मोबाइल टावर लगाने के नाम पर 39 लाख रुपए की ठगी करने वाले कोलकाता के गिरोह का पर्दाफाश

- तीन लोगों ने 25 हजार नकद, दो दर्जन एटीएम कार्ड सहित अन्य सामान जब्त
- मोबाइल टॉवर लगाने के नाम पर जांजगीर का एक व्यक्ति हुआ था ठगी का शिकार

By: Ashish Gupta

Published: 24 Feb 2021, 02:30 PM IST

जांजगीर-चांपा. छत्तीसगढ़ के जांजगीर निवासी व्यक्ति मोबाइल टावर लगाने के नाम से 39 लाख रुपए ठगी का शिकार हुआ था। जिसमें पुलिस ने गिरोह के तीन आरोपी को कोलकाता से गिरफ्तार कर लाई है। इनके कब्जे से 25 हजार रुपए नकद, अंतरराष्ट्रीय स्तर का एटीएम, पेन कार्ड, आधार कार्ड सहित कई सामान जब्त किया है। आरोपियों का कोलकाता में आलीशान बिल्डिंग में कार्यालय संचालित कर देश भर के लोगों को ठगी का शिकार बनाते थे।

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कोतवाली पुलिस के अनुसार जांजगीर निवासी शैलेष सिंह पिता रामआश्रय (31) ने रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि नवंबर 2020 से लगातार एयरटेल मोबाईल में टावर लगाने के नाम पर अलग-अलग मोबाईल से आरोपियों द्वारा संपर्क कर अलग-अलग एकाउंट नंबर देकार उनमें 39 लाख रुपए लेकर ठगी किया गया था। जिसकी रिपोर्ट पर 8 फरवरी को पुलिस ने अज्ञात आरोपियों के खिलाफ धारा 420,34 के तहत जुर्म दर्ज कर विवेचना मं लिया गया था।

ठगी की बड़ी घटना होने से एसपी पारूल माथुर ने इसके लिए तत्काल स्पेशल टीम गठित की थी। जिसमें एएसआई दिलीप सिंह, प्रआर राजकुमार चन्द्रा, जितेन्द्र सिंह परिहार, साइबर टीम के मनोज तिग्गा, सब्बीर खान, मनोज जाना के नेतृत्व में टीम आरोपियो की पता तलाश के लिए हेतु टीम कोलकाता रवाना की गई थी। टीम की मॉनिटरिंग अधिकारियों द्वारा की जा रही थी।

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टीम के द्वारा कोलकाता के अलग-अलग थाना क्षेत्र से सायबर सेल की मदद से 3 आरोपी को पकडऩे में कामयाब हो गई। पकड़े गए आरोपियों में देवाशीष मिस्त्री, राजा खान एवं विजय मजूमदार को कोलकाता से गिरफ्तार किया है। जिनके कब्जे से 3 नग मोबाईल एक दर्जन एटीमएम कार्ड, आधार कार्ड, पैन कार्ड तथा जिस पास बुक एकाउंट में रकम डलवाये थे उस पास बुक को तथा आरोपी देवाशीष मिस्त्री से नगदी 25 हजार रुपए जप्त किया गया। न्यायालय कोलकाता में आरोपियों को पेश कर ट्रांजिट रिमाण्ड लिया गया। इसके बाद थाना जांजगीर से रिमांड में भेजा गया।

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