scriptSesame seeds and sweetness in hearts dissolved in Jodhpur, the city of | परम्पराओं के शहर जोधपुर में घुली तिलों और दिलों में मिठास | Patrika News

परम्पराओं के शहर जोधपुर में घुली तिलों और दिलों में मिठास


साल के प्रथम त्योहार पर खूब हुए दान-पुण्य, मंदिरों में धार्मिक अनुष्ठान

जोधपुर

Published: January 14, 2022 11:40:40 pm

जोधपुर. सूर्य उपासना के साथ पारम्परिक स्नेह और मधुरता का पर्व मकर संक्रांति शुक्रवार को सूर्यनगरी जोधपुर में हर्षोल्लास से मनाया गया। सूर्य के दोपहर 2.28 बजे धनु से मकर राशि में प्रवेश के साथ ही आरंभ हुआ पुण्यकाल का दौर शाम तक जारी रहा। श्रद्धालुओं ने मंदिरों के बाहर तिल व तेल से निर्मित वस्तुएं और वस्त्रादि का दान किया। मकर संक्रांति पर घरों, धार्मिक स्थलों में जप, तप, यज्ञ, पूजन, हवन के आयोजन हुए। सामाजिक-धार्मिक संस्थाओं की ओर से कई जगह जरूरतमंदों को ऊनी वस्त्र व कम्बल बांटे गए।
परम्पराओं के शहर जोधपुर में घुली तिलों और दिलों में मिठास
परम्पराओं के शहर जोधपुर में घुली तिलों और दिलों में मिठास
मांगलिक कार्यों का शुभारंभ
सूर्य के मकर राशि में प्रवेश के साथ ही 'मळमासÓ समाप्त होने पर गृहप्रवेश, मुंडन संस्कार, यज्ञोपवीत, विवाह आदि शुभ एवं मांगलिक कार्यों का शुभारंभ हो गया।

तिल तिड़क्या... सी भिड़क्या
ऐसी मान्यता है कि मकर संक्रांति से सूर्य का तेज तिल तिल बढऩे से सर्दी का असर कम होने लगता है। सूर्य के उत्तरायण में आने के बाद दिन की अवधि बढऩी शुरू हो जाती है। सर्दी के डर की मानसिकता को दूर करने के लिए मकर संक्रांति के दिन मारवाड़ में तिल तिड़क्या... सी (सर्दी ) भिड़क्या जैसी कहावत प्रचलित है।
नवचेतना का संदेश देता है उत्तरायण
मकर संक्रांति को सूर्य उत्तरायण का होना शास्त्रों में बेहद शुभ और देवताओं का समय बताया गया है। ज्योतिष डा. अनीष व्यास ने बताया कि महाभारत काल में गंगा पुत्र भीष्म ने छह माह तक बाणों की शैय्या पर लेटकर सूर्य के उत्तरायण होने का इंतजार किया था और मकर संक्रांति के दिन अपने प्राण त्यागे थे। मकर संक्रांति का पर्व जीवन में बदलाव का पर्व है । संक्रांति पर्व जीवन में नवचेतना की ओर बढऩे का संदेश भी देता है।
परम्परा का हुआ निर्वहन
मकर संक्रांति को महिलाओं ने सामथ्र्यनुसार तेरह अलग-अलग तरह की वस्तुएं 'तेरूंडाÓ के रूप में अपनी परिचित व रिश्तेदार महिलाओं को भेंट किए। जोधपुर में विवाहित पुत्रियों को तिल से बने व्यंजन व घेवर-फीणी भेजने और सगाई हो चुकी युवतियों के उनके ससुराल पक्ष की ओर से तिल व गुड़ से बने व्यंजन भेजने की परम्परा निभाई गई। घरों में दाल के पकौड़े- गुळगुले और बाजरे का खीच बनाकर सेवन किया गया।
मकर विलक्कू पर दीप आराधना
रातानाडा स्थित अय्यप्पा मंदिर में शुक्रवार को मकर विलक्कू महोत्सव कोविड गाइड लाइन के साथ मनाया गया। शाम को दीपाराधना व अन्य मकर संक्रांति धार्मिक अनुष्ठानों के दौरान केरलवासियों ने भाग लिया। अय्यप्पा सेवा संघम के सचिव सतीश नायर ने बताया कि शाम को भजन संध्या कार्यक्रम से महोत्सव का समापन किया गया। प्रवासी दक्षिण भारतीयों की ओर से भी मकर संक्रांति पोंगल के रूप में धूमधाम से मनाया गया।

सबसे लोकप्रिय

शानदार खबरें

Newsletters

epatrikaGet the daily edition

Follow Us

epatrikaepatrikaepatrikaepatrikaepatrika

Download Partika Apps

epatrikaepatrika

Trending Stories

Cash Limit in Bank: बैंक में ज्यादा पैसा रखें या नहीं, जानिए क्या हो सकती है दिक्कततत्काल पैसों की जरुरत है? तो जानिए वो 25 बैंक जो दे रहे हैं सबसे सस्ता Personal LoanNew Maruti Alto का इंटीरियर होगा बेहद ख़ास, एडवांस फीचर्स और शानदार माइलेज के साथ होगी लॉन्चVIDEO: राजस्थान में 24 घंटे के भीतर बारिश का दौर शुरू, शनिवार को 16 जिलों में बारिश, 5 में ओलावृष्टिश्री गणेश से जुड़ा उपाय : जो बनाता है धन लाभ का योग! बस ये एक कार्य करेगा आपकी रुकावटें दूर और दिलाएगा सफलता!प्रदेश में कल से छाएगा घना कोहरा और शीतलहर-जारी हुआ येलो अलर्टइन 4 राशि की लड़कियां अपने पति की किस्मत जगाने वाली मानी जाती हैंToyoto Innova से लेकर Maruti Brezza तक, CNG अवतार में आ रही है ये 7 मशहूर गाड़ियां, जानिए कब होंगी लॉन्च

बड़ी खबरें

पीएम मोदी ने की जिला अधिकारियों से बात, बोले- आजादी के 75 साल बाद भी कई जिले रह गए पीछे, अब हो रहा अच्छा कामCoronavirus update: 24 घंटे में कोरोना के 3 लाख 37 हजार नए केस, 488 मौतेंUP Election 2022: पूर्वांचल के 12 हजार बूथों पर होगी निर्वाचन आयोग की पैनी नजर, किसी तरह की गड़बड़ी पलक झपकते होगी दूरCorona Vaccine: वैक्सीन के लिए नई गाइडलाइंस, कोरोना से ठीक होने के कितने महीने बाद लगेगा टीकाGood News: प्रियंका चोपड़ा और निक जोनस बने माता-पिता, एक्ट्रेस ने पोस्ट शेयर कर फैंस को बताया- बेबी आया है...जानलेवा लहर- 5 दिन की बच्ची समेत कई मौतें, नए केसों में एक दिन का सबसे बड़ा आंकड़ाआजादी के 75 साल बाद जो कहीं नहीं हुआ, वो इस राज्य ने कर दिखायापूर्व प्रधानमंत्री एच.डी. देवेगौड़ा कोरोना संक्रमित, जानिए कैसी है सेहत
Copyright © 2021 Patrika Group. All Rights Reserved.