Anant Chaturdashi 2021 भगवान विष्णु के अनंत स्वरूप की आराधना

भाद्रपद शुक्ल की चतुर्दशी (Bhadrapada Chaturdashi) पर रविवार को रवि योग और आनंद योग के बीच अनंत चतुर्दशी (Anant Chaturdashi 2021) मनाई गई। श्रद्धालुओं ने भगवान विष्णु के अनंत स्वरूप की पूजा—अर्चना की। भक्तों ने व्रत रखरकर अनंत सूत्र बांधे। पुरुष श्रद्धालुओं ने अपने दाहिने और महिलाओं ने बाएं हाथ में अनंत धागा बांधा। व्रत करने वालों ने बिना नमक का भोजन किया।

By: Girraj Sharma

Published: 19 Sep 2021, 10:30 PM IST

भगवान विष्णु के अनंत स्वरूप की आराधना
— रवि योग में मनाई अनंत चतुर्दशी
— गोविंददेवजी मंदिर में शालिग्रामजी का हुआ पंचामृत अभिषेक
— श्रद्धालुओं ने अनंत सूत्र बांधे

जयपुर। भाद्रपद शुक्ल की चतुर्दशी (Bhadrapada Chaturdashi) पर रविवार को रवि योग और आनंद योग के बीच अनंत चतुर्दशी (Anant Chaturdashi 2021) मनाई गई। श्रद्धालुओं ने भगवान विष्णु के अनंत स्वरूप की पूजा—अर्चना की। भक्तों ने व्रत रखरकर अनंत सूत्र बांधे। पुरुष श्रद्धालुओं ने अपने दाहिने और महिलाओं ने बाएं हाथ में अनंत धागा बांधा। व्रत करने वालों ने बिना नमक का भोजन किया। कुछ लोगों ने घरों में सत्यनारायण की कथा भी करवाई।

शहर के आराध्य गोविंददेवजी मंदिर में राजभोग झांकी से पहले शालिग्रामजी भगवान का अनंत चतुर्दशी पर पंचामृत अभिषेक किया गया। इसके बाद ठाकुरजी राधा गोविंददेवजी को केसरिया रंग की नवीन पोशाक धारण करवाई गई। अनंत चतुर्दशी पर श्रीमन्नारायण प्रन्यास मंडल की ओर से सीकर रोड ढेर के बालाजी के श्रीमन नारायण धाम में महामंडलेश्वर पुरुषोत्तम भारती के सानिध्य में सत्यनारायण कथा का श्रवण कराया गया। ठाकुर श्रीलक्ष्मी नारायणजी के चित्रपट के समक्ष कथा श्रवण करवाकर भगवान विष्णु के अनंत स्वरूप का पूजन किया गया। ठाकुर जी से कोरोना के समूल नाश की कामना के साथ महाआरती की गई।

Girraj Sharma Desk
और पढ़े

राजस्थान पत्रिका लाइव टीवी

हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned