हाय-हाय ये बेरोजगारी... लोन के लिए भी मारामारी

जबलपुर में मॉडल कॅरियर सेंटर से गिनती के लोगों को मिल रहा काम

By: shyam bihari

Published: 03 Jan 2020, 06:21 PM IST

यह है स्थिति
-2679 रोजगार योजनाओं में लोन वितरण लक्ष्य
-8860 बैंकों को प्रेषित प्रकरण
-1967 बैंकों से स्वीकृत प्रकरण
-1243 बैंकों से वितरित प्रकरण
-46 प्रतिशत केस में ही वितरित हो सका है लोन

ऐसे समझें रोजगार की आवश्यकता
-3200 स्कूल हैं जिले में
-2400 शासकीय स्कूल
-800 निजी स्कूल
-400000 अध्ययनरत छात्र
-55 हजार छात्र औसतन हर साल होते हैं 12 वीं पास आउट
-49 कॉलेज
-13 शासकीय कॉलेज
-36 निजी कॉलेज
-12 इंजीनियरिंग कॉलेज
-40000 छात्र कॉलेजों में अध्ययनरत
-25000 स्नातक हर साल होते हैं पास आउट

जबलपुर। कहने को तो जबलपुर जिला मप्र का महत्वपूर्ण शहर है। लेकिन, जिले और आसपास के क्षेत्र में बेरोजगारी भारी संकट है। हर साल बड़ी संख्या में ग्रेजुएट व पोस्ट ग्रेजुएट युवा शहर के कॉलेज और विश्वविद्यालयों से पॉस आउट हो रहे हैं। सालाना पॉस आउट होने वाले युवाओं की संख्या पच्चीस हजार के लगभग है, लेकिन उनके पास उस अनुपात में रोजगार के अवसर नहीं हैं। चार दशकों से कोई बड़ा उद्योग नहीं लगा। ऐसे में बेरोजगार युवा स्वरोजगार की आस में रोजगार कार्यालय से लेकर उद्योग भवन और बैंकों के चक्कर काट रहे हैं। लेकिन, स्वरोजगार योजनाओं के ताजा आंकड़े इस बात की गवाही दे रहे हैं कि युवाओं को लोन मिलने की राह आसान नहीं है। मौजूदा वित्तीय वर्ष में अब तक साढ़े आठ हजार से ज्यादा लोन के आवेदन उद्योग विभाग की ओर से बैंकों को भेजे गए, जिनमें से लोन प्राप्त करने वालों की संख्या साढ़े बारह सौ से भी कम है।
लोन के प्रकरणों में योजनावार स्थिति
मुख्यमंत्री युवा उद्यमी योजना
लक्ष्य-बैंकों में प्रेषित प्रकरण-स्वीकृत प्रकरण-लोन वितरित-वितरित प्रकरणों का प्रतिशत
71-204-35-26-37
मुख्यमंत्री स्वरोजगार योजना
लक्ष्य-बैंकों में प्रेषित प्रकरण-स्वीकृत प्रकरण-लोन वितरित-वितरित प्रकरणों का प्रतिशत
1584-6292-1279-898-57

मुख्यमंत्री अर्थिक कल्याण योजना
लक्ष्य-बैंकों में प्रेषित प्रकरण-स्वीकृत प्रकरण-लोन वितरित-वितरित प्रकरणों का प्रतिशत
948-2185-617-297-31

प्रधानमंत्री स्वरोजगार योजना

लक्ष्य-बैंकों में प्रेषित प्रकरण-स्वीकृत प्रकरण-लोन वितरित-वितरित प्रकरणों का प्रतिशत
76-179-36-22-40

सितम्बर में खोला गया मॉडल कॅरियर सेंटर

युवाओं को रोजगार देने के लिए सितम्बर में शक्ति भवन के पास मॉडल कॅ रियर सेंटर खोला गया। दावा किया गया था कि युवाओं की काउंसलिंग कर उन्हें इंटरव्यू से लेकर मल्टीनेशनल कं पनियों में सेवाएं देने के लिए दक्ष बनाया जाएगा। नगर निगम व सीआईआई के बीच एमओयू भी हुआ। जिसके अनुसार युवाओं की योग्यता के अनुसार उन्हें अवसर मुहैया कराया जाना है। लेकिन अब तक इस सेंटर के माध्यम से भी ज्यादा तस्वीर नहीं बदली है। जिला उद्योग महाप्रबंधक देवव्रत मिश्रा ने बताया कि स्वरोजगार योजनाओं के तहत प्राप्त हुए आवेदनों को आवश्यक प्रक्रिया पूरी कर अविलंब बैंकों को भेजा जा रहा है। बैठक में लगातार इसकी समीक्षा भी कर रहे हैं।

shyam bihari Desk
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