राजस्थान के पूर्व मुख्यमंत्री जगन्नाथ पहाड़िया का कोरोना से निधन, आज गुरुग्राम में होगा अंतिम संस्कार

प्रदेश में आज राजकीय शोक, आधा झुका रहेगा राष्ट्रीय ध्वज, पहाड़िया की पत्नी पूर्व सांसद शांति पहाड़िया का भी अस्पताल में चल रहा है इलाज, बिहार और हरियाणा के राज्यपाल रहे हैं पहाड़िया, देश में कांग्रेस के सबसे वरिष्ठ नेता के तौर पर जाना जाता था 88 साल के पहाड़िया को

By: firoz shaifi

Updated: 20 May 2021, 11:01 AM IST

फिरोज सैफी/जयपुर।

प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री और देश भर में कांग्रेस के सबसे वरिष्ठ नेता के तौर पर जाने जाने वाले जगन्नाथ पहाड़िया का देर रात 88 वर्ष की उम्र में कोरोना से निधन हो गया। पहाड़िया ने गुड़गांव के पार्क अस्पताल में अंतिम सांस ली। पहाड़िया की पत्नी और पूर्व राज्यसभा सांसद शांति पहाड़िया का भी गुरुग्राम में ही इलाज चल रहा है उनकी भी हालत चिंताजनक बताई जा रही है।

पहाड़िया के निधन पर कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी, पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी, प्रियंका गांधी, हरियाणा के पूर्व सीएम भूपेंद्र हुड्डा, मुख्यमंत्री अशोक गहलोत, पूर्व सीएम वसुंधरा राजे, विधानसभा स्पीकर सीपी जोशी, प्रदेश कांग्रेस के अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा, प्रदेश प्रभारी अजय माकन, भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष सतीश पूनियां, सचिन पायलट और राज्यपाल कलराज मिश्र सहित कई नेताओं ने शोक व्यक्त किया है।

प्रदेश में आज राजकीय शोक
वहीं पूर्व मुख्यमंत्री के निधन के चलते प्रदेश में आज 1 दिन का राजकीय शोक रहेगा। सरकारी कार्यालयों में अवकाश रहेगा। साथ ही राजकीय शोक में राष्ट्रीय ध्वज आधा झुका रहेगा।

गुड़गांव में ही होगा अंतिम संस्कार
वहीं पहाड़िया के परिवारजनों की मानें तो उनका अंतिम संस्कार गुरुग्राम के सेक्टर 32 में होगा। उनके सभी परिजनों ने अस्पताल पहुंचकर कागजी कार्रवाई पूरी की। जा रहा है कि दोपहर 12 बजे उनका अंतिम संस्कार राजकीय सम्मान के साथ किया जाएगा उनके परिवार जन मौजूद रहेंगे।

1932 को भूसावर में हुआ जन्म
पूर्व मुख्यमंत्री जगन्नाथ पहाड़िया का जन्म 15 जनवरी 1932 को भरतपुर जिले के भुसावर गांव में हुआ था उन्होंने अपनी प्रारंभिक शिक्षा भरतपुर और वकालत जयपुर के राजस्थान विश्वविद्यालय से की थी।

चार बार सांसद और चार बार रहे विधायक
वहीं जगन्नाथ पहाड़िया चार बार लोक सांसद और और चार बार ही विधायक रहे हैं । जगन्नाथ पहाड़िया 1957, 1967, 1971 और 1980 में चार बार सांसद और साल 1980, 1985, 1999 और 2003 में पार्टी के विधायक रहे हैं। वे तीन बार केंद्रीय मंत्री और कांग्रेस पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव भी रहे। पहाड़िया इंदिरा गांधी की कैबिनेट में रहे। उनके पास वित्त, उद्योग, श्रम और कृषि विभाग रहे हैं। पहली बार 1967 में वित्त राज्य मंत्री रहे। 1970 से 1971 तक भी राज्य मंत्री उसके बाद 1980 वित्त राज्य मंत्री रहे।

13 महीने के लिए राजस्थान के सीएम
वही जगन्नाथ पहाड़िया जून 1980 से 14 जुलाई 1981 तक मात्र 13 महीने के लिए राजस्थान के सीएम रहे । 13 महीने के छोटे से कार्यकाल में पहाड़िया ने प्रदेश में पूरी तरह शराब बंदी लागू कर दी थी। हालांकि उनके इस फैसले का तब राजनीतिक गलियारों में जमकर विरोध हुआ था।

संजय गांधी के बेहद करीबी थे पहाड़िया
कांग्रेस के कद्दावर नेता और इंदिरा गांधी के पुत्र संजय गांधी के बेहद करीबी नेताओं में जगन्नाथ पहाड़िया का शुमार था। कहा जाता है कि पहाड़िया को मुख्यमंत्री बनाने में संजय गांधी का बड़ा रोल था।

हरियाणा और बिहार के राज्यपाल भी रहे
जगन्नाथ पहाड़िया साल 1989 से 90 तक 1 साल के लिए बिहार और साल 2009 से 2014 तक हरियाणा के राज्यपाल भी रहे हैं।

