ऐसा क्या हुआ कि 11 फीसदी तक गिर गया परिणाम

दसवी व बारहवी के परिणामों में आई 11 फीसदी गिरावटदसवी में 54 फीसदी तो बारहवी का परिणाम 66 फीसदी, छात्राएं इस बार भी रहीं आगें

By: Mayank Kumar Sahu

Published: 16 May 2019, 12:13 PM IST

जबलपुर।

माध्यमिक शिक्षा मंडल बोर्ड ने बुधवार को दसवीं एवं बारहवीं कक्षा के नतीजे घोषित कर दिए। दसवीं की प्रदेश मेरिट में इस बार जिले का सूपड़ा साफ हो गया तो वहीं दूसरी और बारहवीं कक्षा में जीव विज्ञान संकाय से एक छात्रा अव्वल रही। जिले का 10वीं कक्षा का परीक्षा परिणाम 54.16 रहा। जबकि 12वीं कक्षा में जिले का परिणाम 66.37 रहा है। दोनों ही कक्षाओं में हर बार की तरह छात्राओं ने बाजी मारी। दसवीं कक्षा में छात्राओं का प्रतिशत जहां 59.01 एवं लडक़ों का प्रतिशत 49.12 रहा। जबकि 12वीं कक्षा में लड़कियों के पास होने का प्रतिशत 71.55 तथा लडक़ों का 60.54 रहा। दसवीं कक्षा में जिले से 24 हजार 758 छात्र परीक्षा में शामिल हुए। वहीं बारहवीं कक्षा में 17 हजार 236 परीक्षार्थियों ने परीक्षा दी।पिछले वर्ष 10वीं का 65 व 12वीं का 74 फीसदी रहा परिणामगत वर्ष की तुलना में जिले का परीक्षा परिणाम में 11 फीसदी तक गिरावट आई। गतवर्ष 2017-18 में जहां दसवीं कक्षा का परीक्षा परिणाम 65.62 प्रतिशत था तो वहीं वर्ष 2018-19 में गिरकर 54.16 फीसदी हो गया। इसी तरह बारहवी कक्षा में गतवर्ष 2017-18 में परिणाम 74.38 था वहीं वर्ष 2018-19 में गिरकर 66.37 हो गया। दसवीं कक्षा में जहां 11.46 फीसदी की गिरावट आई तो वही बारहवीं कक्षा में 8.01 की गिरावट दर्ज की गई।

साढ़े पांच हजार छात्रों को आई कम्पार्टमेंट

दसवीं कक्षा में जिले में 3189 छात्रों को कम्पार्टमेंट आई। इसमें लडक़ों की संख्या 1559 रही तो वहीं लड़कियों की संख्या 1627 रही है। जबकि दूसरी और 7945 छात्र-छात्राएं सफलता प्राप्त नहीं कर सके। इसी तरह बारहवीं कक्षा में 2303 छात्र-छात्राओं को कम्पार्टमंट आई। जिसमें 1116 छात्र एवं 1187 छात्राएं रहीं। दूसरी ओर 3477 छात्र-छात्राएं ऐसे रहे जो सफल नहीं हो सके।

प्रथम श्रेणी में छात्राओं ने मारी बाजी

दसवीं एवं बारहवीं कक्षा में प्रथम श्रेणी में 14 हजार 396 छात्र ऐसे थे जिन्होनें प्रथम श्रेणी में सफलता अर्जित की। दसवीं कक्षा में 5008 छात्राएं प्रथम श्रेणी में परीक्षा उत्तीर्ण करने में सफल रही जबकि छात्रों की संख्या 3590 रही। इसी तरह बारहवीं कक्षा में प्रथम श्रेणी में 3431 छात्राओं ने सफलता पाई तो वहीं छात्रों की संख्या 2367 पर सिमट गई। कुल मिलाकर यहां भी छात्राओं ने बाजी मारी।

वर्जन

-कई छात्र कुछ अंकों से स्टेट मेरिट में अपना स्थान कायम करने से वंचित रह गए हैं। जिले के परीक्षा परिणामों की समीक्षा कराई जाएगी, जो भी कमियां होंगी उसे दूर किया जाएगा।

-सुनील नेमा, जिला शिक्षा अधिकारी

Mayank Kumar Sahu Reporting
और पढ़े
हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned