भाजपा नेता राजकुमार शर्मा पहले कर रहा था पुलिस पर दादागिरी, अब मुंह छिपाकर भागा

  • भीड़ में पुलिस गाली-गलौच कर पुलिसकर्मियों को पीटा, पुलिस ने घर और दुकानों पर दी दबिश

इंदौर. शुक्रवार रात जेल रोड पर पुलिस की एफआरवी गाड़ी पर हमला करने वाला राजू उर्फ राजकुमार शर्मा अब पुलिस से छिपकर भाग रहा है। उसे व उसके साथियों के खिलाफ एमजी रोड पुलिस ने गंभीर धाराओं में प्रकरण दर्ज किया है। पुलिस ने कल रात उसके घर और दुकानों पर दबिश दी लेकिन वह नहीं मिला। पुलिस की अलग-अलग टीमें राजू के पीछे लगी हैं। उसके साथ मारपीट में शामिल अन्य लोगों पर भी कार्रवाई की तैयारी की जा रही है।

दरअसल शुक्रवार रात जेल रोड से चिमनबाग के लिए जा रही डायल 100 एफआरवी के चालक ने सडक़ों पर खड़े ठेला चालकों से हटने का कहा। रोड पर पार्किंग और ठेलों के खड़े होने से एफआरवी के निकलने की जगह नहीं थी। इस पर एफआरवी चालक व ठेला चालक का विवाद हुआ तो भीड़ इकट्ठी हो गई। पुलिस के अनुसार इसके बाद वहां पर राजकुमार शर्मा उर्फ राजू जो खुद को जेल रोड व्यापारी एसोसिएशन का अध्यक्ष बताता है वह अपने साथियों के साथ आया। उसके साथ सोएब, पंडित पापकार्न व अन्य 7-8 लोग थे। सभी ने एकमत होकर एफआरवी ड्राइवर के साथ मारपीट शुरू कर दी और एफआरवी में तोडफ़ोड़ शुरू कर दी। इसके बाद गाड़ी में बैठे प्रधान आरक्षक ने कंट्रोल रूम जानकारी देकर पुलिस फोर्स बुलवाया तो सभी भाग गए। पुलिस ने कल इस मामले में एफआईआर दर्ज की।

भाजपा नेता राजकुमार शर्मा पहले कर रहा था पुलिस पर दादागिरी, अब मुंह छिपाकर भागा

थाना प्रभारी एमजी रोड राजेंद्र चतुर्वेदी ने बताया कि राजू और उसके साथियों को पकडऩे के लिए हमने उसके घर और दुकानों पर दबिश दी, लेकिन वह नहीं मिला फरार हो गया। हमें और भी कुछ वीडियो मिले हैं उनके आधार पर राजू के साथ मारपीट में शामिल अन्य लोगों की तलाश की जा रही है। उधर, राजू शर्मा ने कल बयान दिया था कि मैं तो बीच -बचाव करने और समझाने गया था। एफआरवी चालक ने किसी के पैर पर गाड़ी चढ़ा दी तो लोगों ने गाड़ी पर हमला किया। मैंने न पीटा, न गाड़ी फोड़ी। वहीं पुलिस का कहना है कि राजू ने भी मारपीट की और उसके उकसाने पर भीड़ ने हमला किया।

जेल रोड पर रोज होते हैं विवाद

दरअसल जेल रोड और उसके आसपास की गलियों में वाहन चालकों के लिए सडक़ों पर निकलने की जगह तक नहीं रहती। इसके चलते यहां हर दिन विवाद होते हैं। पूर्व में व्यापारियों ने महाराजा कॉम्पलेक्स की पार्किंग में अपने वाहन खड़े करना शुरू किए थे जिससे थोड़ी राहत मिली थी, लेकिन फिर व्यापारी और ग्राहक दोनों के वाहन सडक़ों पर ही खड़े रहते हैं। वाहन तो ठीक यहां से पैदल निकलना भी मुश्किल हो जाता है। नगर निगम की टीम कई बार यहां सडक़ों से दुकानदारों के कब्जे हटा चुकी है, लेकिन ये फिर कर लेते हैं। क्षेत्रीय नेताओं के संरक्षण के चलते अधिकारियों पर भी दबाव बनाया जाता है। आम लोग भी यहां वाहन लगाने को लेकर दिनभर लड़ते हैं।
-

रीना शर्मा
और पढ़े

MP/CG लाइव टीवी

खबरें और लेख पढ़ने का आपका अनुभव बेहतर हो और आप तक आपकी पसंद का कंटेंट पहुंचे , यह सुनिश्चित करने के लिए हम अपनी वेबसाइट में कूकीज (Cookies) का इस्तेमाल करते हैं। हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति (Privacy Policy ) और कूकीज नीति (Cookies Policy ) से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned