चुनाव प्रक्रिया की स्पेशल ट्रेनिंग में बताया - अगर वोटर का नाम मतदाता सूची में नहीं है तो क्या होगा?

चुनाव प्रक्रिया की स्पेशल ट्रेनिंग में बताया - अगर वोटर का नाम मतदाता सूची में नहीं है तो क्या होगा?

Neeraj Patel | Updated: 22 Apr 2019, 07:35:31 PM (IST) Lucknow, Lucknow, Uttar Pradesh, India

वोटर का नाम यदि मतदाता सूची में नहीं है तो वह अपने मताधिकार का प्रयोग नहीं कर सकेगा

झांसी. मास्टर ट्रेनर (सामान्य) जिला विद्यालय निरीक्षक डा. नीरज कुमार पाण्डेय ने निर्वाचन प्रक्रिया से जुड़े अधिकारियों को ट्रेनिंग दी। इस दौरान उन्होंने कहा कि पीठासीन अधिकारी पोलिंग पार्टी के लीडर हैं। आपका दायित्व है कि मतदान सुचिता, पारदर्शिता और शान्ति से सम्पन्न हो। टीम भावना से कार्य किया जाये ताकि कोई भी अड़चन न आने पाये। वोटर का नाम यदि मतदाता सूची में नहीं है तो वह अपने मताधिकार का प्रयोग नहीं कर सकेगा, यह सभी सुनिश्चित कर लें। पीठासीन अधिकारी मतदेय स्थल पर रवाना होने से पूर्व चेकलिस्ट तैयार कर सभी तैयारी पूर्ण कर लें ताकि कोई महत्वपूर्ण चीज छूट न जाये। वह यहां महारानी लक्ष्मीबाई पैरामेडिकल ऑडोटोरियम में विधानसभा मऊरानीपुर के पीठासीन अधिकारी, मतदान अधिकारी प्रथम, द्वितीय व तृतीय के प्रशिक्षण सत्र में बोल रहे थे।

मतदान में न हो कोई गड़बड़ी

जिला विद्यालय निरीक्षक ने कहा कि प्रशिक्षण में जो भी जानकारी आपको दी जा रही है उसे गम्भीरता से आत्मसात करें और यदि कोई बात समझ न आये तो पुनः जानकारी प्राप्त करें ताकि मतदान के दिन गड़बड़ी न हो। उन्होंने कहा कि सभी कार्मिक प्रशिक्षण के बाद पोस्टल बैलेट या ई0डी0सी0 अवश्य प्राप्त कर लें और अपने मताधिकार का प्रयोग करें। उन्होंने कहा कि भारत निर्वाचन आयोग की मंशा है कि लोकसभा सामान्य निर्वाचन-2019 में कोई भी कार्मिक अपने मताधिकार से वंचित न हो। प्रशिक्षण के दौरान उन्होंने कहा कि यदि मतदेय स्थल पर मोक पोल नहीं किया जाता है तो भारत निर्वाचन आयोग द्वारा उक्त मतदेय स्थल पर मतदान निरस्त कर दिया जायेगा। अतः मतदान से पूर्व मोक पोल अनिवार्य है। उन्होंने कहा कि मोक पोल के बाद क्लियर बटन दबाना न भूलें और पोलिंग समाप्ति के बाद क्लोज बटन दबाना न भूलें। यह सभी अच्छी तरह समझ लें।

मत लेखा रजिस्टर सावधानी से बनाएं

प्रशिक्षण देते हुये मास्टर ट्रेनर श्री पाण्डेय ने कहा कि मतलेखा रजिस्टर सावधानीपूर्वक बनायें। उन्होंने कहा कि मतदाता रजिस्टर की संख्या मशीन के टोटल से मेल खानी चाहिये। यदि कोई अन्तर है तो मतलेखा में उसका स्पष्ट विवरण होना अनिवार्य है। उन्होंने सामान्य प्रशिक्षण के दौरान बताया कि यदि टेस्ट वोट फेल हो जाता है तो छह माह की सजा का प्रावधान व एक हजार रुपये का जुर्माना हो सकता है। वोटिंग कम्पार्टमेंट की फोटो नहीं ली जा सकेगी, मतदेय स्थल पर वोटर या पोलिंग एजेन्ट मोबाइल फोन नहीं ले जा सकेंगे। वोटिंग कम्पार्टमेंट ऐसी जगह बनाया जाये जहां से मतदान की गोपनीयता भंग न हो।

स्टूडेंट्स ने किया जागरूक

प्रशिक्षण कार्यक्रम में नवोदय विद्यालय बरुआसागर के छात्र-छात्राओं ने स्वीप के अन्तर्गत ‘‘छोटी छोटी बातों से गुस्से में न आना। लोकतंत्र का महापर्व है, बहस में न लग जाना। शान्ति ढंग से यारो मतदान तुम्हें है कराना‘‘ गीत के माध्यम से मतदान के प्रति जागरुक किया।

Show More
खबरें और लेख पढ़ने का आपका अनुभव बेहतर हो और आप तक आपकी पसंद का कंटेंट पहुंचे , यह सुनिश्चित करने के लिए हम अपनी वेबसाइट में कूकीज (Cookies) का इस्तेमाल करते हैं। हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति (Privacy Policy ) और कूकीज नीति (Cookies Policy ) से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned