पर्यटकों से गुलजार कश्मीर, बना सैलानियों की पहली पसंद

धरती की जन्नत कहे जाने वाला कश्मीर देसी-विदेशी पर्यटकों की पहली पसंद बन रहा है। बर्फ से लदे पर्यटन स्थलों में सैलानियों की भीड़ जुट रही है। वहीं, माता वैष्णो देवी भवन सहित जम्मू के प्रमुख धार्मिक स्थलों पर भी...

श्रीनगर. धरती की जन्नत कहे जाने वाला कश्मीर देसी-विदेशी पर्यटकों की पहली पसंद बन रहा है। बर्फ से लदे पर्यटन स्थलों में सैलानियों की भीड़ जुट रही है। वहीं, माता वैष्णो देवी भवन सहित जम्मू के प्रमुख धार्मिक स्थलों पर भी श्रद्धालुओं की कतार लग रही है। कश्मीर वादी भी सैलानियों से गुलजार है। यहां बर्फ से लदी जनजीवन पर्यटकों का उत्साह बढ़ा रहा है। कश्मीर पर्यटकों की पहली पसंद बन गया है। विश्व प्रसिद्ध पर्यटन स्थल गुलमर्ग में होटल भरे हुए हैं। विदेशी पर्यटक भी पहुंच रहे हैं। इधर, जम्मू के पर्यटन व धार्मिक स्थलों में भी पर्यटकों और श्रद्धालुओं की आमद बढ़ रही है। अगस्त के महीने में जब केंद्र सरकार ने अनुच्छेद 370 व 35 ए निष्प्रभावी करने से पूर्व एडवाइजरी जारी कर सभी पर्यटकों व अमरनाथ यात्रा पर गए श्रद्धालुओं को लौटने की सलाह दी तो एक महीने के लिए पर्यटक कश्मीर से नदारद रहे। लेकिन जम्मू-कश्मीर के केंद्र शासित प्रदेश बनते ही पर्यटकों के कदम एक बार फिर घाटी की तरफ मुडऩा शुरू हो गए हैं। खास बात यह है कि विदेशी पर्यटकों का कश्मीर के प्रति लगाव कायम है और कई देशों से पर्यटक लगातार कश्मीर पहुंच रहे हैं। पर्यटकों के कश्मीर की तरफ बढ़ते कदमों में हालांकि जम्मू-श्रीनगर राष्ट्रीय राजमार्ग बाधा जरूर बना हुआ है। दिसंबर महीने से लगातार खराब मौसम के कारण आए दिन हो भूस्खलन के कारण रास्ते बंद हंै। इस कारण पर्यटक चाह कर भी कश्मीर नहीं पहुंच पा रहे। नवंबर महीने में कश्मीर पहुंचे पर्यटकों के आंकड़ों पर अगर एक नजर डाली तो साफ है कि अगर दिसंबर में जम्मू-श्रीनगर राष्ट्रीय राजमार्ग पर यातायात सुचारू रहता तो सर्दियों के इस सीजन में कश्मीर घाटी का हर हिस्सा पर्यटकों से गुलजार रहता।

Nitin Bhal Desk
और पढ़े
हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned