रिपोर्ट में भी माना ब्लेक लिस्टेड कंपनी के ही लगाए गए थे वाॅल्व

गड़बड़ी : एसएमएस अस्पताल में हार्ट वॉल्व लगाने का मामला, जांच कमेटी ने सौंपी रिपोर्ट

By: Nitin Sharma

Published: 18 Dec 2018, 04:15 PM IST

Jaipur, Jaipur, Rajasthan, India

 

जयपुर | एसएमएस अस्पताल में हार्ट मरीजों को ब्लेक लिस्टेड कंपनी के हार्ट वाल्व लगाए जाने के मामले में जांच कमेटी ने अपनी रिपोर्ट सौंप दी है। कमेटी ने रिपोर्ट में यह माना है कि मरीजों को ये वाल्व लगाया जाना गलत है। यह रिपोर्ट एसएमएस प्रिंसीपल और अस्पताल अधीक्षक को सौंपी गई है। गौरतलब है कि एसएमएस अस्पताल में हार्ट वाल्व सप्लाई के लिए आरएमआरएस खरीद करता है। पिछले कुछ सालों में सेंट ज्यूड कंपनी ने यह टेंडर हासिल किया और वाल्व सप्लाई की, लेकिन बाद में वाल्व में कुछ खराबी और कीमतों को लेकर कंपनी की गड़बड़ी सामने आई। टेंडर शर्तों के अनुसार कंपनी को आरएमआरएस को एक करोड़ 87 लाख रुपए का भुगतान करना था, लेकिन कंपनी ने यह भुगतान नहीं किया। इसके बाद कंपनी को ब्लेक लिस्टेड कर दिया गया। अगले साल (2017-2018) में भी नए टेंडर जारी हुए और अन्य कंपनी को यह काम भी मिल गया। इन सब के बावजूद अस्पताल के डॉक्टर्स ने ब्लेक लिस्टेड कंपनी सेंट ज्यूड से ही वाल्व मंगाए और मरीजों को लगा दिए। भास्कर ने मामले को सबसे पहले प्रकाशित किया और बताया कि 54 मरीजों को ये वाल्व लगाए गए। यहां तक कि मरीजों को एक वाल्व के पांच हजार अधिक रुपए तक देने पड़े।

कार्रवाई के बजाए इस पूरे जगह मामले को दबाया जाता रहा
ब्लेक लिस्टेड कंपनी से वाॅल्व खरीदने के मामले में मेडिकल कॉलेज प्रशासन पूरी तरह बचता हुआ नजर आ रहा है। पहले जब मामला सामने आया तब दबाया जाता रहा। भास्कर ने इस मामले को 4 नवंबर के अंक में उजागर किया। इसके बाद जांच कमेटी की ओर से सौंपी गई रिपोर्ट को भी रिव्यू के लिए भेज दिया गया। हालांकि, अस्पताल प्रशासन और मेडिकल कॉलेज के पास उन मरीजों की लिस्ट है, जिन्हें ब्लेक लिस्टेड कंपनी के वाल्व लगाए गए। प्रशासन मामले को रफा-दफा करने की कवायद में जुटा है।

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