आज पुलिस विकास कोष की बैठक, सोशल मीडिया पर बनेगी रणनीति

राजस्थान पुलिस खर्च करेगी 50 लाख रुपए, अपराध नियंत्रण में ट्विटर, फेसबु व अन्य माध्यमों को खंगाला जा रहा, सोशल मीडिया पर हथियारों के साथ फोटो अपलोड करने वालों के खिलाफ पुलिस चला चुकी है अभियान

By: Abrar Ahmad

Updated: 03 Dec 2019, 12:50 AM IST

जयपुर।

राजस्थान के पुलिस महानिदेशक डॉ भूपेंद्र सिंह ने मंगलवार को पुलिस विकास कोष की बैठक बुलाई है। इस बैठक में राजस्थान में अपराध नियंत्रण के लिए सोशल मीडिया के जरिए रणनीति बनाने पर विचार किया जाना है। इसस पहले राजस्थान पुलिस सोशल मीडिया में हथियारों के साथ फोटो अपलोड करने वालों के खिलाफ अभियान चला चुकी है।

लेंगे विशेषज्ञों की सेवाएं
दरअसल पुलिस सोशल मीडिया के माध्यम में सकारात्मक संदेश लोगों तक पहुंचाने के लिए विशेषज्ञों की सेवाएं लेगी। इसके लिए 24 लाख रुपए खर्च किए जाएंगे। यह सब सॉफ्टवेयर फॉर सोशल मीडिया मैनेजमेंट के माध्यम से किया जाएगा। इसी तरह सीसीटीएनएस (क्राइम एंड क्रिमिनल ट्रेकिंग एण्ड नेटवर्क सिस्टम), अभय कमांड सेंटर व अन्य माध्यमों के बेहतर उपयोग के लिए डाटा लेक तैयार किया जाएगा। इस कार्य में भी 24 लाख से अधिक का बजट खर्च किया जाएगा। पुलिस मुख्यालय, रेंज व जिला स्तर पर सोशल मीडिया के माध्यम से लोगों से जुड़ी हुई है। पुलिस फेसबुक, ट्विटर, इंस्टाग्राम, यूट्यूब व अन्य डिजिटल प्लेटफॉर्म पर सक्रिय है। इसके बेहतर उपयोग के लिए मुख्यालय स्तर पर सॉफ्टवेयर फॉर सोशल मीडिया मैनेजमेंट फॉर राजस्थान पुलिस शुरू किया गया था।

धरपकड़ में किया जाएगा उपयोग
सोशल मीडिया के इस तरह के उपयोग के साथ अब पुलिस अपराधियों की धरपकड़ व अपराध नियंत्रण पर भी इसका बेहतर उपयोग करेगी। स्टेट क्राइम रिकॉर्ड ब्यूरो टेक्निकल एक्सपर्ट की सेवाएं लेगी। एक्सपर्ट एनालिटिक्स और डेटा लेक का निर्माण करेंगे। डेटा लेक के माध्यम से सेंट्रलाइज सेंटर बनाया जाएगा। डाटा लेक में राजस्थान पुलिस के सीसीटीएनएस, सीसीए, कमांड कंट्रोल सेंटर, पुलिस पोर्टल के साथ अन्य विभागों से प्राप्त डाटा, मोबाइल उपभोक्ता डाटा, वाहन डाटा एकत्र किए जाएंगे। विशेषज्ञों की टीम डेटा लेक बनाने और उसके विश्लेषण का काम करेगी।

Abrar Ahmad Desk
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