इतना बड़ा शहर और सरकारी अस्पताल में नहीं होते ऑपरेशन

Jitesh kumar Rawal

Updated: 14 Jun 2019, 01:38:44 PM (IST)

Jalore, Jalore, Rajasthan, India

मरीज जाते हैं निजी में, अस्पताल से जटिल प्रसव केस करते हैं सीधे रैफर, चिकित्सालय में सर्जन व स्त्री रोग विशेषज्ञ के रिक्त पद, कई सालों से यहीं स्थिति पर चिकित्सा महकमा नहीें दे रहा ध्यान

भीनमाल. राजकीय चिकित्सालय में सर्जन व स्त्री रोग विशेषज्ञ के रिक्त पद लोगों की परेशानी बढ़ा रहे है। क्षेत्र का बड़ा चिकित्सालय होने के बाद भी यहां पर पिछले आठ साल से सर्जन का पद रिक्त है। इसके अलावा स्त्री रोग विशेषज्ञ का पद भी एक साल से रिक्त है। इससे चिकित्सालय में प्रसव भी घट गए हैं। पूर्व में यहां हर माह करीब 250-275 प्रसव होते थे, लेकिन अब महज 150 प्रसव ही होते हैं। जटिल प्रसव होने पर चिकित्सालय प्रशासन के पास रैफर के अलावा कोई सहारा नहीं है। लोगों को मजबूरी निजी चिकित्सालयों में जाना पड़ता है।
खासकर कमजोर व गरीब तबके के लोगों के लिए निजी चिकित्सालय का महंगा इलाज करवाना आर्थिक परेशानी खड़ी करता है। चिकित्सालय के प्रसूति कक्ष में आधुनिक सुविधाएं तो उपलब्ध है, लेकिन विशेषज्ञ नहीं होने से लोगों को इसका पूरा फायदा नहीं मिल पाता है। लोगों का कहना है कि जटिल प्रसव होने पर चिकित्सालय से रैफर कर देते हैं। चिकित्सालय में प्रसूता के लिए सोनोग्राफी, नवजात बच्चों के लिए वार्ड भी उपलब्ध है। चिकित्सालय में परामर्श के लिए पहुंचने वाले मरीजों की संख्या भी कम हो गई है। पूर्व में यहां पर रोजाना 500 के करीब मरीज परामर्श के लिए पहुंचते थे, लेकिन अब 400 के करीब ही मरीज परामर्श के लिए पहुंचते हैं।


पूर्व में थे दो स्त्री रोग विशेषज्ञ
चिकित्सालय में दो साल पूर्व दो स्त्री रोग विशेषज्ञ कार्यरत थे। ऐसे में चिकित्सालय में सभी तरह के प्रसव व स्त्री रोग सम्बन्धित ऑपरेशन भी होते थे। डेढ़ साल पूर्व स्त्री रोग विशेषज्ञ डॉ. मुकेश गुप्ता का निधन हो गया तथा डॉ. पांचाराम देवासी छोड़कर चले गए। इसके बाद चिकित्सालय में स्त्रीरोग विशेषज्ञ का पद रिक्त हो गया। अब जटिल प्रसव की महिलाओं को आगे रैफर करने के अलावा कोई सहारा नहीं है।


नसबंदी के लिए लगता शिविर
शहर के राजकीय चिकित्सालय में सर्जन का पद रिक्त होने से चिकित्सालय में एक भी ऑपरेशन नहीं होता। यहां पूर्व में डॉ. प्रेमराज परमार सर्जन थे, लेकिन उनके जाने के बाद आठ साल से कोई नहीं आया। नसबंदी के ऑपरेशन के लिए भी शिविर लगता है।

चिकित्सालय में पद रिक्त है...
चिकित्सालय में सृजन व स्त्रीरोग विशेषज्ञ का पद रिक्त है। इससे जटिल प्रसव नहीं हो पाते। पूर्व में करीब 275 प्रसव होते थे, अब 150 के करीब प्रसव होते थे। नसबंदी ऑपरेशन के लिए शिविर लगता है। रिक्त पदों के लिए विभाग को लिखते ही हैं।
-डॉ. एमएम जांगिड़, प्रभारी, राजकीय चिकित्सालय, भीनमाल

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