कोटा से 13473 कोचिंग छात्र-छात्राएं लौटे बिहार

कोटा ( Kota ) में लॉकडाउन के कारण फंसे ( Stranded In Kota ) 13473 कोचिंग छात्र-छात्राएं ( Coaching Students ) विशेष ट्रेन से ( By Special Trains ) बिहार पहुंच गए ( Reached Bihar ) हैं और शनिवार को आखिरी ट्रेन भी आरा पहुंच जाएगी। ( Jaipur News )

By: sanjay kaushik

Updated: 09 May 2020, 01:37 AM IST

-शनिवार को आखिरी ट्रेन पहुंचेगी आरा
जयपुर/पटना। कोटा ( Kota ) में लॉकडाउन के कारण फंसे ( Stranded In Kota ) 13473 कोचिंग छात्र-छात्राएं ( Coaching Students ) विशेष ट्रेन से ( By Special Trains ) बिहार पहुंच गए ( Reached Bihar ) हैं और शनिवार को आखिरी ट्रेन भी आरा पहुंच जाएगी। ( Jaipur News ) बिहार के सूचना एवं जन-संपर्क सचिव अनुपम कुमार और परिवहन सचिव संजय अग्रवाल ने शुक्रवार को यहां वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए संवाददाता सम्मेलन में बताया कि शुक्रवार को दूसरे प्रदेशों से प्रवासी श्रमिकों एवं अन्य लोगों को लेकर 17 ट्रेनें बिहार आईं, जिनमें 20629 लोग थे। शनिवार को 15 ट्रेनों के आने की सूचना है इनमें 18115 लोग आ रहे हैं। इस तरह एक मई से सात मई तक 53 ट्रेनों से 62274 लोग बिहार आ चुके हैं।

-कोटा से विद्यार्थियों को जाने की केंद्र ने दी अनुमति

अग्रवाल ने कहा कि राजस्थान के कोटा से छात्रों को जाने के लिए राज्य सरकार के अनुरोध पर केंद्र ने ट्रेन की अनुमति दी। अब तक 11 ट्रेनों से 13473 छात्र और छात्राएं कोटा से बिहार वापस आ चुके हैं। कोटा से शनिवार को आखरी ट्रेन आरा पहुंचेगी। उन्होंने कहा कि कोटा से आए छात्रा-छात्राओं को उनके घर से करीब बिहार के 10 स्थानों पर पहुंचाया गया, ताकि उन्हें सड़क मार्ग से कम दूरी तय करनी पड़े।

-कोटा से जिलेवार बिहार गए विद्यार्थी

कोटा से विशेष ट्रेन से जाने वालों में पटना जिले के 1250, नालंदा के 952, पश्चिम चंपारण के 750, दरभंगा एवं मधुबनी के 600-600, मधेपुरा के 572, गया के 553, सहरसा के 511, सुपौल के 527, रोहतास के 553, मुजफ्फरपुर के 474, नवादा के 409, पूर्णिया 375, सीतामढ़ी के 341 और भागलपुर के 348 छात्र-छात्राएं शामिल हैं।

-रेलवे को किया 78 लाख का अग्रिम भुगतान

परिवहन सचिव ने बताया कि राज्य सरकार ने इसके लिए रेलवे को अग्रिम भुगतान किया है। राज्य सरकार ने 11 ट्रेनों के लिए रेलवे को 78 लाख 43 हजार रुपए का अग्रिम भुगतान किया। छात्र-छात्राओं का सामान उठाने के लिए स्टेशन पर कुली तक की व्यवस्था की गई थी। स्टेशनों पर जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक खुद व्यवस्था की निगरानी के लिए मौजूद थे। ट्रेन से जो भी बच्चे बिहार के अलग-अलग हिस्से में पहुंचे हैं, उनके अभिभावकों ने राज्य सरकार को पूरी व्यवस्था करने के लिए धन्यवाद दिया है।

Show More
sanjay kaushik Incharge
और पढ़े

राजस्थान पत्रिका लाइव टीवी

हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned