राजमार्ग से जोडऩे वाली सड़क पर आवाजाही मुश्किल

राजमार्ग से जोडऩे वाली सड़क पर आवाजाही मुश्किल
-देवापुर मोड़ के निकट नागराल से कोनाल तक 6 किमी तक सड़क निर्माण कार्य
यादगिरी

By: Zakir Pattankudi

Published: 08 Oct 2021, 07:28 PM IST

राजमार्ग से जोडऩे वाली सड़क पर आवाजाही मुश्किल
यादगिरी
जिले के सुरपुर तालुक के देवापुर -मनगूली राज्य राजमार्ग के नागराल, हंद्राल, कोनाल गांव को जोडऩे वाली सड़क पर वाहनों की आवाजाही सुगम नहीं हो पा रही है।
देवापुर मोड़ के निकट नागराल से कोनाल तक 6 किमी तक सड़क निर्माण कार्य लंबित है। विजयपुर, बागलकोटे, महाराष्ट्र के मिरज सहित बाहरी राज्य के प्रमुख सड़कों से यह मार्ग जुड़ती है। भूमि मुआवजा समस्या की वजह से 6 कि मी तक सड़क क्षतिग्रस्त हो चुकी है। इस सड़क पर चलने वाले राहगीरों को समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। हंद्राल, कोनाल व नागराल के किसान भूमि से संबंधित मुआवजा पाने के लिए न्यायालय की चौखट पर पहुंचे हैं। सड़क निर्माण कार्य पूर्ण न होने व सड़क ठीक न होने की वजह से यात्रियों को कई समस्याओं से जूझना पड़ रहा है।

109 किमी लम्बी निर्माण कार्य

देवापुर तथा मनगूली का राज्य प्रमुख मार्ग 109 किमी लम्बी है। निर्माण कार्य 103 कि मी तक पूर्ण हो चुका है। किसानों के न्यायालय पहुंचने की वजह से न्यायालय की ओर से शेष रहे 6 किमी सड़क निर्माण कार्य के लिए निषेधाज्ञा जारी किए जाने की वजह से निर्माण कार्य अभी भी अपूर्ण ही है।

सड़क है या झूला पुल

छह किमी की यात्रा के दौरान यात्रियों को यह अहसास होता है कि वे सड़क पर नहीं झूला पुल पर यात्रा कर रहे हैं। सड़क पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हो चुका है जिसकी वजह से यात्रियों को कई समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है।

सड़कों पर डाली मिट्टी

सड़कों पर लाल मिट्टी डाला गया है। जगह-जगह पर पड़े गड्डों की वजह से दुपहिया वाहन चालकों, टम टम तथा बस के यात्रियों की यात्रा आरामदायक नहीं हो रही है।

निजी वाहनों की छत पर यात्रा

इस सड़क पर बसों के अतिरिक्त निजी वाहनों की आवाजाही भी अधिक होती है। निजी वाहन वाले पैसों के खारित यात्रियों के छत भी बैठने की अनुमति देते हैं। क्षतिग्रस्त वाले सड़क पर कोई अनहोनी हो तो इसके लिए कौन जिम्मेदार होगा? बड़े आकार के टिप्पर की आवाजाही इन सड़कों पर होती है। बारिश के दिनों में वाहन बीच सड़क पर ही फंस जाता है।

प्रधानमंत्री को पत्र लिखने पर भी कार्रवाई नहीं

सामाजिक कार्यकर्ता निंगु पाटील हेब्बाल का कहना है कि सड़क की मरम्मत करवाने की मांग को लेकर हस्ताक्षर संगृहीत कर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखे जाने के बावजूद सड़क की मरम्मत नहीं हुई। अधिकारियों व विधायक ने अस्थाई रूप से सड़क पर मुरम (बालू) डलवाया है। बारिश के दिनों में सड़क पर गड्ढे पड़ जाते हैं। गर्मी के दिनों में सड़क मटमैला हो जाता है। इस मार्ग पर आना कोई पसंद नहीं करता।

सड़क बनाने की मिली अनुमति

कलबुर्गी न्यायालय से 10 मीटर सड़क बनाने की अनुमति मिली है। टेंडर बुलाकर निर्माण कार्य शुरू किया जाएगा।
-अमीन मुक्ता, सहायक इंजीनियर, पीडब्ल्यू डी

होता है नारकीय अनुभव

कुछ समूहों ने सड़क को खराब कर दिया है। इस क्षेत्र में यात्रा करना यात्रियों के लिए नारकीय अनुभव समान होता है।
-निंगु पाटील हेब्बाल, ग्रामीण

Zakir Pattankudi Incharge
और पढ़े
हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned