By: Vivhav Shukla

Published: 01 Jul 2020, 08:34 PM IST

नई दिल्ली। पनीर तो सबने खाया होगा। लेकिन क्या कभी आपने गधी के दूध से बना पनीर खाया है? दरअसल, दुनिया का सबसे महंगा और बेहतरीन पनीर ( Most Expensive Paneer) गधी के दूध से ही बनाया जाता है। एक रिपोर्ट के मुताब़िक यूरोपीय देश सर्बिया के एक फॉर्म हाउस (Zasavica Special Nature Reserve) में दुनिया का ये सबसे महंगा पनीर (donkey cheese) बनाया जाता है जिसकी कीमत होती है करीब 80 हजार से लाख रूपए किलो तक होती है। हालांकि इस पनीर को बनाने के लिए एक खास गधी के दूध का ही इस्तेमाल किया जाता है।

सर्बिया में बनाया जाता है ये पनीर

एक रिपोर्ट के मुताबिक उत्तरी सर्बिया में ज़ैसाविका (Zasavica Special Nature Reserve)नाम का एक फॉर्म हाउस है। इस फॉर्म हाउस को स्लोबोदान सिमिक चलाते हैं। स्लोबोदान ने अपने पार्क में 200 से अधिक गधी पाल रखा है। इन्हीं गधी के दूध से यहां कई तरह के उत्पाद तैयार किए जाते हैं। लेकिन इनके पनीर पुरी दुनिया में मशहूर हैं।इसे बहुत दुलर्भ पनीर भी माना जाता है, क्योंकि इसको बहुत अधिक मात्रा में नहीं बनाया जा सकता।

मां के दूध जैसे गुण हैं मौजूद

सफेद रंग का, घना जमा और फ्लेवर युक्त यह स्वादिष्ट पनीर (donkey cheese) लज़ीज़ होने के साथ-साथ सेहत के लिहाज़ से बहुत फायदेमंद माना जाता है। फॉर्म हाउस के मालिक सिमिक (Slobodan Simic ) बताते हैं कि सर्बिया के इन गधी के दूध में मां के दूध जैसे गुण होते हैं। एक नवजात शिशु को जन्म के पहले दिन से ही ये दूध दिया जा सकता है। हालांकि अभी तक इस दूध पर वैज्ञानिक शोध नहीं हो सके हैं इसलिए सेहत के लिए इसके फायदे या गुणों के बारे में पुख्ता तौर पर कुछ नहीं कहा जा सकता है।

दुनिया में पहले गधी के दूध से नहीं बना पनीर

मीडिया से बात करते हुए सिमिक (Slobodan Simic ) ने दावा किया कि दुनिया में उनसे पहले गधी के दूध से पनीर किसी ने नहीं बनाया। इस प्रॉडक्ट पर वो अपना अधिकार मानते हैं। सिमिक बताते हैं जब उन्हें इस दूध से पनीर बनाने का आइडिया आया तो पहली समस्या यह थी कि इस दूध में कैसीन का स्तर कम होता है, जो पनीर के लिए बाइंडिंग एजेंट का काम करता है। लेकिन बाद में चीज़ बनाने के लिए ज़ैसाविका के एक सदस्य ने सिमिक की मदद की और रास्ता यह खोजा गया कि अगर इस दूध में बकरी के दूध की कुछ मात्रा मिलाई जाए तो पनीर बनाया जा सकता है।

एक साल में 6 से 15 किलो तक पनीर बन पाता है

सिमिक (Slobodan Simic ) ने बताया कि एक गधी एक दिन में एक लीटर से भी कम दूध देती है इसी वजह से इस पनीर का उत्पादन बहुत कम हो पाता ह। उन्होंने बताया कि एक साल में ये फॉर्म 6 से 15 किलो तक पनीर बनाता और बेचता है। उन्होंने बताया कि गधी के दूध से बनने वाले पनीर को प्यूल चीज़ कहा जाता है। ये पूरी दुनिया में मशहूर है।

Vivhav Shukla
और पढ़े
हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned