आचार संहिता उल्लंघन की शिकायत मिलते ही करें कार्रवाई

आचार संहिता उल्लंघन की शिकायत मिलते ही करें कार्रवाई

By: S F Munshi

Updated: 14 Oct 2021, 12:02 AM IST

आचार संहिता उल्लंघन की शिकायत मिलते ही करें कार्रवाई
-सिंदगी विधानसभा उपचुनाव
विजयपुर
शहरी विकास प्राधिकरण के योजना निदेशक डॉ. राजशेखर ने कहा है कि सिंदगी विधानसभा उप चुनाव में आचार संहिता उल्लंघन की शिकायत की इलेक्ट्रॉनिक एवं प्रिंट मीडिया में खबरें आते ही जिलाधिकारी कार्यालय में स्थित शिकायत स्वीकार केन्द्र को इसकी जानकारी पहुंचानी चाहिए।
वे विजयपुर में मीडिया प्रबंधन केन्द्र में संबंधित अधिकारियों तथा मीडिया मॉनिटरिंग सेल में नियोजित कर्मचारियों की बैठक को संबोधित कर रहे थे।
उन्होंने कहा कि सिंदगी विधानसभा उपचुनाव में आचार संहिता उल्लंघन, कोविड नियमों का उल्लंघन समेत किसी भी प्रकार के चुनाव आचार संहिता के उल्लंघन संबंधित खबरें प्रसारित होने के साथ संबंधित अधिकारियों को प्रसारित मामले में खिलाफ कार्रवाई करनी चाहिए। इसी प्रकार राज्य निर्वाचन आयोग मुख्य निर्वाचन अधिकारियों के कार्यालय के जरिए भी बेंगलूरु में मीडिया प्रबंधन केन्द्र स्थापित कर निगाह रख रहा है। इसके चलते मीडिया प्रबंधन केन्द्र में नियुक्त अधिकारियों तथा कर्मचारियों को दिन के 24 घंटे अत्यंत सचेत होकर काम करना चाहिए। ऐसी कोई खबर प्रसारित होने पर संबंधितों के खिलाफ कार्रवाई करनी चाहिए। चुनाव प्रत्याशियों को अपना प्रचार करने के लिए जिला प्रशासन से अनुमति लेनी चाहिए।
उन्होंने कहा कि प्रिंट मीडिया में विज्ञापन देने से पूर्व उन पार्टी के प्रतिनिधियों को उस पार्टी के प्रत्याशी की अनुमति लेना अनिवार्य है। पार्टी उम्मीदवार को बताए बिना प्रचार विज्ञापन नहीं देना चाहिए। विज्ञापन के लिए निर्धारित फार्म भर्ती कर विज्ञापन के विषय को सीडी रूप में या अन्य आवश्यक नमूने के रूप में सौंपना चाहिए। इससे संबंधित समीक्षा कर समिति की ओर से अनुमति दी जाएगी। कुल मिलाकर प्रिंट एवं इलेक्ट्रानिक मीडिया में प्रसारित होने वाले विज्ञापनों के खर्च को उन अकाउंटिंग दल, एक्सपेंडिचर ऑब्जरवर टीम के जरिए उन उम्मीदवारों के खर्च में शामिल किया जाएगा। इस चुनाव के लिए प्रति प्रत्याशी को 30.80 लाख रुपए खर्च करने की सीमा निर्वाचन आयोग ने निर्धारित की है।
पैसों के लिए खबर छापना या प्रसारित करना अपराध
उन्होंने कहा कि प्रिंट तथा इलेक्ट्रनिक मीडिया में पैसों के लिए खबर छापना गंभीर अपराध है। इसके चलते किसी भी हालत में पैसों के लिए खबरें प्रसारित नहीं करनी चाहिए।
सामान्य पर्यवेक्षक अनिल भंडारी, पुलिस पर्यवेक्षक शहाजी उमाप, खर्च पर्यवेक्षक अनवर अली, जिलाधिकारी सुनील कुमार, अपर जिलाधिकारी रमेश कळसद, एमसीएमसी दल के अधिकारी, कन्नड़ एवं संस्कृति विभाग के सहायक निदेशक आशापुर, सूचना एवं जन संपर्क विभाग के सहायक निदेशक सुलेमान नदाफ, पर्यटन विभाग के उप निदेशक भजंत्री, शहरी विकास कोष के प्रबंधक बागेवाडी आदि उपस्थित थे।

S F Munshi Reporting
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