2040 मुर्गी दफन

लॉक डाउन में मुर्गी पालन पर संकट
2040 मुर्गी दफन
300 रुपए की मुर्गी 25 रुपए में बेचनी पड़ी

By: Rakhi Hajela

Published: 23 Apr 2020, 05:21 PM IST


लॉक डाउन पॉल्ट्री फार्म पर भारी पड़ रहा है। मुर्गियों के खाने के दाने भी नही मिलने से हजारों मुर्गियों को जमीन में दफनाने के मामले देश के विभिन्न भागों से सामने आ रहे हैं। तो कई जगह पॉल्ट्री फार्म मालिकों ने उन्हें बेहद कम कीमत पर बेच दिया। राजस्थान के मांडलगढ़ क्षेत्र में स्थित पॉल्ट्री फार्मो की हालत लॉक डाउन में काफी बिगड़ गई और कोरोना वायरस संक्रमण की अफवाह से मुर्गियों की बिक्री बंद हो गई और अंडे के खरीदार भी नहीं मिले एकाएक हुए लॉक डाउन से फार्म संचालकों के पास मुर्गियों के लिए दाना भी नहीं रहा। दाना नहीं मिलने से मुर्गियां मरने लगी।
एेसे में यहां पिछले सप्ताह दो हजारसे अधिक मुर्गियों को जमीन में दफन करना पड़ा। पॉल्ट्री फार्म संचालक वहीद शाह के अनुसार लॉक डाउन से फार्म पर दाने का संकट हो गया जिससे मुर्गियां मरने लगी। इसकी सूचना उपखंड अधिकारी को दी गई और उपखंड अधिकारी त्रिलोकचंद मीणा के आदेश पर 2040 मुर्गियों को जमीन में बड़ा खड्डा खोदकर उसमें दफन किया गया। इसी प्रकार बीगोद निवासी आबिद हुसैन ने बताया कि कोरोना वायरस संक्रमण की अफवाह एवं दाने का संकट उत्पन्न हो गया। जिससे सात हजार मुर्गियों को बहुत कम रुपए में बेचनी पड़ी। यही हाल अजंता पॉल्ट्री फार्म के जाकिर हुसैन का भी हुआ। इनके छ: हजार दो सौ मुर्गियों को भी 25 रुपए में बेचना पड़ा। जिससे इन्हें लाखों का नुकसान भी हुआ है।आपको बता दें कि फार्म पर एक मुर्गी 100 ग्राम दाना खाती है जिसमें शंकरा मक्की, मुर्गी दाना सहित अन्य आहार देने पड़ते है। राज्य सरकार ने पॉल्ट्री फार्म पर समस्याओ को देखते हुए थोड़ी रियायत की है और अब दाने की व्यवस्थाएं की जा रही हैं लेकिन क्षेत्र में अब तक पॉल्ट्री फार्मो को अब तक लाखो रुपयों का नुकसान हो चुका है।

Rakhi Hajela Desk
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