चिता सजाने की हो रही थी तैयारी तभी "बाबूजी" उठकर टहलने लगे

 चिता सजाने की हो रही थी तैयारी तभी \

| Updated: 16 Jan 2015, 12:09:00 PM (IST) Jaipur, Rajasthan, India

परिजन जिसे मृत समझ कर बिलख रहे थे और उनकी अन्तिम संस्कार की तैयारियां शुरू कर दी, वह स्थानीय चिकित्सालय ले जाने पर जीवित निकला।

भीलवाड़ा। परिजन जिसे मृत समझ कर बिलख रहे थे और उनकी अन्तिम संस्कार की तैयारियां शुरू कर दी, वह स्थानीय चिकित्सालय ले जाने पर जीवित निकला। इस पर परिवार में मातम का माहौल खुशियों में तब्दील हो गया।

यह वाकया बुधवार सुबह भीलवाड़ा जिले के जहाजपुर कस्बे में उक गाड़ोलिया लुहार परिवार में घटा।

विद्युत निगम कार्यालय के बाहर डेरा डाल कर रह रहा बाबूलाल (65) पुत्र जगन्नाथ गाडोलिया लुहार गत दो माह से बीमार चल रहा था। बुधवार सुबह करीब 6 बजे अचानका तबीयत बिगड़ने के बाद वह अचेत हो गया। इस पर परिजनों ने उसे मृत समझ कर मातम शुरू कर दिया।

उन्होंने रिश्तेदारों को सूचित कर क्रियाकर्म की तैयारियां शुरू कर दी। पार्षद बाबूलाल खटीक व भाजपा नगर महामंत्री अंजनी पाराशर उसे स्थानीय चिकित्सालय में ले गए, जहां चिकित्सक ने उसे जीवित बताया।

इसके बाद परिजनों को रोना-धोना बन्द हो गया और उनके चहरे पर मुस्कुराहट लौट आई। भाई काशीलाल एवं पत्नी जमनादेवी ने बताया कि हमने तो सुबह बाबूलाल को मृत मान लिया, परन्तु अस्पताल ले जाने पर मालूम हुआ कि वह तो जीवित है।

चिकित्सा अधिकारी डॉ. अमित गुप्ता ने बताया कि वृद्ध का उपचार किया गया, अब उसकी हालत स्थिर है। इधर यह घटनाक्रम दिनभर कस्बे में चर्चा का विषय बना रहा।

राजस्थान पत्रिका लाइव टीवी

खबरें और लेख पढ़ने का आपका अनुभव बेहतर हो और आप तक आपकी पसंद का कंटेंट पहुंचे , यह सुनिश्चित करने के लिए हम अपनी वेबसाइट में कूकीज (Cookies) का इस्तेमाल करते हैं। हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति (Privacy Policy ) और कूकीज नीति (Cookies Policy ) से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned