वर्ष 2020 में 351 अधिकारी और कर्मचारी रिश्वत लेते गिरफ्तार

1064 हेल्पलाइन पर आई शिकायत, होगी तत्काल कार्रवाई

By: Lalit Tiwari

Updated: 06 Jan 2021, 09:47 PM IST

प्रदेश में रिश्वतखोरों को पकड़ने का सिलसिला लगातार जारी रहेगा। घूसखोरों पर नकेल कसने के लिए एसीबी सतर्क है। ऐसी शिकायत आ रही थी कि रिश्वतखोरों को पकड़वाने के बाद परिवादी का काम नहीं हो पाता है। इसके लिए एसीबी ने भरोसा दिलवाया है कि अगर पीड़ित का काम सही है तो एसीबी उसे पुरा करवाने में कोई कसर नहीं छोडेगी।
एसीबी के डीजी बीएल सोनी और एडीजी दिनेश एमएन ने बुधवार को प्रेसवार्ता कर वर्ष २०२० की उपलब्धियों के बारे में जानकारी दी और आमजन से अपील की घूसखोरों से परेशान नहीं हों, ब्यूरो को १०६४ हेल्पलाइन पर शिकायत करें या वाट्सअप नम्बर ९४१३५-०२८३४ पर टैक्स्ट मैसेज, ऑडियो या वीडियो संदेश से अपनी शिकायत भेजें। आपकी शिकायत पर तुंरत कार्रवाई होगी।


351 अधिकारी और कर्मचारी गिरफ्तार
(एसीबी) ने वर्ष 2020 में ३५१ अधिकारी व कर्मचारियों को रिश्वत लेने के आरोप में गिरफ्तार किया। इनमें से रंगे हाथ रिश्वत लेते पकड़े जाने के 253 प्रकरण दर्ज किए। इन मामलों में 64 राजपत्रित अधिकारियों के खिलाफ तथा 186 अराजपत्रित कर्मचारियों के खिलाफ दर्ज किए गए। इनमें सबसे अधिक कार्रवाई राजस्व, पुलिस, पंचायत, उर्जा, स्वायत्त शासन विभाग व चिकित्सा विभाग के अधिकारियों के खिलाफ की गई।

रिश्वत मांगने के 60 मामले दर्ज
रिश्वत मांगने के 60 मामले कर्ज किए गए। इसी तरह पद के दुरुपयोग के 34 मामले दर्ज किए, जिनमें से 15 मामले राजपत्रित अधिकारियों के खिलाफ थे। आय से अधिक सम्पत्ति के 16 मामले दर्ज किए। एक साल में दर्ज 363 मामलों में सर्वाधिक 59 मामले पंचायती राज विभाग, 57 राजस्व तथा 57 ही पुलिस विभाग के अधिकारियों के खिलाफ दर्ज किए गए। भारत सरकार के 18 अधिकारियों के खिलाफ भी ब्यूरो ने कार्रवाई की।

Lalit Tiwari Desk
और पढ़े

राजस्थान पत्रिका लाइव टीवी

हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned