सिर्फ एक को बेरोजगारी भत्ता, 10 फीसदी को रोजगार

सिर्फ एक को बेरोजगारी भत्ता, 10 फीसदी को रोजगार

Mridula Sharma | Publish: Sep, 08 2018 10:12:13 AM (IST) Jaipur, Rajasthan, India

राजस्थान: कैग रिपोर्ट से खुला मनरेगा का सच

जयपुर . राजस्थान सरकार ने मनरेगा के तहत पांच साल में एक ही व्यक्ति को बेरोजगारी भत्ता दिया है, जबकि सौ दिन से अधिक की मजदूरी पाने वालों की संख्या महज दस फीसदी है। मनरेगा के इस सच का खुलासा नियंत्रक व महालेखापरीक्षक (कैग) की रिपोर्ट में हुआ है। कानूनन प्रत्येक परिवार को वर्ष में न्यूनतम सौ दिवस का रोजगार उपलब्ध कराना चाहिए, मगर वर्ष 2013 से 2017 तक 100 दिन रोजगार उपलब्ध कराने का प्रतिशत मात्र 9.91 प्रतिशत ही रहा। वहीं, आंकड़ों की माने तो पांच साल में प्रदेश में मात्र एक व्यक्ति बेरोजगार रहा है। वर्ष 2015-16 में राजसमंद की भीम पंचायत समिति में मात्र एक मामले में 1564 रुपए का भत्ता जारी किया गया है।

 

15 दिन में रोजगार देना जरूरी
कहने को तो मनरेगा में रोजगार उपलब्ध कराने के लिए विशेष व्यवस्था की गई है। पंचायत स्तर पर ग्रामीणों के लिए निशुल्क रोजगार आवेदन फॉर्म उपलब्ध होने चाहिए। आवेदन पर पंचायत या कार्यक्रम अधिकारी को दिनांक अंकित कर प्राप्ति रसीद देनी होती है। रोजगार मांगने पर 15 दिन में ग्रामीण को रोजगार उपलब्ध कराना जरूरी है। ऐसा नहीं होने पर ग्रामीण बेरोजगारी भत्ता मांगने का हकदार है।

 

जॉब कार्ड के लिए सर्वे नहीं
मनरेगा में प्रावधान है कि रोजगार चाहने वाले लोगों की पहचान के लिए हर वर्ष डोर टू डोर सर्वे होगा। यही नहीं रोजगार के लिए जो जॉब कार्ड जारी हुए हैं उनका 5 साल में नवीनीकरण होगा। मनरेगा के तहत दोनों ही नियमों के पालना कराने की कोशिश ही नहीं हुई। जब नियंत्रक-महालेखापरीक्षक ने इसकी पड़ताल की तो मार्च 2018 में सरकार द्वारा सर्वे के आदेश जारी किए गए।

 

हकीकत में यह खेल
जबकि हकीकत में पंचायत स्तर पर रोजगार आवेदन पत्र ही उपलब्ध नहीं है। करीब 222 ग्राम पंचायतों की जांच में 99 स्थानों पर रोजगार आवेदन पत्र ही उपलब्ध नहीं मिले। इसी तरह 170 ग्राम पंचायत पर आवेदन जमा कराए गए, लेकिन ग्राम पंचायत या कार्यक्रम अधिकारी की ओर से उन पर तारीख अंकित कर स्वीकार नहीं किया गया। ऐसे में रोजगार उपलब्ध कराने की सीमा 15 दिन का आकलन नहीं हो सका। जांच में यह भी खुलासा हुआ कि रोजगार मांगने पर रोजगार देने की व्यवस्था नहीं है।

राजस्थान पत्रिका लाइव टीवी

खबरें और लेख पड़ने का आपका अनुभव बेहतर हो और आप तक आपकी पसंद का कंटेंट पहुंचे , यह सुनिश्चित करने के लिए हम अपनी वेबसाइट में कूकीज (Cookies) का इस्तेमाल करते है । हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति (Privacy Policy ) और कूकीज नीति (Cookies Policy ) से सहमत होते है ।
OK
Ad Block is Banned