दिल्ली, चेन्नई के बाद अब राजस्थान में भी डेन-5 की दस्तक! इसी साल डेन-5 ने दी है देश में दस्तक

दिल्ली, चेन्नई के बाद अब राजस्थान में भी डेन-5 की दस्तक! इसी साल डेन-5 ने दी है देश में दस्तक

Santosh Kumar Trivedi | Publish: May, 31 2018 12:34:13 PM (IST) | Updated: May, 31 2018 12:35:58 PM (IST) Jaipur, Rajasthan, India

प्रदेश में डेंगू के नए स्वरूप डेन-5 ने दस्तक दे दी है। एसएमएस अस्पताल में आए दिन आ रहे डेगूं के मरीजों में डेन 5 के लक्षण देखने को मिल रहे हैं।

जयपुर। प्रदेश में डेंगू के नए स्वरूप डेन-5 ने दस्तक दे दी है। प्रदेश के सबसे बड़े एसएमएस अस्पताल में आए दिन आ रहे डेगूं के मरीजों में डेन 5 के लक्षण देखने को मिल रहे हैं। इसको लेकर चिकित्सक ग्रस्त हैं। कारण यह भी है कि डेगूं के नए स्वरूप की पुष्टि करने के लिए जांच की व्यवस्था एसएमएस मेडिकल कॉलेज में नहीं है।

इधर चिकित्सा विभाग डेन-5 को लेकर पूरी तरह से बेखबर है। एसएमएस अस्पताल में रिकॉर्ड तोड़ मरीज आने के बाद भी विभाग गंभीरता नहीं बरत रहा। इसकी पुष्टि के लिए एक दर्जन मरीजों के सैम्पल पूणे जांच के लिए भेजे जाने चाहिए, जहां मरीजों में डेंगू के नए स्वरूप की पहचान होगी।

कित्सकों की मानें तो हाल ही में देश की राजधानी दिल्ली सहित चेन्नई, हैदराबाद जैसे कई बड़े शहरों में डेन-5 की पहचान की गई है। जहां रोंकथाम के भी प्रयास शुरू हो चुके हैं। चिकित्सकों का कहना है कि समय रहते अगर इसकी पहचान कर ली जाती है कि समय रहते रोकथाम के प्रयास शुरू किए जा सकते हैं।

थकान के साथ गिरती जाती प्लेटरेट्स
भीषण गर्मी के बाद भी एसएमएस अस्पताल में तेजी से डेगूं के मरीज बढ़ रहे हैं। वैसे बरसाती सीजन में डेगूं के केस ज्यादा देखने को मिलते हैं। लेकिन स्थिति बिल्कुल उलट रही। सर्दी के बाद अब गर्मी में भी अधिकतम केस सामने आ रहे हैं। डेन-5 में मरीज के शरीर में पूरी तरह से थकान महसूस होती है और एक साथ प्लेटरेट्स गिरती है। यह मरीज के घातक भी सिद्द हो सकता है।

2004 से अभी तक डेन-4
2004 से लेकर अभी तक डेंगू के चार स्वरूप डेन 1,2,3 और 4 के केस मरीजों में आते रहे हैं। इनमें से डेन 2 के बाद 3 जानलेवा साबित हुआ है। इसी साल नए सेरोटाइप डेन -5 की पहचान देश के कुछ बड़े शहरों में की गई है।

यह है इस साल डेंगू की स्थिति
जनवरी- 39
फरवरी- 11
मार्च- 39
अप्रैल- 53
मई- 60

एसएमएस अस्पताल में लगातार डेगूं के मरीजों की संख्या बढ़ रही है। गर्मी के बाद भी डेगंू के मामले सामने आने के कारण संभावना है कि डेन ५ ने राज्य में दस्तक दी है। हांलाकि इसकी मृत्युदर अन्य के मुकाबले कम है। लेकिन समय रहते रोकथाम हो तो काबू पाया जा सकता है।
डॉ. सीएन नवल, विभागाध्यक्ष, मेडिसन

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