कचरे में मिट्टी मिलाई, हर माह लाखों की चपत लगाई

-घर-घर कचरा संग्रहण योजना में घोटाला, नगर निगम में कार्रवाई के नाम पर कर रहा खानापूर्ति, मॉनिटरिंग टीम दिखावटी साबित

By: mahesh gupta

Published: 25 Aug 2018, 02:26 AM IST

अश्विनी भदौरिया
जयपुर. घर-घर कचरा संग्रहण के नाम पर हर माह लाखों रुपए का घोटाला हो रहा है। इसका खुलासा तत्कालीन नगर निगम आयुक्त रवि जैन के तबादले के बाद हुआ, जब आयुक्त का अतिरिक्त कार्यभार सुरेश कुमार ओला ने संभाला। ओला ने सात अगस्त को निगम के अन्य अधिकारियों के साथ मथुरादासपुरा डम्पिंग जोन का अचानकनिरीक्षण किया। यहां पर हूपर के कचरे का वजन बढ़ाने के लिए इसमें मिट्टी मिलाई जा रही थी। कचरे में मिट्टी मिलाने को निगम अधिकारियों ने बेहद गंभीर माना। उसी दिन शाम को हुई बैठक में कहा गया कि शहर का कचरा 1340 टन से Óयादा नहीं लगता। वहीं बीवीजी कम्पनी 1800 मीट्रिक टन कचरा रोज उठाने की बात करता है। इस लिहाज से 460 मीट्रिक टन मिट्टी को कचरे में मिलाया जा रहा है। इतना ही नहीं, कम्पनी को निगम की ओर से प्रतिदिन 7.5 लाख रुपए और मासिक 2.25 करोड़ रुपए का भुगतान तक किया गया है।

यों पता चला अनियमितता का?
ओला ने सात अगस्त को निगम के अन्य अधिकारियों के साथ मथुरादासपुरा डम्पिंग जोन का औचक निरीक्षण किया था। इस दौरान कई अनियमितताएं पाई गईं।

-कम्पनी द्वारा सुबह आठ बजे तक वाहनों की औसत संख्या 15 बताई गई, जबकि उस दिन महज आठ हूपर ही आए।
-वाहन संख्या 6147 में तो पूर्णतया: मिट्टी ही पाई थी।

-एक वाहन में सिर्फ हाथी गांव का मलबा मिला।

(उसी दिन हुई बैठक की कार्यवाही विवरण के अनुसार)

कंपनी भी अलग-अलग वसूल रही है पैसा
बीवीजी कम्पनी नगर निगम के अलग-अलग जोन से डम्पिंग जोन तक कचरा पहुंचाने के लिए प्रति मीट्रिक टन अलग-अलग कीमत वसूलती है।

-सिविल लाइन्स और मानसरोवर जोन से 1650 रुपए
-हवामहल पूर्व, विद्याधर नगर और आमेर जोन से 1660 रुपए

-मोती डूंगरी, सांगानेर और हवामहल पश्चिम से 1670 रुपए

बैठक में बनी सिर्फ योजना
महापौर अशोक लाहोटी ने 21 अगस्त को बैठक कर एक बार फिर हवा-हवाई योजना तैयार की। बीवीजी कम्पनी पर 76 लाख रुपए जुर्माना लगाया। डम्पिंग जोन पर सहायक अभियंता से निगरानी कराने की बात कही। साथ ही एक सितम्बर से स्वास्थ्य और स्व'छता समिति के चेयरमैन मॉनिटरिंग भी करेंगे।


76 लाख रुपए का जुर्माना लगाया
शहरभर से आ रही शिकायतों को ध्यान में रखते हुए कंपनी पर 76 लाख रुपए का जुर्माना लगाया है। कचरे में मिट्टी मिलाने की शिकायत के बाद एक सहायक अभियंता की देखरेख में कचरा तौलने की बात हुई है। 57 करोड़ रुपए कंपनी का बकाया है। अनियमितता पाई गई तो इसमें से पैसे वसूल किए जाएंगे।
- अशोक लाहोटी, महापौर

 

mahesh gupta Desk
और पढ़े

राजस्थान पत्रिका लाइव टीवी

हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned