जल जीवन मिशन ‘राइट टू वॉटर’ के समान - शेखावत

- लोकसभा में केंद्रीय जलशक्ति मंत्री का बयान

 

जोधपुर.
केंद्रीय जलशक्ति मंत्री गजेंद्रसिंह शेखावत ने गुरुवार को लोकसभा में कहा कि जल जीवन मिशन आम आदमी के लिए ‘जल की नियमित उपलब्धता के अधिकार’ के समान है। सन् 2024 तक देश के हर घर में नल के माध्यम से जल पहुंचाने की योजना पर सरकार काम कर रही है। दरअसल, मथुरा से भाजपा सांसद हेमामालिनी ने ‘राइट टू वॉटर’ को संविधान के मौलिक अधिकारों में शामिल किए जाने का मत रखा था।

लोकसभा के शीतकालीन सत्र में इसी वर्ष पारित डेम सेफ्टी बिल पर भी चर्चा हुई। शेखावत ने लोकसभा में बताया कि बांधों की सुरक्षा का प्रश्न चार दशक से देश के सामने खड़ा है। सर्वोच्च न्यायालय के अधीन बनी समितियां बांधों की सुरक्षा का जायजा लेने के लिए उनका मुआयना करने जा रही है।
डैम सेफ्टी बिल

डैम सेफ्टी बिल भारत में बांधों की सुरक्षा के लिए एकीकृत तंत्र का प्रावधान है। इस बिल को पारित कराने के लिए 2018 में भाजपा सरकार ने प्रयास किया गया था लेकिन ये बिल लोकसभा भंग हो जाने की वजह से पास नहीं हो पाया। बीते अगस्त में डैम सेफ्टी बिल-2019 लोकसभा में पेश हुआ और ध्वनिमत से पारित हुआ। बिल में प्रस्तावित प्रावधान देश के उन सभी बांधों पर लागू होंगे, जिनकी ऊंचाई 15 मीटर से अधिक है या 10-15 मीटर के बीच है।

Show More
Avinash Kewaliya
और पढ़े

राजस्थान पत्रिका लाइव टीवी

खबरें और लेख पढ़ने का आपका अनुभव बेहतर हो और आप तक आपकी पसंद का कंटेंट पहुंचे , यह सुनिश्चित करने के लिए हम अपनी वेबसाइट में कूकीज (Cookies) का इस्तेमाल करते हैं। हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति (Privacy Policy ) और कूकीज नीति (Cookies Policy ) से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned