गैंगस्टर लॉरेंस डेढ़ सौ पुलिस कर्मियों के घेरे में हुआ पेश, पुलिस छावनी बना कोर्ट परिसर

- रंगदारी के लिए मोबाइल व्यवसायी की हत्या का मामला

- आया नहीं गवाह वासुदेव का बेटा

jay kumar bhati

Updated: 14 Feb 2020, 10:11:04 PM (IST)

Jodhpur, Jodhpur, Rajasthan, India

जोधपुर. कुख्यात गैंगस्टर लॉरेंस और अन्य आरोपियों को कड़ी सुरक्षा के बीच शुक्रवार को अदालत में पेश किया गया। दो वर्ष पहले शहर के भीड़भाड़ और पॉश इलाके सरदारपुरा में मोबाइल शोरूम के मालिक वासुदेव इसरानी की गोली मारकर हत्या के बहुचर्चित मामले में अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायालय संख्या छह के न्यायाधीश तनसिंह चारण की अदालत में मामले के गवाह मृतक के पुत्र अनिल व एक अन्य हरदेव के नहीं पहुंचने के कारण सुनवाई १९ मार्च तक टाल दी गई।

आरोपी कैलाश मांजू, हरेंद्र तथा विष्णु को कोर्ट में पेश नहीं किया गया। लॉरेंस को कोर्ट में पेश करने से पहले अदालत परिसर पुलिस छावनी बन गया। लगभग डेढ़ सौ पुलिस कर्मियों के घेरे में दोपहर करीब २.२० बजे आरोपियों को अदालत में पेश किया गया। अदालत ने लॉरेंस समेत १२ आरोपियों की हाजरी दर्ज की।

50 मिनट तक रहे कोर्ट रूम में
पुलिस के हथियारबंद जवान अलग-अलग गाडिय़ों में 12 आरोपियों को हथकड़ी लगाकर अदालत लाए। सबसे अंत में लॉरेंस को पेश किया गया। इस दौरान कोर्ट परिसर में भारी भीड़ एकत्रित हो गई। आइपीएस राकेशकुमार, आरपीएस कमलसिंह सहित पुलिस के दर्जन भर आला अधिकारी भी तैनात थे।

यह है मामला
रंगदारी वसूल करने के लिए लॉरेंस के शूटर हरेंद्र ने 19 जून 2017 को सरदारपुरा सी रोड स्थित पदमराज डिपार्टमेंटल स्टोर नामक मोबाइल शोरूम में घुस कर अंधाधुंध गोलियां चलाई थीं। काउंटर पर बैठे शोरूम संचालक वासुदेव इसरानी को फायरिंग कर डराने का प्रयास किया गया। इसके बाद लॉरेंस गैंग ने व्हाट्सअप कॉल कर रंगदारी मांगी, लेकिन वासुदेव ने इनकार कर दिया था। बाइक पर पहुंचे लॉरेंस गैंग के तीन शूटर्स ने 17 सितम्बर 2017 की रात 10.45 बजे वासुदेव की गोली मारकर हत्या कर दी। पुलिस ने हत्या का मामला दर्ज कर एक दर्जन से अधिक आरोपियों को अलग-अलग जगहों से गिरफ्तार किया। इनके खिलाफ आइपीसी की धारा 302,120 बी, 302(34) तथा आर्म एक्ट की धारा 3(25) के तहत आरोप पत्र पेश किया जा चुका है।

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