पुलिया हो चुका है जर्जर, मरम्मत नहीं हुई तो घट सकती है बड़ी घटना

रहता है वाहनों का दबाव

By: Shiv Singh

Published: 18 Aug 2017, 02:37 PM IST

जांजगीर-चांपा. जिला मुख्यालय जांजगीर स्थित केन्द्रीय विद्यालय पहुंच मार्ग स्थित नहर पुलिया जर्जर हो चुका है और कभी भी ढह सकता है। ऐसे में समय रहते इसकी मरम्मत नहीं कराई गई तो बड़ा हादसा होने का अंदेशा है।
पेंड्री से केन्द्रीय विद्यालय व पॉलीटेकनिक कॉलेज पहुंच मार्ग में स्थित नहर पुलिया की हालत खस्ता हो चुकी है।

इस मार्ग में केन्द्रीय विद्यालय व पॉलीटेकनिक कॉलेज के निर्माण होने के बाद से यह मार्ग में लोगों की आवाजाही बढ़ गई है। इस मार्ग से रोजाना राहगीर आवागमन करते हैं। साथ ही इस पुलिया को पारकर बच्चों को स्कूल पहुंचाया जाता है। तो वहीं कलेक्टर ऑफिस, जिला पंचायत व जिला अस्पताल जाने के लिए भी इसी मार्ग से होकर जाते हैं, क्योंकि पेंड्री के आसपास के गांव के ग्रामीणों को इस मार्ग से सहुलियत होती है और शहर छूट जाता है। नहर गुजरने के दौरान ही इस पुलिया का निर्माण हुआ था, जिससे यह काफी पुरानी हो चुकी है। ग्रामीण अपना ट्रैक्टर खेत तक ले जाने के लिए इसी पुलिया का इस्तमाल करते हैं तो वहीं इसी से भारी वाहन भी गुजारा जाता है। इससे पुलिया जर्जर होकर ढहने की कगार पर पहुंच गया है। इसके निचले हिस्से से मिट्टी की पकड़ छुट रही है तो वहीं उपर की स्थिति भी कोई खास नहीं है अगल-बगल बनाए गए घेेरे भी जवाब देने लगे हैं। जिससे गांव के लोगों को कभी भी हादसा होने का डर सता रहा है। इसके चलते ग्रामीण पुलिया पार करने से कतराने लगे हैं तो वहीं जवाबदार विभाग को इसकी भनक तक नहीं लगी है। पुलिया की मरम्मत समय पर नहीं होने से कभी भी बड़ी दुर्घटना घट सकती है। इस संबंध में जल संसाधन विभाग के एसडीओ डी खुंटे का कहना है कि उन्हें इस संबंध में जानकारी नहीं है। जानकारी लेकर पुलिया की मरम्मत कराई जाएगी।

पुलिया से गुजरती है स्कूल वैन- केन्द्रीय विद्यालय में पढऩे वाले सैकड़ों बच्चों को रोजाना इसी पुलिया से स्कूल के वाहन में विद्यालय लाया और उनके घर ले जाया जाता है। इस पुलिया को बने लगभग तीन दशक हो गया है इसकी हालत खस्ता हो चुकी है। बावजूद इसके खस्ताहाल पुलिया से बच्चों से भरी वाहन को गुजारने जा रहा है, जिससे बच्चों की जान से खिलवाड़ हो रहा है।

जगह-जगह पड़ गई हैं दरारें- पुलिया काफी पुरानी हो चुकी है, जिससे इसमें जगह-जहगह दरारें पड़ गई हैं। तो वहीं इसके पिल्हर जर्जर होकर गिरने लगे हैं। साथ ही इसके रेलिंग भी टूटकर गिर रहे हैं। खेती को देखते हुए नहर में पानी भी चल रही है। ऐसे में पानी का बहाव कभी भी पुलिया को गिरा सकता है।

Shiv Singh Desk
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