scriptpurification in the river | नदी में शुद्धिकरण : उद्योगों को संकल्प तो दिलवाया, लेकिन सांवेर रोड क्षेत्र में नहीं है ईटीपी लाइन | Patrika News

नदी में शुद्धिकरण : उद्योगों को संकल्प तो दिलवाया, लेकिन सांवेर रोड क्षेत्र में नहीं है ईटीपी लाइन

- चार सेक्टर में करीब 33 किलोमीटर पाइप लाइन डाली जानी है

 

इंदौर

Published: January 10, 2022 01:13:42 pm

इंदौर. कान्ह, सरस्वती सहित शहर की अन्य नदियों में गंदा और उद्योगों का केमिकलयुक्त पानी मिलने से रोकने के लिए जिला प्रशासन, नगर निगम और प्रदूषण विभाग पिछले कुछ दिनों से लगाता मुहिम चला रहा है। हाल ही में बड़ी संख्या में उद्योगपतियों के साथ बैठक कर उनसे संकल्प दिलवाया गया है कि वे अपनी फैक्ट्रीयों का गंदा पानी नदी में मिलने नहीं देंगे। एक महीने के भीतर फैक्ट्री में ईटीपी प्लांट लगवाएंगे या पहले लगे प्लांट को दुरुस्त कराएंगे। निगम प्रशासन ने उद्योगपतियों से संकल्प तो दिलवा दिया है, लेकिन आपको जानकर हैरानी होगी कि शहर के सबसे बड़े सांवेर रोड औद्योगिक क्षेत्र के अधिकांश इलाकों में ईटीपी पानी के लिए पाइप लाइन ही नहीं डाली गई है। सेक्टर एफ और ई के कुछ इलाके में जो लाइन डाली गई है वह भी 6-6 इंच की है। ए, बी, ई और डी सेक्टर में तो लाइन ही नहीं है। नगर निगम ने खुद ही स्वीकार किया है कि क्षेत्र में करीब 33 किलोमीटर की पाइप लाइन डालना होगी, तब उद्योगों का दूषित पानी सीधे सेक्टर ए के मुख्ट ईटीपी प्लांट तक पहुंच सकेगा। अब उद्योगपतियों का कहना है पहले निगम यह सुविधा मुहैया कराए फिर हमारे खिलाफ कार्रवाई करे। एक सप्ताह पहले तक निगम और प्रदूषण बोर्ड की टीमों ने सांवेर रोड और पोलोग्राउंड औद्योगिक क्षेत्र के कई उद्योगपतियों के खिलाफ सील करने की कार्रवाई की है। उद्योगों से निकलने वाली गंदा पानी नदी में मिलने को लेकर आगे भी कार्रवाई होगी।
नदी में शुद्धिकरण : उद्योगों को संकल्प तो दिलवाया, लेकिन सांवेर रोड क्षेत्र में नहीं है ईटीपी लाइन
नदी में शुद्धिकरण : उद्योगों को संकल्प तो दिलवाया, लेकिन सांवेर रोड क्षेत्र में नहीं है ईटीपी लाइन
एसोसिएशन ऑफ इंडस्ट्रीज मप्र के अध्यक्ष प्रमोद डफरिया का कहना है, स्वच्छता में नंबर वन आने के बाद अब हम आबोहवा और शुद्ध जल को लेकर भी देश में नंबर वन आना चाहते हैं। नदी में गंदा पानी न मिले इस अभियन में पूरा उद्योग जगत प्रशासन के साथ है, लेकिन हमारी मांग है कि पहले इसे लेकर आधारभूत सुविधाएं मुहैया कराई जाए। अगले 15 साल के अनुसार ईटीपी लाइन डाली जाए। अभी जहां लाइनें डाली गई हैं वह 6-6 इंच है, हमारी मांग है कि अब बचे इलाके में कम से कम डेढ़ फीट चौड़ी लाइन डालें ताकि आसानी से गंदा पानी ईटीपी प्लांट तक पहुंचे। उन्होंने कहा टैंकरों के दूषित पानी ईटीपी तक ले जाने से आर्थिक भार बढ़ रहा है। सांवेर रोड के अलावा बरदरी और कुमड़े में भी बड़ी संख्या में उद्योग इकाइयां संचालित हो रही हैं, वहां से ईटीपी प्लांट तक गंदा पानी पहुंचाना भी चुनौती है। इस संबंध में नगर निगम कमिश्नर प्रतिभा पाल का कहना है औद्योगिक क्षेत्र में ईटीपी प्लांट के लिए पाइप लाइन डालने की टेंडर प्रक्रिया शुरू हो गई है, जल्द ही काम शुरू होगा।

सबसे लोकप्रिय

शानदार खबरें

Newsletters

epatrikaGet the daily edition

Follow Us

epatrikaepatrikaepatrikaepatrikaepatrika

Download Partika Apps

epatrikaepatrika

Trending Stories

कोरोना: शनिवार रात्री से शुरू हुआ 30 घंटे का जन अनुशासन कफ्र्यूशाहरुख खान को अपना बेटा मानने वाले दिलीप कुमार की 6800 करोड़ की संपत्ति पर अब इस शख्स का हैं अधिकारजब 57 की उम्र में सनी देओल ने मचाई सनसनी, 38 साल छोटी एक्ट्रेस के साथ किए थे बोल्ड सीनMaruti Alto हुई टॉप 5 की लिस्ट से बाहर! इस कार पर देश ने दिखाया भरोसा, कम कीमत में देती है 32Km का माइलेज़UP School News: छुट्टियाँ खत्म यूपी में 17 जनवरी से खुलेंगे स्कूल! मैनेजमेंट बच्चों को स्कूल आने के लिए नहीं कर सकता बाध्यअब वायरल फ्लू का रूप लेने लगा कोरोना, रिकवरी के दिन भी घटेCM गहलोत ने लापरवाही करने वालों को चेताया, ओमिक्रॉन को हल्के में नहीं लें2022 का पहला ग्रहण 4 राशि वालों की जिंदगी में लाएगा बड़े बदलाव

बड़ी खबरें

Copyright © 2021 Patrika Group. All Rights Reserved.