जवाहरलाल नेहरू के सामने दिया था प्रेजेंटेशन
बताया जाता है कि साल 1957 में कांग्रेस के दिग्गज नेता मास्टर आदित्येंद्र जगन्नाथ पहाड़िया को तत्कालीन प्रधानमंत्री पंडित जवाहरलाल नेहरू से मिलाने ले गए थे। उस वक्त पहाड़िया की उम्र महज 25 साल थी। पंडित नेहरू ने युवा पहाड़िया से देश-प्रदेश के हालात के बारे में पूछा तो पहाड़िया ने बेबाकी से कहा था कि बाकी तो सब ठीक है लेकिन दलितों को राजनीति में प्रतिनिधित्व नहीं मिल पा रहा है। इस पर पंडित नेहरू ने उन्हें चुनाव लड़ने को कहा और वह तैयार हो गए। साल 1957 में वह दूसरे आम चुनाव में जगन्नाथ पहाड़िया सवाई माधोपुर से सांसद चुने गए गए थे।

पहाड़िया के निधन पर किसने क्या कहा


अशोक गहलोत
पूर्व मुख्य जगनन्नाथ पहाड़िया के निधन पर मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने शोक प्रकट किया है। गहलोत ने कहा कि कोरोना से पूर्व मुख्यमंत्री जगन्नाथ पहाड़िया के निधन की खबर बेहद दुखद है। पहाड़िया ने मुख्यमंत्री के रूप में राज्यपाल के रूप में केंद्रीय मंत्री के रूप में लंबे समय तक देश की सेवा की है। वह देश के वरिष्ठ नेताओं में से थे। पहाड़ियां हमारे बीच से कोविड-19 चले गए हैं उनके निधन से मुझे बहुत आघात पहुंचा है। ईश्वर से प्रार्थना है कि शोकाकुल परिजनों को इस कठिन समय में संबल दे और दिवंगत आत्मा को शांति प्रदान करें।

गोविंद डोटासरा
प्रदेश कांग्रेस के अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा ने कहा कि पूर्व उपमुख्यमंत्री और वरिष्ठ कांग्रेस के नेता पहाड़िया जी के निधन का समाचार मिला है। ईश्वर उनकी आत्मा को शांति प्रदान करें और उनके परिवार को संबल प्रदान करें।

वसुंधरा राजे
पूर्व सीएम वसुंधरा राजे ने कहा कि राज्य के पूर्व मुख्यमंत्री जगन्नाथ पहाड़िया जी के निधन का समाचार बेहद दुःखद है। पहाड़िया जी ने मुख्यमंत्री, राज्यपाल व केंद्रीय मंत्री सहित विभिन्न संवैधानिक पदों पर रहते हुए देश व प्रदेश की निस्वार्थ भाव से सेवा की थी। ईश्वर दिवंगत आत्मा को शांति प्रदान करें।

सचिन पायलट
पूर्व उपमुख्यमंत्री सचिन पायलट ने कहा कि पूर्व मुख्यमंत्री जगन्नाथ पहाड़िया जी के निधन का दुखद समाचार मिला है। उन्होंने अपने राजनीतिक जीवन में उच्च पदों पर रहकर प्रदेश व देश की प्रगति में अहम योगदान दिया है। ईश्वर दिवंगत आत्मा को श्री चरणों में स्थान दे व परिजनों को संबल प्रदान करें।

 

शोकाभिव्यक्ति के लिए आज मंत्रिपरिषद समूह की बैठक
इधर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री जगन्नाथ पहाड़िया के निधन पर शोक व्यक्त करने के लिए मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने आज मंत्रिपरिषद समूह की बैठक बुलाई है। दोपहर 12 बजे होने वाली बैठक में कैबिनेट और मंत्रिपरिषद के सदस्य शामिल होंगे।

इस दौरान मुख्यमंत्री अशोक गहलोत और मंत्रिमंडल के कई सदस्य जगन्नाथ पहाड़िया के देश-प्रदेश में दिए गए योगदान पर प्रकाश डालेंगे और उसके बाद मंत्रिपरिषद की बैठक में 2 मिनट का मौन रखकर मंत्रिपरिषद की बैठक विसर्जित कर दी जाएगी। हालांकि शोकाभिव्यक्ति के अलावा मंत्रिपरिषद में कोई और दूसरे अन्य कामकाज नहीं होंगे।

स्माधि स्थल के लिए जमीन आवंटन की चर्चा
विश्वस्त सूत्रों की माने तो राज्य के पूर्व मुख्यमंत्री और कांग्रेस के वयोवृद्ध नेता जगन्नाथ पहाड़िया के निधन के बाद उनकी स्माधि स्थल के लिए जमीन आवंटन को लेकर भी कांग्रेस में चर्चा तेज हो गई है। कहा जा रहा है कि मुख्यमंत्री अशोक गहलोत उनकी स्माधि स्थल के लिए जमीन आवंटन को लेकर मंत्रिपरिषद की बैठक में चर्चा कर सकते हैं।

Corona virus
firoz shaifi Desk
और पढ़े

राजस्थान पत्रिका लाइव टीवी

हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned