लॉक डाउन में नगर निगम की छवि सुधरी, 95 फीसदी शिकायतों का हुआ निपटारा

जयपुर नगर निगम की कार्यशैली को लेकर हमेशा ही सवाल उठते आए हैं। सफाई, सीवर लाइन, बंद रोड लाइट्स जैसी आम शिकायतें हैं जो नगर निगम की कार्यशैली पर हमेशा से ही दाम लगाती आई हैं, लेकिन लॉक डाउन के दौरान जयपुर नगर निगम की इस छवि में सुधार हुआ है।

By: Umesh Sharma

Published: 16 May 2020, 05:42 PM IST

जयपुर।

जयपुर नगर निगम की कार्यशैली को लेकर हमेशा ही सवाल उठते आए हैं। सफाई, सीवर लाइन, बंद रोड लाइट्स जैसी आम शिकायतें हैं जो नगर निगम की कार्यशैली पर हमेशा से ही दाम लगाती आई हैं, लेकिन लॉक डाउन के दौरान जयपुर नगर निगम की इस छवि में सुधार हुआ है।

इसका अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि जयपुर शहर में साफ-सफाई सहित जरूरतमंदों तक राशन और खाना पहुंचाने का काम नगर निगम कर रहा है। इसके बाद भी निगम को मिली शिकायतों में 95 फीसदी का निपटारा हो चुका है। लॉक डाउन के शुरुआती दौर में खाना नहीं मिलने, सीवरेज जाम, साफ सफाई जैसी शिकायतों का भी अम्बार लगा रहा। लेकिन निगम ने इन सभी शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए इनका निपटारा किया। निगम प्रशासन ने अब तक दर्ज 88 हजार से ज्यादा शिकायतों में से 94 फीसदी का निस्तारण कर दिया है। आंकड़ों पर नजर डाले तो निगम में लॉकडाउन लगने के बाद से 12 मई तक कुल 88 हजार 274 शिकायतें दर्ज हुई। इनमें से कुल 83 हजार 291 शिकायतों का निस्तारण किया जा चुका है। निगम अधिकारियों की माने तो ये शिकायतें लॉकडाउन अवधि में साफ-सफाई, रोड लाइट व सीवर जाम के अलावा भोजन पैकेट्स, सूखी राशन किट और सेनेटाइजेशन करवाने से संबंधित हैं।

सांगानेर जोन में सबसे ज्यादा शिकायतें

नगर निगम के रिकॉर्ड पर नजर डाले तो सबसे अधिक सांगानेर जोन क्षेत्र से 7 हजार 757 शिकायतें मिलीं, जिनमें से 7096 शिकायतों का निस्तारण कर दिया गया। सबसे कम शिकायतें मुख्यालय स्तर पर 779 आई, जिसमें से 698 का निस्तारण किया गया। जिन जोन कार्यालयों या मुख्यालय स्तर पर शिकायतों का निस्तारण नहीं हुआ उन्हें तीसरे स्तर पर (आयुक्त के पास) भेजा गया। नगर निगम आयुक्त विजयपाल सिंह के स्तर पर पहुंची 57 हजार 432 शिकायतों में से 55 हजार 959 का निस्तारण अब तक किया जा चुका है।

Umesh Sharma Reporting
और पढ़े

राजस्थान पत्रिका लाइव टीवी

हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned