Indian Air Force को मजबूत करने के लिए मध्यप्रदेश के इस शहर में दिन-रात हो रहा काम

वायुसेना के विध्वंसक बम की बॉडी तैयार करेगी जीआइएफ

By: abhishek dixit

Published: 19 Apr 2019, 06:46 PM IST

जबलपुर. ग्रे आयरन फाउंड्री (जीआइएफ) ब्रिज और बंकर को ध्वस्त करने में कारगर वायुसेना के 250 किलो हाई स्पीड बम की बॉडी भी तैयार करेगी। फाउंड्री में लम्बे समय बाद वीकल फैक्ट्री में बनने वाले सुरंगरोधी अपग्रेडेड सुरंगरोधी वाहन (एमपीवी) का हल भी बनेगा। इसी तरह हैंड ग्रेनेड की बॉडी भी तैयार होगी। इसका सीधा फायदा यहां के कर्मचारियों को होगा। इस वित्तीय वर्ष में भी यहां पर काम कमी नहीं होगी।

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आयुध निर्माणी बोर्ड ने फाउंड्री को 250 किलो विंध्वसक बम की बॉडी तैयार करने के लिए भी हामी भर दी है। बड़ी बात यह है कि पहली ही बार यहां पर 300 बम बॉडी बनकर तैयार होंगी। इस बम में बारूद भरने का काम भी ऑर्डनेंस फैक्ट्री खमरिया के अलावा दूसरी निर्माणियों में होगा। इस बम की यह खासियत है कि यह दुश्मन के रनवे, बड़े बंकर से लेकर रेलवे यार्ड को भी उड़ाने में सक्षम होता है। इसलिए वायुसेना में इसकी मांग भी रहती है।

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वीएफजे का हाथ बटाएगी फाउंड्री
वीकल फैक्ट्री में इस साल अपग्रेडेड सुरंगरोधी वाहनों का उत्पादन होना है। इनका हल यानी की ढंाचा भी फाउंड्री में तैयार होंगे। सूत्रों ने बताया कि इस साल करीब 50 हल बनाने का काम जीआईएफ को दिया गया है। इसे बेल्डिंग के अलावा कुछ पाट्र्स को ढलाई के जरिए भी बनाया जाता है। यही नही पिछले साल हैंड ग्रेनेड का काम उतनी मात्रा में नहीं था। इस साल यहां पर 40 हजार हैंड गे्रनेड की बॉडी एवं 10 हजार से ज्यादा एरियल बम बॉडी तैयार की जाएगी। इससे फाउंड्री में सालभर काम की कमी नहीं रहने वाली। प्रबंधन का कहना है कि दिए गए टारगेट के हिसाब से कच्चे माल की व्यवस्था शुरू कर दी गई है।

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