यहां तो हो जाएगा कोरोना! आईसोलेशन वार्ड में चमगादड़ों का डेरा

- प्रशासन, चिकित्सा विभाग के अधिकारी नहीं दे रहे है ध्यान

By: Deepak Vyas

Updated: 28 Mar 2020, 06:16 PM IST

पोकरण. चीन के वुहान शहर से शुरू हुआ कोरोना वायरस दुनियाभर में अपने पांव पसार चुका है। भारत में भी प्रतिदिन संक्रमित लोगों का आंकड़ा बढ़ता जा रहा है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी व राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत भी कोरोना वायरस को लेकर चिंतित नजर आ रहे है। दूसरी तरफ पोकरण में ऐसा आईसोलेशन वार्ड बनाया गया है, जहां चमगादड़ों का डेरा लगा हुआ है। यही नहीं यहां अपनी ड्यूटी पर तैनात अधिकारी ने स्वयं कबूल किया गया कि उसकी ओर से 400 चमगादड़ों को मारकर जलाया गया है, लेकिन अभी भी प्रतिदिन नए चमगादड़ यहां आ रहे है। इन चमगादड़ों के कारण यहां दुर्गंध से बेहाल हो रहा है। ऐसे आईसोलेशन वार्ड में यदि किसी व्यक्ति को रखा जाता है, तो ठीक होने की बजाय वह और अधिक बीमार हो जाएगा। बावजूद इसके प्रशासन, चिकित्सा विभाग व अन्य अधिकारियों की निगाहे आईसोलेशन वार्ड की तरफ नहीं गई है, जो चिंता का विषय बना हुआ है।
पोकरण से चार किमी दूर स्थापित किया गया है आईसोलेशन वार्ड
पंचायत समिति सांकड़ा मुख्यालय पोकरण की ओर से रामदेवरा जाने वाले मार्ग पर गोमट गांव के पास जमीन आरक्षित कर एक भवन का वर्षों पूर्व निर्माण करवाया गया था। इस भवन का उपयोग ***** माह के दौरान लगने वाले बाबा रामदेव के अंतरप्रांतीय मेले के दौरान श्रद्धालुओं के लिए विश्राम के लिए लिया जाता था। गत एक सप्ताह से चल रहे लॉक डाउन के दौरान पंचायत समिति की ओर से इसे आईसोलेशन वार्ड के रूप में विकसित किया गया है, ताकि संदिग्ध मरीज को यहां रखा जा सके।
चमगादड़ों की भरमार
राजस्थान पत्रिका की टीम शुक्रवार को जब आईसोलेशन वार्ड में पहुंची, तो यहां सफाई की उचित व्यवस्था नजर नहीं आई। जब बाथरूम में जाकर देखा, तो उसमें एक चमगादड़ मिली। दूसरे कमरे में घुसते ही एक चमगादड़ इधर उधर उड़ती देखी गई। जब इस कमरे के बाथरूम में देखा, तो छत पर चमगादड़ों का डेरा देख हैरानी हुई। यही नहीं इस कमरे में इतनी दुर्गंध थी कि यहां खड़े रह पाना भी मुश्किल हो रहा था।
जलाने के बाद पास ही दफना दिया
कनिष्ठ तकनीकी सहायक सिंघल ने बताया कि उन्होंने 400 चमगादड़ों को जलाया। इसके बाद उनकी ओर से भवन के पास मात्र दीवार से एक फीट की दूरी पर ही उन्हें दफना दिया। ऐसे में यदि संक्रमण फैलता है, तो यहां आईसोलेटेड हुआ व्यक्ति ठीक होने की बजाय और अधिक बीमार हो जाएगा।
पूरी दुनिया सकते है, यहां नहीं कोई फिक्र
चीन के वुहान शहर से कोरोना वायरस ऐसे चमगादड़, चूहों जैसे पशु पक्षियों के संक्रमण के कारण फैला है। यह कोरोना वायरस पूरी दुनिया में अपने पांव पसारता जा रहा है। भारत में भी दस्तक हो चुकी है और प्रतिदिन नए मरीज सामने आते जा रहे है। ऐसे में राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री, मुख्यमंत्री सहित आला अधिकारियों के साथ हर कोई कोरोना वायरस को लेकर सकते में है और हरसंभव प्रयास कर लोगों को बचाने की जुगत कर रहे है। जबकि दूसरी तरफ पोकरण में पंचायत समिति सांकड़ा की ओर से स्थापित इस आईसोलेशन वार्ड की हकीकत के बाद अंदाजा लगाया जा सकता है कि यहां के अधिकारी कितने गंभीर है और उन्हें अन्य लोगों के स्वास्थ्य की कितनी फिक्र है।
नहीं उठाते फोन
इस संबंध में जब जिला कलक्टर नमित मेहता से बातचीत करने का प्रयास किया, तो उन्होंने फोन तक रिसीव नहीं किया। कोरोना वायरस संक्रमण के चलते देशभर में लॉक डाउन की स्थिति है। धारा 144 लगाने के साथ सभी अधिकारियों व कर्मचारियों को पूरी तरह से सजग रहने के लिए निर्देशित किया गया है। दूसरी तरफ जिले के सबसे बड़े अधिकारी, जिनकी पूरी जिम्मेवारी है, वे स्वयं ही तीन बार फोन करने के बाद भी रिसीव नहीं कर पाए। ऐसे में अधिकारियों की लापरवाही भी साफ नजर आ रही है।

Deepak Vyas Bureau Incharge
और पढ़े

राजस्थान पत्रिका लाइव टीवी

हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned