किसी भी तृतीय भाषा का अध्ययन कर सकेंगे विद्यार्थी


बंद नहीं होगी उर्दू, सिंधी और पंजाबी भाषा की पढ़ाई

By: Rakhi Hajela

Updated: 06 Sep 2020, 06:08 PM IST


राज्य के किसी भी राजकीय उच्च प्राथमिक विद्यालयों में कक्षा छठीं से आठवीं में अध्ययनरत विद्यार्थी किसी भी तृतीय भाषा का अध्ययन कर सकेंगे। स्कूलों में उर्दू, सिंधी और पंजाबी भाषा की पढ़ाई बंद नहीं होगी। शिक्षा निदेशक सौरभ स्वामी ने इस संबंध में प्रदेश के सभी जिला शिक्षा अधिकारियों को निर्देश दिए हैं। माध्यमिक शिक्षा निदेशक के मुताबिक निशुल्क और अनिवार्य शिक्षा अधिनियम के मुताबिक किसी भी राजकीय उच्च प्राथमिक विद्यालय में विद्यार्थी कक्षा ६ से ८ में किसी भी तृतीय भाषा का अध्ययन कर सकता है।
राजकीय विद्यालयों में शैक्षणिक पदों के आवंटन व पद स्थापन के लिए 28 मई 2019 के अनुसार राजकीय उच्च प्राथमिक विद्यालयों में न्यूनतम पदों के आवंटन के प्रावधानुसार कक्षा छह से आठ में पढऩे वाले विद्यार्थियों के अध्यापन के लिए हिन्दी अथवा तृतीय भाषा के विषयों में से एक ही विषय के एक ही पद का आवंटन किया गया है।
तृतीय भाषा के पद का आवंटन करने की स्थिति में संबंधित विद्यालय की कक्षा छह से आठ के विद्यार्थियों द्वारा विभिन्न तृतीय भाषाओं के आधार किए जाने का प्रावधान है। स्टाफिंग पैटर्न के अनुसार निदेशक प्रारंम्भिक शिक्षा एवं पंचायत राज की ओर विद्यालयों में पदों की स्वीकृति के आदेश जारी किए जाएंगे।
शिक्षा निदेशक के अनुसार कुछ एक जिलों में देखने में आया है कि जिला शिक्षा अधिकारियों की ओर से अपने स्तर पर ही विद्यालय विशेष में किसी विषय तृतीय भाषा के संचालन की स्वीकृति दी जा रही है, जिसकी अलग से स्वीकृति जारी करने की आवश्यकता नहीं हैं। जिला शिक्षा अधिकारी की ओर विद्यालय विशेष में किसी विशेष तृतीय भाषा के संचालन की स्वीकृति का आदेश जारी किया गया हैए तो उस आदेश को तुरंत प्रभाव से प्रत्याहारित करें। साथ ही यह भी सुनिश्चित करें कि राजकीय उच्च प्राथमिक विद्यालय में छठी से आठवीं कक्षा में किसी भी विद्यार्थी को किसी भी तृतीय भाषा के अध्ययन से रोका न जाए।

पीएसएसटी के लिए आवेदन शुरू
संस्कृत विश्वविद्यालय ने शुरू की प्रवेश प्रक्रिया

जगद्गुरु रामानंदाचार्य राजस्थान संस्कृत विश्‍वविद्यालय में सोमवार से विभिन्न पाठ्यक्रमों के लिए ऑनलाइन प्रवेश प्रक्रिया शुरू होगी। विश्वविद्यालय द्वारा जारी विज्ञप्ति के अनुसार प्री शिक्षाशास्त्री टेस्ट (पीएसएसटी), इंटीग्रेटेड शास्त्री—शिक्षाशास्त्री एवं प्री शिक्षाचार्य टेस्ट (पीएसएटी) पाठ्यक्रमों के लिए विद्यार्थी http://www.jrrsanskrituniversity.ac.in/ पर ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। सभी पाठ्यक्रमों के लिए आवेदन करने की अंतिम तिथि 1 अक्टूबर, 2020 हैं।

Rakhi Hajela Desk
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