म्यूचुअल फंड में तेजी से बढ़ रहे हैं असेट अलोकेटर फंड

म्यूचुअल फंड ( mutual fund ) उद्योग में असेट अलोकेटर फंड तेजी से बढ़ रहे हैं। इसका अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि महज दो साल में ही आईसीआईसीआई प्रूडेंशियल ( ICICI Prudential ) असेट अलोकेटर फंड म्यूचुअल फंड उद्योग में सबसे तेजी से बढ़ते फंड के रूप में उभरा है। इसके असेट अलोकेटर का असेट अंडर मैनेजमेंट (एयूएम) 10 हजार करोड़ रुपए हो गया है। यह मूलरूप से फंड्स ऑफ फंड्स (एफओएफ) है।

By: Narendra Kumar Solanki

Updated: 15 Jan 2021, 08:58 AM IST

जयपुर। म्यूचुअल फंड उद्योग में असेट अलोकेटर फंड तेजी से बढ़ रहे हैं। इसका अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि महज दो साल में ही आईसीआईसीआई प्रूडेंशियल असेट अलोकेटर फंड म्यूचुअल फंड उद्योग में सबसे तेजी से बढ़ते फंड के रूप में उभरा है। इसके असेट अलोकेटर का असेट अंडर मैनेजमेंट (एयूएम) 10 हजार करोड़ रुपए हो गया है। यह मूलरूप से फंड्स ऑफ फंड्स (एफओएफ) है। यह स्कीम इक्विटी, डेट और गोल्ड ओरिएंटेड ईटीएफ/स्कीम्स में निवेश करती है। इसका उद्देश्य सही समय पर सही असेट क्लास के लिए सही आवंटन करना है। फंड प्रबंधकों को सही निर्णय लेने में सहायता करना है। इसमें इक्विटी और डेट स्कीम्स में जीरो से 100 फीसदी तक निवेश कर सकते हैं। यह इन-हाउस वैल्यूएशन मॉडल का इस्तेमाल करता है। यह भावनाओं को एक तरफ रख कर निवेश का फैसला करता है। हालांकि सही आवंटन न सिर्फ इक्विटी मार्केट वैल्यूएशन पर निर्भर करता है बल्कि डेट मार्केट में मिलने वाले मौकों पर भी निर्भर करता है।

११ महीने में एयूएम १८ करोड़ से बढ़कर 10,000 करोड़
फरवरी 2019 में इस फंड का एयूएम लगभग 18 करोड़ रुपए था। 31 दिसंबर, 2020 तक यह बढ़कर 10,000 करोड़ रुपए हो गया। ऐसी स्कीम में निवेश करते समय इस बात को लेकर आश्वस्त हुआ जा सकता है कि सभी असेट क्लास द्वारा पेश किए जाने वाले अवसरों को उसके कार्पस के अनुसार कई असेट क्लास में बांटा जाएगा। आईसीआईसीआई प्रूडेंशियल असेट अलोकेटर फंड डायनॉमिक असेट अलोकेशन का पालन करता है। यह फंड सस्ते पर खरीदने और महंगे पर बेचने की रणनीति अपनाता है। बाजार की तेजी में यह इक्विटी एक्सपोजर को कम करता है। उदाहरण के लिए कोरोना की शुरुआत के दौरान इक्विटी का मूल्यांकन महंगा था। उस समय फंड का इक्विटी में 36 फीसदी अलोकेशन था। इससे यह हुआ कि मार्च 2020 में बाजार जब गिरा तो निवेशकों को काफी हद तक उस गिरावट से सुरक्षित रखा गया।
निवेशकों को बाजार में लाभ कमाने का अवसर
दूसरी ओर करेक्शन के बाद वैल्यूएशन में जैसे ही सुधार हुआ, इस डायनामिक अलोकेशन ने यह सुनिश्चित किया कि निवेशकों को बाजार में लाभ कमाने का अवसर मिल सकता है। आज जब बाजार नई ऊंचाई पर हैं, तो इस स्कीम का इक्विटी में एक्सपोजर 44.6 फीसदी है। आईसीआईसीआई प्रूूडेंशियल असेट अलोकेशन फंड अपनी श्रेणी में एक लगातार अच्छा परफॉर्मेंस देने वाला फंड रहा है। 11 जनवरी तक के आंकड़ों के मुताबिक, इक्विटी में इसका एक साल का रिटर्न 15.4 फीसदी रहा है, जबकि इस फंड की कैटेगरी का रिटर्न 12.8 फीसदी रहा है। दो साल में फंड ने 12.7 फीसदी रिटन्र्स दिया है, जबकि कैटेगरी का रिटर्न 10.8 फीसदी है। विश्लेषक कहते हैं कि असेट क्लास के बीच आवंटन का अच्छा बदलाव हो सकता है। इस प्रकार रिटेल निवेशकों के लिए एक आसान निवेश का रास्ता हो सकता है।

Narendra Kumar Solanki Desk
और पढ़े

राजस्थान पत्रिका लाइव टीवी

हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned