वेतन चाहिए तो टीका लगवाओ

कोविड-19 : टीकाकरण में लापरवाही पर आदेश

By: रमेश वैद्य

Published: 11 Sep 2021, 07:00 PM IST

इंदौर. कोरोना टीकाकरण को लेकर जिला भले ही शत-प्रतिशत का रिकॉर्ड कायम कर चुका है, लेकिन अब भी एेसे कई स्वास्थ्यकर्मी हंै, जिन्होंने पहला या दूसरा टीका अब तक नहीं लगवाया है। एेसे स्वास्थ्यकर्मियों के टीकाकरण को लेकर अब स्वास्थ्य विभाग ने सख्ती दिखाना शुरू कर दी है। एेसे सभी कर्मचारियों व अधिकारियों के वेतन रोकने के निर्देश जारी कर दिए गए हैं, जिन्होंने टीका लगवाने में लापरवाही बरती है।
दरअसल, जिले में कार्यरत स्वास्थ्य विभाग के कुछ एेसे अधिकारी व कर्मचारी है, जिन्होंने अब तक पहला डोज ही नहीं लगवाया है। जिला भले ही टीकाकरण में १०० प्रतिशत का लक्ष्य हासिल कर चुका है, लेकिन फिर भी कई लोग अब भी टीकाकरण से छूटे हुए हैं। इन सभी लोगों को टीकाकृत करने के लिए स्वास्थ्य विभाग ने वेतन रोकने का आदेश जारी कर दिया है। जिन भी अधिकारी या कर्मचारी ने अब तक टीके के पहले डोज का सर्टिफिकेट विभाग में जमा नहीं करवाया है, उन्हें सितंबर माह का वेतन नहीं दिया जाएगा।

फ्रंटलाइन वर्कर्स भी पीछे
इसी तरह फ्रंटलाइन वर्कर्स के टीकाकरण मंे भी कुछ लोग अब भी बचे हुए हैं। कुल ५९ हजार ४४४ लोगों को पहला डोज लगना था, जिसमें से करीब ५९ हजार १७४ ने ही पहला डोज लगवाया है। करीब २०० से ज्यादा फ्रंटलाइन वर्कसा को पहला डोज लगना बाकी है। वहीं, करीब १४ हजार एेसे हैं जिन्हें दूसरा डोज लगना बाकी है।

200 से ज्यादा ने नहीं लगवाया टीका
हेल्थ केयर वर्कर्स की कैटेगिरी में कुल ४७ हजार ४९५ पंजीकृत स्वास्थ्यकर्मी हैं। इनमें से फिलहाल ४७ हजार ५०० ने टीके लगवा लिए है। करीब २०० अधिकारी-कर्मचारी समेत अन्य स्वास्थ्यकर्मी अब भी टीकाकरण से बचे हुए हैं। इसी तरह दूसरा डोज भी करीब ७ हजार स्वास्थ्यकर्मियों को लगना बाकी है।

सर्टिफिकेट जारी होने के बाद ही वेतन
सीएमएचओ डॉ. बीएस सैत्या ने इस संबंध में सभी ब्लॉक व मेडिकल ऑफिसरों को पत्र जारी करके स्पष्ट कर दिया है कि जो भी अधिकारी-कर्मचारी पहला डोज लगवाने में लापरवाही बरत रहे हैं, उन्हें सितंबर माह का वेतन जारी नहीं किया जाए। अब पहले डोज का सर्टिफिकेट जारी होने के बाद ही वेतन जारी किया जाएगा।

रमेश वैद्य Desk
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