बीपीएड पाठ्यक्रम के लिए पर्याप्त शिक्षक नहीं, एनसीटीइ ने समाप्त की सम्बद्धता

बीपीएड पाठ्यक्रम के लिए पर्याप्त शिक्षक नहीं, एनसीटीइ ने समाप्त की सम्बद्धता
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Prashant Gadgil | Updated: 04 Jul 2019, 09:19:13 PM (IST) Jabalpur, Jabalpur, Madhya Pradesh, India

रानी दुर्गावती विश्वविद्यालय : नए छात्र नहीं ले सकेंगे प्रवेश

 

जबलपुर । रानी दुर्गावती विश्वविद्यालय में संचालित बैचलर ऑफ फिजिकल एजुकेशन (बीपीएड) की सम्बद्धता को नेशनल काउंसिल ऑफ टीचर एजुकेशन (एनसीटीइ) ने समाप्त कर दिया है। समबद्धता समाप्त होने से अब छात्र बीपीएड में प्रवेश नहीं ले सकेंगे। यह कार्रवाई विभाग के पास पाठयक्रम संचालन के लिए मापदंडों का पालन नहीं होने, नियमित शिक्षकों की कमी और निर्धारित पद नहीं होने पर की है। एनसीटीइ के इस निर्णय के खिलाफ रादुविवि प्रशासन कोर्ट में जाने की तैयारी कर रहा है।
15 शिक्षक होने चाहिए
एनसीटीइ के अनुसार बीपीएड की सीट बढ़ाने के बाद नए नियमों के मुताबिक विभाग में 15 शिक्षक होने चाहिए। विभाग के पास इतने शिक्षक नहीं हैं। इस सम्बंध में रादुविवि प्रशासन का कहना है, यूजीसी से तीन पद स्वीकृत हैं, जो भरे हुए हैं।
नहीं मिली अनुमति
एनसीटीई के मापदंडों के अनुसार रिक्त पदों को भरने के लिए रादुविवि प्रशासन ने सेल्फ फाइनेंस के तहत राज्य शासन से अनुमति मांगी है, जो अभी तक नहीं मिली है। इसलिए अतिथि शिक्षकों से इस कमी को पूरा किया जा रहा था। लेकिन, एनसीटीइ इसे मान्य नहीं कर रहा है।
चार साल का है पाठ्यक्रम
बीपीएड पाठ्यक्रम चार साल का है। पिछले वर्ष के करीब 50 छात्र अध्ययनरत हैं। ये छात्र तो पढ़ते रहेंगे, लेकिन नए छात्र प्रवेश नहीं ले सकेंगे। एनसीटीइ ने समय-समय पर रादुविवि प्रशासन को सुविधाओं में सुधार के निर्देश भी दिए, लेकिन विवि ने ध्यान नहीं दिया।
भोपाल, रीवा विवि पर भी कार्रवाई
जानकारी के अनुसार एनसीटीइ ने मापदंड पूरा किए बिना पाठ्यक्रम के संचालन पर भोपाल के बरकतुल्लाह विश्वविद्यालय और रीवा के अवधेश प्रताप सिंह विश्वविद्यालय पर भी सम्बद्धता समाप्त करने की कार्रवाई की है। बरकतुल्लाह विवि के बाद रादुविवि प्रशासन भी दिल्ली हाईकोर्ट की शरण में जाने की तैयारी कर रहा है।

 

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