दक्षिण कश्मीर के शोपियां में मुठभेड़ में दो आतंकवादी मारे गए, इस वजह से घाटी में हो रही है आतंकी गतिविधियों में बढ़ोतरी

दक्षिण कश्मीर के शोपियां में मुठभेड़ में दो आतंकवादी मारे गए, इस वजह से घाटी में हो रही है आतंकी गतिविधियों में बढ़ोतरी
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Prateek Saini | Publish: Jun, 03 2019 07:11:23 PM (IST) Jammu, Jammu, Jammu and Kashmir, India

ये दोनों आतंकी कुलगाम के निवासी बताए जाते हैं...

(जम्मू): राज्‍य के शोपियां जिले के मोलू चित्रगाम इलाके में आज तड़के सुरक्षा बलों और आतंकियों के बीच हुई मुठभेड़ में दो आतंकी मार गिराए गए। जम्मू—कश्मीर पुलिस ने बताया कि रात के समय शोपियां तुर्कवांगम रोड पर मूल चित्रग्राम में एक चौकी पर सुरक्षा बलों ने एक टवेरा वाहन को रोका था। पुलिस के मुताबिक, चेकपोस्‍ट पर निजी वाहन में सवार आतंकियों को रुकने के लिए कहा गया लेकिन वे नहीं रुके और सुरक्षा बलों पर फायरिंग की। इसके बाद सुरक्षा बलों की ओर से की गई जवाबी कार्रवाई में दो आतंकी मारे गए।

 

मुठभेड़ में मारे गए एक आतंकवादी की पहचान फिरदौस अहमद भट के रूप में हुई है और दूसरा सज्जाद अहमद है जो कि गाड़ी चला रहा था। ये दोनों आतंकी कुलगाम के निवासी बताए जाते हैं। इस घटना में एक आतंकी अंधेरे का फायदा उठाकर भागने में कामयाब हो गया। बता दें कि दक्षिण कश्मीर के जेनपोरा, शोपियां में सुरक्षाबलों ने शुक्रवार को मुठभेड़ में तीन आतंकियों को मार गिराया था।

 

मुठभेड़ के बाद इलाके में भड़की हिंसा में तीन लोग जख्मी हो गए थे। हालात पर काबू पाने के लिए प्रशासन से जेनपोरा समेत शोपियां के सभी संवेदनशील इलाकों में निषेधाज्ञा लागू करने के साथ ही इंटरनेट सेवाओं को भी बंद कर दिया था। आतंकियों के ठिकाने से भारी मात्रा में हथियार और गोला बारूद बरामद किया गया था।


बाबा बर्फानी की यात्रा में खलल डालने की योजना

गौरतलब है कि राज्‍य में पवित्र अमरनाथ यात्रा पहली जुलाई से शुरू हो रही है। इसके मद्देनजर सुरक्षाबल पूरी तरह से मुस्‍तैद हैं। आतंकी इस यात्रा में खलल न डाल पाएं इसके लिए सुरक्षा बलों का ऑपरेशन जारी है। सुरक्षाबलों ने कश्मीर घाटी में आतंकरोधी अभियान को जारी रखते हुए इस साल अब तक 101 आतंकियों को मार गिराया है। वर्ष 2018 में यह आंकड़ा 80 के करीब था। इस साल हर माह औसतन पांच आतंकी मारे गए हैं।

 

आधि‍कारिक सूत्रों के मुताबिक, पुलवामा हमले के बाद सुरक्षाबलों के लगातार बढ़ते दबाव से हताश जैश-ए-मोहम्मद घाटी के भीतर अपनी गतिविधियों को अंजाम देने के लिए जाकिर मूसा को अपना हथियार बनाने जा रहा था, लेकिन उसकी मौत से जैश का मंसूबा नाकाम हो गया। इस साल सुरक्षाबलों ने 25 विदेशी और 76 स्थानीय आतंकियों को मार गिराया है। इनमें लश्कर, जैश, हिज्ब, आइएसजेके व अंसार गजवात उल हिंद के आतंकी शामिल हैं। इस साल मारे गए आतंकियों में सबसे ज्यादा हिज्ब और जैश के हैं।

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