घाटी में 450 से अधिक आतंकी मौजूद, जान बचाने को पहाड़ों में छिपे: डीजीपी

घाटी में 450 से अधिक आतंकी मौजूद, जान बचाने को पहाड़ों में छिपे: डीजीपी
घाटी में 450 से अधिक आतंकी मौजूद, जान बचाने को पहाड़ों में छिपे: डीजीपी

Prateek Saini | Updated: 11 Sep 2019, 06:30:21 PM (IST) Jammu, Jammu, Jammu and Kashmir, India

Terrorists In Jammu Kashmir: डीजीपी दिलबाग सिंह ( Jammu Kashmir DGP Dilbag Singh ) ने घाटी में मौजूद आतंकियों को लेकर बड़ी जानकारी दी, जिसके अनुसार लश्कर-ए-तैयबा ( Lashkar-e-Taiba ), जैश-ए-मोहम्मद ( Jaish-e-Mohammed ) और हिजबुल ( Hizbul Mujahideen ) से जुड़े कई आतंकी...

(जम्मू): जम्मू-कश्मीर में आतंकियों के प्रति सुरक्षाबलों के सख्त़ रवैये ने आतंक की कमर तोड़ दी है। आतंकी रिहायशी इलाकों को छोड़कर जान बचाने के लिए पहाड़ों में शरण ले रहे हैं। सुरक्षाबल इनकी तलाश करने के लिए सर्च अभियान चलाने की तैयारी में है इसी के साथ अहम जानकारी सामने आई है...


लोगों ने पनाह देना किया बंद, पहाड़ों की ओर भागे...

जम्मू-कश्मीर के पुलिस महानिदेशक ( DGP ) दिलबाग सिंह ने बुधवार को बताया कि जम्मू-कश्मीर का विशेष दर्जा समाप्त किए जाने के बाद सुरक्षा बलों की ओर से बनाए गए दबाव के चलते ज्यादातर आतंकियों ने पहाड़ों पर सुरक्षित स्थानों पर पनाह ले ली है। अब इन दहशतगर्दों को घेरने के लिए सुरक्षा बलों की ओर से पहाड़ों पर घेराबंदी और तलाशी अभियान (कासो) चलाने की तैयारी है। त्राल में दो गुज्जरों की हत्या के बाद अब पहाड़ों पर आतंकियों को घेरने की योजना बनाई गई है। हकीकत पता चलने पर अब लोगों ने अपने घरों में इन्हें पनाह देना बंद कर दिया है। इस वजह से आतंकियों ने भागकर पहाड़ों पर सुरक्षित ठिकाना तलाश लिया है।

 

450 से अधिक आतंकियों की मौजूदगी

Terrorists In Jammu Kashmir

डीजीपी दिलबाग सिंह ने यह भी बताया कि घाटी में 230 पाकिस्तानी आतंकियों के साथ 450 से अधिक आतंकियों की मौजूदगी की सूचना है। उत्तरी कश्मीर में ज्यादातर पाकिस्तानी आतंकियों की मौजूदगी है। दक्षिणी कश्मीर में भी लश्कर-ए-तैयबा ( Lashkar-e-Taiba ) तथा जैश-ए-मोहम्मद की कमान पाकिस्तानी आतंकियों के हाथ है। हिजबुल से जुड़े आतंकी अधिक संख्या में दक्षिणी कश्मीर में सक्रिय हैं जिनमें ज्यादातर स्थानीय हैं।

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